Varanasi News: जीएसटी उपायुक्त अंबिका सिंह जेल भेजी गईं, 50 हजार मांगी थी रिश्वत; रंगे हाथ गिरफ्तार
Varanasi News: वाराणसी में 50 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार जीएसटी (राज्य) सेक्टर-6 की उपायुक्त अंबिका सिंह को अदालत ने न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया। कंपनी की जीएसटी फाइल के निस्तारण के लिए रिश्वत मांगने की शिकायत पर विजिलेंस ने ट्रैप बिछाकर उन्हें गिरफ्तार किया था।
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Varanasi Crime: वाराणसी में 50 हजार रुपये रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार जीएसटी (राज्य) सेक्टर-6 की उपायुक्त अंबिका सिंह को बृहस्पतिवार को विशेष न्यायाधीश (भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम द्वितीय) पूनम पाठक की अदालत में पेश किया गया। सुनवाई के बाद अदालत ने उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेजने का आदेश दिया।
सतर्कता अधिष्ठान (विजिलेंस) की वाराणसी इकाई ने बुधवार शाम चेतगंज स्थित जीएसटी (राज्य) सेक्टर-6 कार्यालय के पास दादा रेस्टोरेंट के निकट कार्रवाई करते हुए अंबिका सिंह को शिकायतकर्ता से 50 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद उनके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।
मामले में बजरडीहा के लखरांव निवासी एवं ब्लैक स्मिथ इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक अजय कुमार मौर्य ने सतर्कता अधिष्ठान से शिकायत की थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि फरवरी 2023 के जीएसटी रिटर्न और राज्य जीएसटी आकलन से संबंधित कंपनी की फाइल के स्पष्टीकरण और निस्तारण के लिए उपायुक्त लगातार 50 हजार रुपये की रिश्वत की मांग कर रही थीं।
शिकायत मिलने के बाद सतर्कता अधिष्ठान ने मामले की प्रारंभिक जांच की, जिसमें आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए। इसके बाद अधिकारियों ने योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप बिछाया। शिकायतकर्ता को निर्धारित रकम के साथ भेजा गया और जैसे ही अंबिका सिंह ने रिश्वत की राशि स्वीकार की, विजिलेंस टीम ने उन्हें मौके पर ही रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ और आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी करने के बाद गुरुवार को उन्हें अदालत में पेश किया गया। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेजने का आदेश दिया। सतर्कता अधिष्ठान के अधिकारियों का कहना है कि मामले की विवेचना जारी है और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।