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Balrampur News: कार की टक्कर से आठ वर्षीय मासूम की मौत
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
Updated Fri, 10 Apr 2026 11:33 PM IST
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फोटो-26- उतरौला–गोंडा मुख्य मार्ग स्थित राजेंद्रगंज के पास घटनास्थल पर जुटे लोग। संवाद
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श्रीदत्तगंज। उतरौला–गोंडा मुख्य मार्ग पर शुक्रवार दोपहर तेज रफ्तार अज्ञात कार की टक्कर से आठ वर्षीय मासूम की दर्दनाक मौत हो गई। हादसे के बाद गांव में शोक की लहर दौड़ गई और पीड़ित परिवार में कोहराम मच गया।
ग्राम गुमड़ी निवासी विजय कुमार राजभर ठेला लगाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। शुक्रवार करीब एक बजे वह अपने आठ वर्षीय पुत्र अभिषेक के साथ बाजार से घर लौट रहे थे। जैसे ही वह राजेंद्रगंज के पास मुख्य मार्ग पर पहुंचे, तभी गोंडा की ओर से तेज रफ्तार में आ रही कार ने मासूम को टक्कर मार दी। टक्कर से अभिषेक गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़े। स्थानीय लोगों के पहुंचने तक उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे में उसका दाहिना पैर बुरी तरह टूट गया था। दुर्घटना के बाद चालक वाहन समेत मौके से भाग गया। प्रभारी निरीक्षक अविरल शुक्ला ने बताया कि अज्ञात वाहन चालक पर रिपोर्ट दर्ज कर लिया गया है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि वाहन और चालक की पहचान कर कार्रवाई की जा सके।
मां बेहोश, एक साल में दूसरा बेटा खोने का दर्द
घटना की खबर गांव पहुंचते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। बेटे की मौत की सूचना सुनते ही मां बदहवास हो गई और बार-बार बेहोश होती रही। परिजनों ने किसी तरह उन्हें संभाला। घर के बाहर बेटे का शव पड़ा था और मां बेसुध हालत में थी। यह दृश्य देखकर आसपास मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं। परिवार की हालत और भी दर्दनाक है। परिजनों के अनुसार विजय कुमार के दो पुत्र और एक पुत्री थे। करीब एक वर्ष पहले ही उनके एक बेटे की मौत हो चुकी थी। अब इकलौते बेटे अभिषेक की सड़क हादसे में मौत ने गरीब परिवार को पूरी तरह तोड़कर रख दिया है। मृतक की दस वर्षीय बहन पूजा का भी रो-रोकर बुरा हाल था। वह बार-बार भाई का नाम लेकर फूट-फूटकर रो पड़ती। गांव की महिलाएं उसे ढांढस बंधाती रहीं, लेकिन परिवार का दर्द देखकर हर कोई भावुक हो गया।
गांव में पसरा मातम, हादसों पर नियंत्रण की उठी मांग
हादसे के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण पीड़ित परिवार के घर पहुंच गए। हर कोई इस दर्दनाक घटना से स्तब्ध नजर आया। ग्रामीणों ने बताया कि मुख्य मार्ग पर तेज रफ्तार वाहनों के कारण पहले भी हादसे हो चुके हैं, लेकिन कोई ठोस इंतजाम नहीं किए गए। गांव रमेश कुमार और राजेंद्र प्रसाद ने सड़क पर स्पीड कंट्रोल के उपाय करने की मांग उठाई है। हादसे के बाद पूरे गांव में मातम का माहौल है और लोग पीड़ित परिवार को सांत्वना देने में जुटे हैं।
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ग्राम गुमड़ी निवासी विजय कुमार राजभर ठेला लगाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। शुक्रवार करीब एक बजे वह अपने आठ वर्षीय पुत्र अभिषेक के साथ बाजार से घर लौट रहे थे। जैसे ही वह राजेंद्रगंज के पास मुख्य मार्ग पर पहुंचे, तभी गोंडा की ओर से तेज रफ्तार में आ रही कार ने मासूम को टक्कर मार दी। टक्कर से अभिषेक गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़े। स्थानीय लोगों के पहुंचने तक उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे में उसका दाहिना पैर बुरी तरह टूट गया था। दुर्घटना के बाद चालक वाहन समेत मौके से भाग गया। प्रभारी निरीक्षक अविरल शुक्ला ने बताया कि अज्ञात वाहन चालक पर रिपोर्ट दर्ज कर लिया गया है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, ताकि वाहन और चालक की पहचान कर कार्रवाई की जा सके।
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मां बेहोश, एक साल में दूसरा बेटा खोने का दर्द
घटना की खबर गांव पहुंचते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। बेटे की मौत की सूचना सुनते ही मां बदहवास हो गई और बार-बार बेहोश होती रही। परिजनों ने किसी तरह उन्हें संभाला। घर के बाहर बेटे का शव पड़ा था और मां बेसुध हालत में थी। यह दृश्य देखकर आसपास मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं। परिवार की हालत और भी दर्दनाक है। परिजनों के अनुसार विजय कुमार के दो पुत्र और एक पुत्री थे। करीब एक वर्ष पहले ही उनके एक बेटे की मौत हो चुकी थी। अब इकलौते बेटे अभिषेक की सड़क हादसे में मौत ने गरीब परिवार को पूरी तरह तोड़कर रख दिया है। मृतक की दस वर्षीय बहन पूजा का भी रो-रोकर बुरा हाल था। वह बार-बार भाई का नाम लेकर फूट-फूटकर रो पड़ती। गांव की महिलाएं उसे ढांढस बंधाती रहीं, लेकिन परिवार का दर्द देखकर हर कोई भावुक हो गया।
गांव में पसरा मातम, हादसों पर नियंत्रण की उठी मांग
हादसे के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण पीड़ित परिवार के घर पहुंच गए। हर कोई इस दर्दनाक घटना से स्तब्ध नजर आया। ग्रामीणों ने बताया कि मुख्य मार्ग पर तेज रफ्तार वाहनों के कारण पहले भी हादसे हो चुके हैं, लेकिन कोई ठोस इंतजाम नहीं किए गए। गांव रमेश कुमार और राजेंद्र प्रसाद ने सड़क पर स्पीड कंट्रोल के उपाय करने की मांग उठाई है। हादसे के बाद पूरे गांव में मातम का माहौल है और लोग पीड़ित परिवार को सांत्वना देने में जुटे हैं।