फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

'वर्ल्ड एंटी टोबैको डे': गुटका पर 50 लाख और सिगरेट पर 40 लाख हर रोज खर्च करते बनारसी

Thu, 01 Jun 2017 10:41 AM IST
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी Updated Thu, 01 Jun 2017 10:41 AM IST
विज्ञापन
world anti tobacco day, no any action taken in varanasi
tobacco - फोटो : अमर उजाला
तंबाकू और सिगरेट के सेवन से मुंह के कैंसर के साथ ही टीबी की तीन गुना और हृदय की बीमारियां होने की दो आशंका दोगुनी बढ़ जाती है। मगर,इस बात से बनारस के लोग बेपरवाह हैं। जानकारों की मानें तो बनारसी हर रोज 50 लाख रुपये का गुटके पर खर्च करते हैं। इसके अलावा शहर में हर दिन करीब 40 लाख रुपये का सिगरेट बिक जाता है। बनारस में 68 प्रतिशत पुरुष और 22 प्रतिशत महिलाएं तंबाकू का सेवन कर रही हैं।  आगी की स्लाइड्स में जानें...
world anti tobacco day, no any action taken in varanasi
tobacco - फोटो : अमर उजाला
बनारस शहर में नशाखोरी खत्म करने के लिए चल रहा राष्ट्रीय तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम उदासीनता का शिकार है।   शासन ने स्कूल-कॉलेजों के 100 मीटर के दायरे में पान, गुटका-बीड़ी और सिगरेट की दूकान नहीं खोलने का आदेश दिया है लेकिन दूकानें धड़ल्ले से चल रही हैं। विश्व तंबाकू निषेध दिवस के परिप्रेक्ष्य में इस बात को समझने की जरूरत है कि लापरवाही से बच्चे भी व्यसनों की चपेट में आ रहे हैं। 
world anti tobacco day, no any action taken in varanasi
Tobacco kills
इसी साल जनवरी शासन के निर्देश के बाद डीएम ने सिटी मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता में जिले में तंबाकू निषेध अधिनियम का पालन कराने के लिए पांच टीमों का गठन किया गया था लेकिन टीमों ने कुछ नहीं किया। नतीजा, स्थिति जस की तस बनी है। अभी भी जिले के स्कूल-कॉलेजों के 100 मीटर की दुकानों पर गुटका, सिगरेट, गुल आदि की दुकानें चल रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
world anti tobacco day, no any action taken in varanasi
Tobacco kills
    दूसरी ओर एसीएम चतुर्थ त्रिभुवन कहते हैं कि तंबाकू नियंत्रण अधिनियम का पालन कराने के लिए बनी टीमों की ओर से समय-समय पर छापेमारी की जाती हैं। छापेमारी अभियान एक बार फिर तेज किया जाएगा। 
विज्ञापन
world anti tobacco day, no any action taken in varanasi
Tobacco kills
मंडलीय अस्पताल में संचालित तंबाकू नियंत्रण केंद्र और बीएचयू की ओपीडी के आंकड़ों के मुताबिक 14 से 40 साल तक के लोगों को तंबाकू की लत अधिक है। कार्यक्रम के जिला सलाहकार डॉ. सौरभ प्रताप सिंह ने बताया कि इसे छोड़ने के लिए परामर्श लेने वालों में 25 से 60 साल तक के लोग आ रहे हैं। डेढ़ साल में छह हजार लोगों ने नशा छोड़ने के लिए परामर्श लिया और 100 लोग छोड़ भी चुके हैं। 
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed