गौरेला के गोरखपुर रेलवे फाटक पर ओवरब्रिज या अंडरब्रिज निर्माण की मांग को लेकर स्थानीय लोगों का आक्रोश बढ़ रहा है। लगातार हो रही परेशानियों के बीच अब नागरिक संघर्ष मंच ने आंदोलन की चेतावनी दी है। मंच के पदाधिकारियों और क्षेत्रवासियों ने पेंड्रारोड रेलवे स्टेशन पहुंचकर स्टेशन मास्टर को ज्ञापन सौंपा है।
लोगों का कहना है कि गौरेला से गोरखपुर होते हुए मध्यप्रदेश स्थित इंदिरा गांधी ट्राइबल यूनिवर्सिटी, जिला जेल और करीब 20 गांवों के हजारों लोगों का प्रतिदिन इस मार्ग से आवागमन होता है। रेलवे फाटक बार-बार बंद होने से लंबा जाम लग जाता है। इससे विद्यार्थियों, कर्मचारियों, मरीजों और ग्रामीणों को हर दिन भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
ग्रामीणों ने बताया कि इस समस्या को लेकर पहले भी कई बार रेलवे जीएम, बिलासपुर डीआरएम, केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, मुख्यमंत्री और केंद्रीय रेल मंत्री को ज्ञापन सौंपा जा चुका है। लेकिन अब तक केवल आश्वासन ही मिला है। फाटक पर ओवरब्रिज या अंडरब्रिज निर्माण को लेकर कोई ठोस पहल नहीं हो सकी है। स्थानीय नागरिकों ने बताया कि स्कूल और कॉलेज जाने वाले बच्चों को रोजाना देर होती है। आपातकालीन स्थिति में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में भी दिक्कत होती है।
लगातार बढ़ते यातायात दबाव के चलते दुर्घटना की आशंका भी बनी रहती है। यह मार्ग हजारों लोगों के लिए दैनिक आवागमन का मुख्य साधन है। फाटक बंद होने से समय की बर्बादी होती है और आवश्यक सेवाओं में बाधा आती है। मरीजों को समय पर उपचार नहीं मिल पाता है।
नागरिक संघर्ष मंच ने चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि जल्द ही निर्माण कार्य को लेकर सकारात्मक कदम नहीं उठाए गए तो क्षेत्रवासी आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। ज्ञापन सौंपने के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण और मंच के सदस्य मौजूद रहे। अफसर खान, उपसरपंच गोरखपुर, और बृजलाल राठौर, नगरीय मंच, भी उपस्थित थे। यह समस्या लंबे समय से लंबित है और अब लोग ठोस कार्रवाई चाहते हैं।