{"_id":"69646a7794c9f553cc03a58d","slug":"farmer-leader-met-the-executive-engineer-of-the-irrigation-department-demanding-re-testing-of-the-water-2026-01-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP: नहर में बह रहा गंदा पानी...किसान नेता ने उठाई फिर जांच की मांग, अधिशासी अभियंता से मिले","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP: नहर में बह रहा गंदा पानी...किसान नेता ने उठाई फिर जांच की मांग, अधिशासी अभियंता से मिले
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Mon, 12 Jan 2026 08:58 AM IST
विज्ञापन
सार
आगरा टर्मिनल नहर के पानी की दोबारा जांच की मांग को लेकर किसान नेता ने सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता से मुलाकात की।
नहर। सांकेतिक
विज्ञापन
विस्तार
किसान नेता मोहन सिंह चाहर ने शनिवार को सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता नीरज कुमार से मुलाकात की। किसान नेता ने आगरा टर्मिनल नहर में गिर रहे सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) के पानी की किसान प्रतिनिधि की मौजूदगी में दोबारा जांच कराने की मांग की है। गोपऊ रजवाहा से वेस्टर्न डिप्रेशन ड्रेन में सिंचाई के लिए पानी छोड़े जाने की भी मांग की गई।
मोहन सिंह चाहर ने बताया कि पहले गोपऊ रजवाहा से वेस्टर्न डिप्रेशन ड्रेन में पानी छोड़े जाने से डावली, सगुनापुर, कराहरा, गढ़सानी सहित कई गांवों के किसानों को सिंचाई की सुविधा मिलती थी। वर्तमान में पानी न छोड़े जाने से किसान परेशान हैं। आगरा टर्मिनल नहर में गिर रहे एसटीपी के पानी से खेती और जनस्वास्थ्य पर पड़ रहे दुष्प्रभावों की शिकायत की है। जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने 21 नवंबर को किसान दिवस में जांच टीम में किसान प्रतिनिधि को शामिल करने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद बिना किसान प्रतिनिधि के सैंपल लिए गए। इस दौरान केशवदेव शर्मा, महावीर प्रधान और भीष्म पाल सोलंकी आदि मौजूद रहे।
अधिशासी अभियंता सिंचाई विभाग नीरज कुमार सिंह ने बताया कि आगरा की नहरों में ओखला से पानी आता है जिसे उपलब्धता के अनुसार सभी नहरों में वितरित किया जाता है। वर्तमान में ऊपर से पानी कम आने के कारण वेस्टर्न डिप्रेशन ड्रेन में पानी छोड़ा जाना संभव नहीं है। आगरा टर्मिनल नहर में गिर रहे सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) के पानी की जांच के लिए लगभग एक सप्ताह पूर्व सिंचाई विभाग, जल निगम और नगर निगम की संयुक्त टीम ने सैंपल भरे थे। किसान प्रतिनिधि की मौजूदगी में दोबारा सैंपल भरने के लिए विभाग तैयार है।
Trending Videos
मोहन सिंह चाहर ने बताया कि पहले गोपऊ रजवाहा से वेस्टर्न डिप्रेशन ड्रेन में पानी छोड़े जाने से डावली, सगुनापुर, कराहरा, गढ़सानी सहित कई गांवों के किसानों को सिंचाई की सुविधा मिलती थी। वर्तमान में पानी न छोड़े जाने से किसान परेशान हैं। आगरा टर्मिनल नहर में गिर रहे एसटीपी के पानी से खेती और जनस्वास्थ्य पर पड़ रहे दुष्प्रभावों की शिकायत की है। जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने 21 नवंबर को किसान दिवस में जांच टीम में किसान प्रतिनिधि को शामिल करने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद बिना किसान प्रतिनिधि के सैंपल लिए गए। इस दौरान केशवदेव शर्मा, महावीर प्रधान और भीष्म पाल सोलंकी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
अधिशासी अभियंता सिंचाई विभाग नीरज कुमार सिंह ने बताया कि आगरा की नहरों में ओखला से पानी आता है जिसे उपलब्धता के अनुसार सभी नहरों में वितरित किया जाता है। वर्तमान में ऊपर से पानी कम आने के कारण वेस्टर्न डिप्रेशन ड्रेन में पानी छोड़ा जाना संभव नहीं है। आगरा टर्मिनल नहर में गिर रहे सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) के पानी की जांच के लिए लगभग एक सप्ताह पूर्व सिंचाई विभाग, जल निगम और नगर निगम की संयुक्त टीम ने सैंपल भरे थे। किसान प्रतिनिधि की मौजूदगी में दोबारा सैंपल भरने के लिए विभाग तैयार है।