Flood Alert: 48 घंटे में छोड़ा गया 7.40 लाख क्यूसेक पानी, तटवर्ती गांवों में बाढ़ का खतरा; पलायन की चिंता
Azamgarh News: आजमगढ़ में घाघरा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने से तटवर्ती गांवों पर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। पहाड़ों पर मूसलाधार बारिश के कारण नदी में 48 घंटे के भीतर 7.40 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। जलस्तर बढ़ने से कटान फिलहाल थमी है, लेकिन गांवों तक पहुंचने वाले रास्तों के जलमग्न होने की आशंका बढ़ गई है।
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UP Flood Alert: पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही मूसलाधार बारिश के कारण घाघरा नदी में लगातार पानी छोड़े जाने से सगड़ी तहसील के तटवर्ती गांवों में बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। बीते 48 घंटे में करीब 7.40 लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने से नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। जलस्तर बढ़ने के साथ कटान पर कुछ हद तक रोक लगने की उम्मीद है, लेकिन बाढ़ का पानी बढ़ने पर तटवर्ती गांवों के रास्ते अवरुद्ध होने की आशंका है।
घाघरा के बढ़ते जलस्तर से सहवदिया, महुला, चक्की, देवारा खास राजा के 28 मजरे, साहडीह, सोनौरा, बांका, बुढ़नपट्टी और अजगरा समेत एक दर्जन से अधिक गांवों के प्रभावित होने की आशंका है।
ग्रामीणों में नदी का पानी गांवों और संपर्क मार्गों की ओर बढ़ने को लेकर चिंता बढ़ गई है। वहीं, सगड़ी तहसील क्षेत्र में जलस्तर के घटने-बढ़ने के साथ कटान भी तेज हो गई है। पिछले तीन-चार दिनों में करीब 14 बीघा जमीन घाघरा में समा चुकी है।
सहवदिया, बरामदपुर, चक्की और देवारा खास राजा गांव के सामने कटान जारी है। सहवदिया गांव में गया सिंह पटेल के खेत के पूरब से करीब एक किलोमीटर दूर बरामदपुर गांव के सामने तक कटान शुरू हो गई है।
इससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। सहवदिया गांव के पुल्लू पटेल, रुदल, चंद्रिका, हरिलाल तथा बरामदपुर टेकनपुर के मुनीब, अच्छेलाल, रामहंश, सतिराम, जयद्रथ, जय सिंह, दिनेश पटेल, कैलाश और जय बहादुर समेत कई किसानों की जमीन कटान की चपेट में आ रही है।
सिंचाई विभाग ने कटान रोकने के लिए बंबू क्रेट, गैरेबियान और परकूपाइन लगाए थे, लेकिन तेज कटान के कारण ये भी कारगर साबित नहीं हुए। सहवदिया के सामने लगाए गए कई सुरक्षा उपकरण नदी में समा गए।
सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता वीरेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि ऊपर से पानी छोड़ा गया है। एक-दो दिन में जलस्तर और बढ़ने की संभावना है। जलस्तर बढ़ने पर कटान पर नियंत्रण आने की उम्मीद है। वहीं, उप जिलाधिकारी सगड़ी संजीव कुमार राय ने बताया कि कटान स्थल पर राजस्व कर्मी को भेजकर स्थिति का जायजा कराया जाएगा। इसकी रिपोर्ट जिलाधिकारी को भी दी जाएगी।
डिघिया पर 15 सेमी ऊपर, बदरहुआ नाले पर खतरे के निशान से 45 सेमी नीचे नदी
बदरहुआ नाले पर रविवार शाम चार बजे जलस्तर 71.16 मीटर था, जो सोमवार को सात सेमी बढ़कर 71.23 मीटर पहुंच गया। यहां खतरा बिंदु 71.68 मीटर है। वहीं, डिघिया नाले पर जलस्तर 70.47 मीटर से बढ़कर 70.55 मीटर हो गया। यहां खतरा बिंदु 70.40 मीटर है। इस तरह डिघिया नाला खतरे के निशान से 15 सेंटीमीटर ऊपर बह रहा है।