Holi: रात 11:57 बजे से होलिका दहन, चार मार्च को खेली जाएगी होली; काशी के विद्वानों ने दी जानकारी
Holika Dahan 2026: वाराणसी में होलिका दहन को लेकर सारी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। यहां के विद्वानों ने अपने-अपने मतों के साथ दहन की टाइमिंग भी बता दी है। दूसरी तरफ, पुलिस प्रशासन के लोग सुरक्षा को लेकर भी अलर्ट मोड में है।
विस्तार
Varanasi News: देश में सोमवार की रात 11:57 बजे से होलिका दहन का मुहूर्त है। काशी के विद्वानों के मुताबिक चार मार्च को होली खेली जाएगी। संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. बिहारी लाल शर्मा ने बताया कि शास्त्रों के अनुसार पूर्णमासी में होलिका दहन की जाती है। प्रतिपदा में होली खेली जाती है। दो मार्च को भद्रा है लेकिन लोकाचार को ध्यान में रखते हुए रात 11:57 बजे से होलिका दहन जा सकती है।
बीएचयू में संस्कृत विद्या धर्म विज्ञान संकाय के ज्योतिष विभाग के प्रो. विनय पांडेय ने बताया कि इस साल पूर्णिमा की शुरूआत 2 मार्च की शाम 5:21 बजे से हो रही है। इसी दिन पूर्णिमा के साथ भद्रा लग रहा है। उसका मुख भाग रात्रि 2 बजकर कर 3 मिनट 45 सेकंड से रात 4 बजकर 3 मिनट 45 सेकंड तक रहेगा इसलिए दो मार्च को आधी रात में ही होलिका दहन कर लेना शास्त्र सम्मत होगा। तीन मार्च की रात पूर्णिमा नहीं मिल रही है इसलिए धर्मशास्त्रीय वचन से होलिका दहन करना ठीक नहीं है।होली चार मार्च को मनाई जाएगी।
तैयारी पूरी
श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास के पूर्व अध्यक्ष प्रो. नागेंद्र पांडेय ने बताया कि दो मार्च की रात 11:57 से रात 1:15 बजे तक भद्रा के पुच्छ काल में होलिका दहन का शुभ मुहूर्त है। इसी दिन शाम 5:18 बजे से भद्रा का मान्य है जो 12 घंटे तक रहता है। यह तीन मार्च की सुबह 4:56 बजे तक रहेगा। होली चार मार्च को खेली जा सकेगी।
