{"_id":"6975238505d8047da504d37b","slug":"the-threat-of-action-looms-over-the-sdm-of-bisauli-for-stopping-the-morning-procession-badaun-news-c-123-1-sbly1018-155818-2026-01-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Budaun News: प्रभातफेरी रोकने के मामले में एसडीएम बिसौली पर लटकी कार्रवाई की तलवार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Budaun News: प्रभातफेरी रोकने के मामले में एसडीएम बिसौली पर लटकी कार्रवाई की तलवार
विज्ञापन
विज्ञापन
बदायूं। इस्लामनगर थाना क्षेत्र के ग्राम ब्यौर कासिमाबाद में प्रभातफेरी रोकने के मामले में अब एसडीएम बिसौली पर कार्रवाई की तलवार लटक गई है। भाजपा के प्रतिनिधि मंडल की मांग पर डीएम अवनीश राय ने जांच कमेटी गठित कर दी है। इस मामले में पहले इंस्पेक्टर समेत चार लोगों पर कार्रवाई हो चुकी है। सीओ को भी हटा दिया गया है। अब एसडीएम की जांच शुरू की गई है।
माघ माह में प्रभातफेरी निकाले जाने के दौरान 16 जनवरी की सुबह बवाल हो गया था। दूसरे समुदाय की शिकायत पर रास्ता विवादित बताते हुए प्रशासन ने रोक लगाई तो लोग उग्र हो गए। करीब 50 साल पुराना परंपरागत रास्ता बताते हुए ग्रामीण उसी रास्ते से यात्रा निकालने की जिद पर डटे तो पुलिस ने लाठियां फटकार कर उन्हें भगाया। भगदड़ में महिला व युवकों समेत दस लोग घायल हो गए थे।
ग्रामीणों का आरोप था कि एसडीएम बिसौली के इशारे पर पुलिस ने लाठी फटकारी थी। ग्रामीणों का कहना था कि वह माघ महीने में लगातार कई साल से प्रभातफेरी निकालते आ रहे हैं। सुबह करीब छह बजे कई थानों की पुलिस गांव में पहुंच गई। करीब तीन घंटे तक पुलिस ने प्रभातफेरी में शामिल लोगों को आगे नहीं बढ़ने दिया। गांव के लोग अड़े रहे तो पुलिस ने लाठियां फटकारीं। इस मामले में अब डीएम ने एडीएम प्रशासन व एसपी सिटी को जांच अधिकारी बनाकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पूरे मामले की जांच के लिए टीम गठित कर दी गई है। एडीएम प्रशासन अरुण कुमार व एसपी सिटी विजयेंद्र द्विवेदी को जांच सौंपी गई है। रिपोर्ट आने के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी। -अवनीश राय, डीएम
Trending Videos
माघ माह में प्रभातफेरी निकाले जाने के दौरान 16 जनवरी की सुबह बवाल हो गया था। दूसरे समुदाय की शिकायत पर रास्ता विवादित बताते हुए प्रशासन ने रोक लगाई तो लोग उग्र हो गए। करीब 50 साल पुराना परंपरागत रास्ता बताते हुए ग्रामीण उसी रास्ते से यात्रा निकालने की जिद पर डटे तो पुलिस ने लाठियां फटकार कर उन्हें भगाया। भगदड़ में महिला व युवकों समेत दस लोग घायल हो गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
ग्रामीणों का आरोप था कि एसडीएम बिसौली के इशारे पर पुलिस ने लाठी फटकारी थी। ग्रामीणों का कहना था कि वह माघ महीने में लगातार कई साल से प्रभातफेरी निकालते आ रहे हैं। सुबह करीब छह बजे कई थानों की पुलिस गांव में पहुंच गई। करीब तीन घंटे तक पुलिस ने प्रभातफेरी में शामिल लोगों को आगे नहीं बढ़ने दिया। गांव के लोग अड़े रहे तो पुलिस ने लाठियां फटकारीं। इस मामले में अब डीएम ने एडीएम प्रशासन व एसपी सिटी को जांच अधिकारी बनाकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पूरे मामले की जांच के लिए टीम गठित कर दी गई है। एडीएम प्रशासन अरुण कुमार व एसपी सिटी विजयेंद्र द्विवेदी को जांच सौंपी गई है। रिपोर्ट आने के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी। -अवनीश राय, डीएम
