{"_id":"69b7009e4e3e3271b6072634","slug":"chikasi-mohana-bridge-will-be-open-for-traffic-from-tomorrow-hamirpur-news-c-223-1-hmp1028-137400-2026-03-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hamirpur News: आवागमन के लिए कल से खुल जाएगा चिकासी-मोहाना पुल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hamirpur News: आवागमन के लिए कल से खुल जाएगा चिकासी-मोहाना पुल
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर
Updated Mon, 16 Mar 2026 12:25 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
गोहांड/सरीला(हमीरपुर)। मरम्मत कार्य के लिए 20 दिन से बंद बेतवा नदी के चिकासी-मोहाना पुल को मंगलवार से आवागमन के लिए खोल दिया जाएगा। शनिवार से पैदल व बाइक सवार पुल से निकलने लगे हैं। पुल खुलने के बाद 150 मीटर सड़क पर बीसी की परत डाली जाएगी।
वर्ष 1983 में बेतवा नदी पर चिकासी व मोहाना के बीच बना पुल जर्जर अवस्था में था। अमर उजाला ने 2 अक्टूबर 2025 को बेतवा नदी पर बना पुल कर रहा घायल शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया था। इसके बाद विभाग ने पुल की मरम्मत की सुध ली। पुल की मरम्मत के लिए 1.54 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए थे। लोक निर्माण विभाग ने पांच फरवरी से पुल का आवागमन ठप करते हुए मरम्मत का कार्य शुरू करा दिया था। सनराइजर्स इंजीनियरिंग कंपनी ने 40 दिन तक पुल पर मरम्मत का काम किया। इस अवधि में पुल के क्षतिग्रस्त हिस्सों की मरम्मत, एक्सपेंशन जॉइंट बदलने और सतह को मजबूत करने का काम किया गया।
पुल से प्रतिदिन करीब ढाई हजार वाहन गुजरते हैं। आवागमन पूरी तरह ठप होने के कारण करीब 50 गांव की डेढ़ लाख की आबादी प्रभावित हुई। हमीरपुर से उरई जाने वाले वाहनों को बुंदेलखंड एक्सप्रेस से करीब 25 किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ी। लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता विनोद कुमार यादव ने बताया कि पुल को 16 मार्च तक बंद रखने का आदेश है। पुल की मुख्य मरम्मत पूरी हो चुकी है। अभी टूटी रेलिंग की वेल्डिंग, मरम्मत और पेंटिंग का काम कराया जा रहा है। तय समय के अनुसार 17 मार्च की सुबह पुल को वाहनों के आवागमन के लिए खोल दिया जाएगा। पुल के उस पार जालौन जिले की ओर करीब 150 मीटर सड़क पर बीसी की परत पुल खुलने के बाद डाली जाएगी।
Trending Videos
वर्ष 1983 में बेतवा नदी पर चिकासी व मोहाना के बीच बना पुल जर्जर अवस्था में था। अमर उजाला ने 2 अक्टूबर 2025 को बेतवा नदी पर बना पुल कर रहा घायल शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया था। इसके बाद विभाग ने पुल की मरम्मत की सुध ली। पुल की मरम्मत के लिए 1.54 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए थे। लोक निर्माण विभाग ने पांच फरवरी से पुल का आवागमन ठप करते हुए मरम्मत का कार्य शुरू करा दिया था। सनराइजर्स इंजीनियरिंग कंपनी ने 40 दिन तक पुल पर मरम्मत का काम किया। इस अवधि में पुल के क्षतिग्रस्त हिस्सों की मरम्मत, एक्सपेंशन जॉइंट बदलने और सतह को मजबूत करने का काम किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
पुल से प्रतिदिन करीब ढाई हजार वाहन गुजरते हैं। आवागमन पूरी तरह ठप होने के कारण करीब 50 गांव की डेढ़ लाख की आबादी प्रभावित हुई। हमीरपुर से उरई जाने वाले वाहनों को बुंदेलखंड एक्सप्रेस से करीब 25 किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ी। लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता विनोद कुमार यादव ने बताया कि पुल को 16 मार्च तक बंद रखने का आदेश है। पुल की मुख्य मरम्मत पूरी हो चुकी है। अभी टूटी रेलिंग की वेल्डिंग, मरम्मत और पेंटिंग का काम कराया जा रहा है। तय समय के अनुसार 17 मार्च की सुबह पुल को वाहनों के आवागमन के लिए खोल दिया जाएगा। पुल के उस पार जालौन जिले की ओर करीब 150 मीटर सड़क पर बीसी की परत पुल खुलने के बाद डाली जाएगी।