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Gorakhpur News: प्लांट पर विरोध से शहर की कचरा व्यवस्था बिगड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
Updated Mon, 25 May 2026 02:36 AM IST
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- 300 से अधिक डोर टू डोर वाहन एक ही चक्कर लगा सके
- जगह-जगह खड़ी रहीं कचरे से भरी गाड़ियां, दुर्गंध से लोग परेशान
गोरखपुर। जंगल कौड़िया फोरलेन स्थित फ्रेश वेस्ट बायो ट्रॉमल प्लांट पर शनिवार को ग्रामीणों के विरोध के चलते रविवार को शहर की कचरा व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित रही। प्लांट पर कचरा गिराने से रोक दिए जाने के कारण डोर टू डोर कचरा इकट्ठा करने वाली करीब 300 गाड़ियां सिर्फ एक ही चक्कर लगा सकीं।
नगर निगम महानगर के करीब 1.93 लाख घरों से प्रतिदिन कचरा उठाने का दावा करता है। सामान्य दिनों में डोर टू डोर कलेक्शन वाली गाड़ियां तीन-तीन चक्कर लगाती हैं, लेकिन शनिवार से कचरा डंपिंग बंद होने के कारण गाड़ियां खाली नहीं हो सकीं। रविवार को भी चरगांवा और लालडिग्गी गारबेज ट्रांसफर स्टेशन पर कचरा उतारने की व्यवस्था नहीं बन सकी, जिससे कचरे से भरे वाहन जगह-जगह खड़े रहे।
मुंशी प्रेमचंद पार्क, बंसतपुर, लालडिग्गी, सुभाष चंद्र बोस नगर समेत कई स्थानों पर खड़ी कचरा गाड़ियों से उठ रही दुर्गंध से आसपास के लोग परेशान रहे। जमुआड़ और मोहम्मदपुर के ग्रामीणों ने राप्ती नदी के कैचमेंट एरिया में संचालित प्लांट का विरोध करते हुए कचरा गिराने आई गाड़ियों को रोक दिया। मौके पर पहुंचे अपर नगर आयुक्त प्रमोद कुमार ने ग्रामीणों से बातचीत की, लेकिन सहमति नहीं बन सकी। नगर निगम ने सोमवार से कचरा सुथनी में गरराने का निर्णय लिया है।
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गोरखपुर। जंगल कौड़िया फोरलेन स्थित फ्रेश वेस्ट बायो ट्रॉमल प्लांट पर शनिवार को ग्रामीणों के विरोध के चलते रविवार को शहर की कचरा व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित रही। प्लांट पर कचरा गिराने से रोक दिए जाने के कारण डोर टू डोर कचरा इकट्ठा करने वाली करीब 300 गाड़ियां सिर्फ एक ही चक्कर लगा सकीं।
नगर निगम महानगर के करीब 1.93 लाख घरों से प्रतिदिन कचरा उठाने का दावा करता है। सामान्य दिनों में डोर टू डोर कलेक्शन वाली गाड़ियां तीन-तीन चक्कर लगाती हैं, लेकिन शनिवार से कचरा डंपिंग बंद होने के कारण गाड़ियां खाली नहीं हो सकीं। रविवार को भी चरगांवा और लालडिग्गी गारबेज ट्रांसफर स्टेशन पर कचरा उतारने की व्यवस्था नहीं बन सकी, जिससे कचरे से भरे वाहन जगह-जगह खड़े रहे।
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मुंशी प्रेमचंद पार्क, बंसतपुर, लालडिग्गी, सुभाष चंद्र बोस नगर समेत कई स्थानों पर खड़ी कचरा गाड़ियों से उठ रही दुर्गंध से आसपास के लोग परेशान रहे। जमुआड़ और मोहम्मदपुर के ग्रामीणों ने राप्ती नदी के कैचमेंट एरिया में संचालित प्लांट का विरोध करते हुए कचरा गिराने आई गाड़ियों को रोक दिया। मौके पर पहुंचे अपर नगर आयुक्त प्रमोद कुमार ने ग्रामीणों से बातचीत की, लेकिन सहमति नहीं बन सकी। नगर निगम ने सोमवार से कचरा सुथनी में गरराने का निर्णय लिया है।