फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   FIR registered over alleged swindling of 17 lakh from former MP son

Agra: पूर्व सांसद के बेटे से 17 लाख हड़पने का आरोप, रुपये मांगने पर पिता के दोस्त ने दी धमकी; प्राथमिकी दर्ज

Thu, 06 Aug 2026 10:28 PM IST
Arun Parashar संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा Published by: Arun Parashar Updated Thu, 06 Aug 2026 10:28 PM IST
सार

ऑनलाइन रकम सुरेशचंद्र के बेटे पुष्पेंद्र यादव की फर्म कर काव्या फ्रेट करियर के खाते में गई थी।आरोप है कि यह रकम सुरेश चंद्र यादव के पुत्र की फर्म खाते में इस आश्वासन के साथ ट्रांसफर कराई कि छह माह में लौटा देंगे। गारंटी के तौर पर उन्होंने अपने पुत्र और पुत्रवधू आरती के चेक भी दिए थे। इसके बाद रकम वापस नहीं की। 

विज्ञापन
FIR registered over alleged swindling of 17 lakh from former MP son
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

भारतीय जनता पार्टी के पूर्व राज्यसभा सांसद हरद्वार दुबे के बेटे और भाजपा नेता प्रांशु दुबे के साथ उनके पिता के दोस्त ने ही धोखाधड़ी कर दी। आरोप है कि बैंक का लोन चुकाने के नाम पर 27 लाख रुपये उधार लेने के बाद वापस नहीं किए। काफी प्रयास के बाद 10 लाख रुपये लौटा दिए। बकाया 17 लाख रुपये मांगे जाने पर मारपीट की और धमकाया। पुलिस प्रकरण की जांच कर रही है।
विज्ञापन


अजंता एन्क्लेव, धौलपुर हाउस निवासी प्रांशु दुबे ने बताया कि वह दुबे गैस एजेंसी के प्रोपराइटर हैं। पिता दिवंगत हरद्वार दुबे द्वितीय पार्टनर थे। उनके मित्र सुरेश चंद्र ट्रांस यमुना कॉलोनी में रहते हैं। वह सरकारी खाद्य बीज भंडार में कार्यरत थे। वह 2022 में पिता के पास आए। कहा कि उनका एक लोन ग्रामीण बैंक में चल रहा है। परिवार में अनबन चलने के कारण लोन नहीं चुका पा रहे हैं। उन्होंने मदद मांगते हुए रकम देने के लिए कहा।
विज्ञापन


 

प्रांशु ने बताया कि पिता के कहने पर परिचित सुरेश चंद्र यादव को आईडीबीआई बैंक के ओडी खाते से दो किश्तों में 19 लाख रुपये और 8 लाख रुपये नकद दिए। ऑनलाइन रकम सुरेशचंद्र के बेटे पुष्पेंद्र यादव की फर्म कर काव्या फ्रेट करियर के खाते में गई थी।आरोप है कि यह रकम सुरेश चंद्र यादव के पुत्र की फर्म खाते में इस आश्वासन के साथ ट्रांसफर कराई कि छह माह में लौटा देंगे। गारंटी के तौर पर उन्होंने अपने पुत्र और पुत्रवधू आरती के चेक भी दिए थे।

पीड़ित का कहना है कि तय समय पर पूरी रकम वापस नहीं मिली। अब तक केवल 10 लाख रुपये ही लौटाए गए हैं, जबकि करीब 17 लाख रुपये अभी भी बकाया हैं। आरोप है कि बार-बार तकादा करने पर आरोपी टालमटोल करते रहे और फोन उठाना भी बंद कर दिया। तगादा करने घर गए तो उनके साथ अभद्रता करते हुए गाली-गलौज की। विरोध करने पर गला दबाकर हत्या का प्रयास करने का भी आरोप लगाया है। पीड़ित की तहरीर के आधार पर थाना रकाबगंज पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास का कहना है कि उपलब्ध साक्ष्यों और दस्तावेजों के आधार पर मामले की जांच कर अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed