उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में 24 जुलाई को एक युवक की दिनदहाड़े हत्या कर दी गई थी। युवक का नाम अनीश कुमार चौधरी था। अनीश ने तीन महीने पहले एक ब्राह्मण लड़की से शादी की थी। यही उसकी मौत की वजह साबित हुई। अनीश की पत्नी दीप्ति मिश्र ने अपने ही घर वालों पर हत्या का आरोप लगाया। इस मामले में 17 लोगों पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया, जिसमें से आठ लोगों को जेल भेज दिया गया है और बाकी लोगों की तलाश की जा रही है।
मोहब्बत की सजा: ब्राह्मण लड़की से शादी करना पंचायत अधिकारी को पड़ा भारी, ऐसे हो गई थी दिनदहाड़े हत्या
अनीश और दीप्ति ने एक साथ पंडित दीन दयाल उपाध्याय विश्वविद्यालय गोरखपुर से पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की थी हालांकि दोनों के विषय अलग-अलग थे, अनीश प्राचीन इतिहास और दीप्ति ने समाजशास्त्र से एमए किया था। कैंपस में हुई मुलाकातों के बीच अनीश और दीप्ति का चयन ग्राम पंचायत अधिकारी पद पर हो गया। दीप्ति बताती हैं कि नौकरी लगने के बाद उनकी अनीश से पहली मुलाकात नौ फरवरी 2017 को गोरखपुर स्थित विकास भवन में हुई थी। एक ही पद पर चयनित होने के बाद विश्वविद्यालय कैंपस से शुरू हुआ मुलाकातों का सिलसिला बढ़ने लगा। साथ में प्रशिक्षण के दौरान दोनों और करीब आ गए।
जानकारी के मुताबिक, कौड़ीराम ब्लाक में दोनों की तैनाती एक साथ तीन साल पहले थी। इसी दौरान दोनों में प्रेम हो गया था और फिर साथ में शादी करने का फैसला कर लिए थे। दीप्ति मिश्रा के घरवालों ने इसका विरोध भी किया और जब दोनों पक्ष तैयार नहीं हो रहा था तब अनीश अपनी प्रेमिका (अब पत्नी) को लेकर फरार हो गए थे। पिता की तहरीर पर पुलिस ने अपहरण का केस भी दर्ज किया था, लेकिन दोनों ने एक साथ रहने की बात कहते हुए बालिग होते हुए कोर्ट मैरिज भी कर लिया था। इस वजह से बाद में लड़की के घरवाले भी तैयार हो गए थे और दोनों का धूमधाम से विवाह हुआ था।
मृतक के भाई पूर्व ग्राम प्रधान अनिल ने बताया कि मेरे भाई ने तीन महीने पहले प्रेम विवाह किया था। पत्नी भी सेक्रेटरी पद पर तैनात है। शादी से लड़की पक्ष के लोग नाराज थे हत्या उन्हीं लोगों के द्वारा किया गया है। वहीं पत्नी ने भी अपने मायके पक्ष पर हत्या का आरोप लगाया है।
दीप्ति मिश्रा और अनीश ने परिवार व समाज का विरोध कर एक दूसरे का साथ पाया था। अभी तीन महीने पहले ही दोनों साथ हो पाए थे और इतने में ही सुहाग उजड़ गया। पत्नी बेसुध है। उसे समझ नहीं आ रहा है कि अब वह क्या करे। जिसके सहारे उसने समाज से बगावत की थी उसकी लाश को देखते ही वह आपा खो दे रही थी। रिश्तेदार, घरवाले किसी तरह से समझा रहे थे। गोला में सेक्रेटरी अनीश चौधरी की हत्या के बाद बेसुध हुई पत्नी दीप्ति मिश्रा के गुस्से का पुलिस भी सामना नहीं कर पा रही थी। पत्नी ने बोला, मेरे पति को मत छूना, उन्हें वापस लाओ। फिर अगले ही पल उसने यह भी कहा कि आरोपियों को लेकर आए, मैं उन्हें अपने हाथों से सजा दूंगी।