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दिल में दर्द...आंखों में आंसू: हर कोई था राजू श्रीवास्तव के स्वभाव का दिवाना, बड़े-छोटे में नहीं करते थे मतभेद
अमर उजाला नेटवर्क, कानपुर
Published by: शाहरुख खान
Updated Thu, 22 Sep 2022 08:18 AM IST
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राजू श्रीवास्तव
राजू श्रीवास्तव के निधन की खबर सुनते ही उनके किदवईनगर स्थित आवास के बाहर प्रशंसकों की भीड़ उमड़ पड़ी। राजू के खोने का दर्द हर किसी के चेहरे पर साफ नजर आ रहा था। मोहल्ले वालों और प्रशंसकों की आंखों में आंसू छलक रहे थे। प्रशंसकों को उम्मीद थी कि राजू भइया के अंतिम दर्शन करने का मौका मिलेगा। हालांकि पीए गर्वित नारंग ने जैसे ही उन्हें बताया कि अंतिम संस्कार दिल्ली में होगा, इससे उन्हें गहरा आघात लगा। कुछ प्रशंसक शाम को ही दिल्ली के लिए रवाना हो गए।
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राजू श्रीवास्तव
- फोटो : सोशल मीडिया
बड़े-छोटे में नहीं करते थे मतभेद
राजू श्रीवास्तव जमीन से जुड़े व्यक्ति थे। उनकी बातचीत व स्वभाव ऐसा था कि हर कोई उनका दिवाना हो जाता था। उन्होंने कभी छोटे-बड़े में फर्क नहीं किया। राजू के पीए गर्वित नारंग ने बताया कि उनकी मुलाकात 2014 में लोकसभा चुनाव के दौरान हुई थी। उनके चुनाव में हम लोग साथ खड़े थे, तब से लगातार उनसे जुड़ा हूं।
राजू श्रीवास्तव जमीन से जुड़े व्यक्ति थे। उनकी बातचीत व स्वभाव ऐसा था कि हर कोई उनका दिवाना हो जाता था। उन्होंने कभी छोटे-बड़े में फर्क नहीं किया। राजू के पीए गर्वित नारंग ने बताया कि उनकी मुलाकात 2014 में लोकसभा चुनाव के दौरान हुई थी। उनके चुनाव में हम लोग साथ खड़े थे, तब से लगातार उनसे जुड़ा हूं।
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राजू श्रीवास्तव (फाइल फोटो)
- फोटो : amar ujala
2018 में अपना निजी सचिव बना लिया। जब भी बाहर जाते और जिस होटल में ठहरते, वहीं पर उन्हें भी रुकवाते थे। मुख्य सलाहकार अजीत सक्सेना ने बताया कि राजू भाई ने उन्हें हमेशा बराबरी का दर्जा दिया।
राजू श्रीवास्तव
- फोटो : ANI
ऐसे बॉस का मिलना सौभाग्य की बात है। उनके निधन से अब ऐसा लग रहा है कि जैसे सब खत्म हो गया। उनकी यादों को हम लोग कभी भुला नहीं सकते हैं।
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बच्चियों के साथ राजू श्रीवास्तव की फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
अनाथ बहनों के सिर पर था राजू का हाथ, फूट-फूटकर रोईं
गोविंदनगर डी ब्लॉक निवासी राजेश मिश्रा और उनकी पत्नी गीता का कोरोना से निधन हो गया था। उनकी दो बेटियां खुशी (11) व परी (7) अनाथ हो गईं थीं। इलाके के प्रेम कुमार पांडेय ने यह बात राजू श्रीवास्तव को बताई। प्रेम कुमार ने बताया कि अप्रैल में राजू ने दोनों बच्चों को मुंबई लाने को कहा। वहां पर उन्होंने बच्चों से बात की और नए कपड़े उपहार में दिए।
गोविंदनगर डी ब्लॉक निवासी राजेश मिश्रा और उनकी पत्नी गीता का कोरोना से निधन हो गया था। उनकी दो बेटियां खुशी (11) व परी (7) अनाथ हो गईं थीं। इलाके के प्रेम कुमार पांडेय ने यह बात राजू श्रीवास्तव को बताई। प्रेम कुमार ने बताया कि अप्रैल में राजू ने दोनों बच्चों को मुंबई लाने को कहा। वहां पर उन्होंने बच्चों से बात की और नए कपड़े उपहार में दिए।