Hindi News
›
Video
›
Madhya Pradesh
›
Sagar News: Tiger population to rise at Rani Durgavati Tiger Reserve as Kanha tiger released in Mohli Range
{"_id":"696f5f909df981b2d207e5cd","slug":"tiger-population-to-grow-in-rani-durgavati-tiger-reserve-new-guest-arrives-from-kanha-sagar-news-c-1-1-noi1338-3862132-2026-01-20","type":"video","status":"publish","title_hn":"Sagar News: रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व में बढ़ेगा बाघों का कुनबा, कान्हा से आए मेहमान को मोहली रेंज में छोड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sagar News: रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व में बढ़ेगा बाघों का कुनबा, कान्हा से आए मेहमान को मोहली रेंज में छोड़ा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सागर Published by: सागर ब्यूरो Updated Tue, 20 Jan 2026 06:13 PM IST
Link Copied
प्रदेश के सबसे बड़े संरक्षित क्षेत्र, रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व (नौरादेही) के लिए एक सुखद खबर है। रिजर्व में बाघों की संख्या बढ़ाने और उनकी आनुवंशिक विविधता को मजबूत करने के लिए कान्हा टाइगर रिजर्व से एक तीन वर्षीय बाघ को यहां शिफ्ट किया गया है। रविवार रात को वन विभाग की निगरानी में इस बाघ को मोहली रेंज में मुक्त कर दिया गया।
4 महीने की उम्र में बिछड़ा था मां से
इस नए मेहमान की कहानी किसी फिल्म से कम नहीं है। यह बाघ मूल रूप से पेंच टाइगर रिजर्व का है। अप्रैल 2023 में जब यह महज 4 महीने का शावक था, तब अपनी मां से बिछड़ गया था। वन विभाग ने इसे सुरक्षित बचाकर कान्हा टाइगर रिजर्व भेजा। वहां 'घोरेला बाड़े' में विशेषज्ञों की देखरेख में इसे शिकार करने और जंगल में जीवित रहने की कठिन ट्रेनिंग दी गई। अब शिकार में माहिर होने के बाद इसे स्वतंत्र जीवन जीने के लिए नौरादेही भेजा गया है।
टाइगर रिजर्व के डिप्टी डायरेक्टर डॉ. ए.ए. अंसारी के अनुसार बाघ को मोहली रेंज में छोड़ने के पीछे खास रणनीति है विस्थापन का लाभ। हाल ही में इस रेंज से 6 गांवों का विस्थापन हुआ है, जिससे वन्यजीवों के लिए एक बड़ा गलियारा खाली हो गया है। नए बाघ का पहले से मौजूद बाघों के साथ संघर्ष न हो, इसलिए उसे इस शांत और खाली इलाके में रखा गया है।
वन विशेषज्ञों का मानना है कि इस शिफ्टिंग से टाइगर रिजर्व के बाघों का जीन पूल समृद्ध होगा। नए बाघ के आने से बाघों की अगली पीढ़ी में इनब्रीडिंग (एक ही वंश में प्रजनन) की समस्या खत्म होगी। पैदा होने वाले शावक अधिक ताकतवर और बीमारियों से लड़ने में सक्षम होंगे। आनुवंशिक विविधता किसी भी स्वस्थ टाइगर रिजर्व के लिए रीढ़ की हड्डी मानी जाती है।
मध्य प्रदेश का सबसे बड़ा रिजर्व
रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व वर्तमान में प्रदेश का सबसे बड़ा टाइगर रिजर्व है। पेंच, कान्हा और पन्ना के बीच स्थित होने के कारण यह बाघों के आवागमन के लिए एक महत्वपूर्ण कॉरिडोर के रूप में विकसित हो रहा है। नए बाघ की आमद से इस क्षेत्र में पर्यटन और वन्यजीव संरक्षण को नई ऊंचाइयां मिलने की उम्मीद है।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।