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Hardoi News: तीसरे दिन हो पाया कब्र से खेादे गए शव का पोस्टमार्टम
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हरदोई। मौत के 19 दिन बाद कब्र से निकाले गए शव का पोस्टमार्टम आखिरकार तीसरे दिन हो गया। अमर उजाला में प्रकाशित खबर से हुई किरकिरी के बाद मेडिकल कॉलेज के फॉरेंसिक एक्सपर्ट भी शुक्रवार को शव का पोस्टमार्टम करने पहुंच गए। पोस्टमार्टम में मौत की वजह साफ नहीं हुई है। विसरा सुरक्षित किया गया है। डीएनए जांच के लिए सात दांत लिए गए हैं।
बेहटा गोकुल थाना क्षेत्र के भम्मापुरवा निवासी नीरू (22) की बीती दस जुलाई की सुबह तबीयत बिगड़ गई थी। गले और पेट में जलन की शिकायत पर परिजन उसे एक प्राइवेट अस्पताल ले गए थे। वहां कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई थी। परिजनों ने उसी दिन अंतिम संस्कार कर दिया था। बाद में आशंका होने पर परिजनों ने एसपी और डीएम से मिलकर पोस्टमार्टम कराने की गुहार लगाई थी।
डीएम के आदेश पर बुधवार को शव कब्र से निकाला गया था। शव निकाले जाने से एक दिन पहले ही चार चिकित्सकों का पैनल सीएमओ ने गठित कर दिया था। पैनल में शामिल फॉरेंसिक एक्सपर्ट डॉ. अमित बुधवार और बृहस्पतिवार को पोस्टमार्टम हाउस ही नहीं पहुंचे। इसके कारण पोस्टमार्टम नहीं हो सका।
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अमर उजाला ने इसे लेकर शुक्रवार के अंक में खबर प्रकाशित की, तो डीएम अनुनय झा के संज्ञान में मामला आया। उन्होंने नाराजगी जताई, तो फॉरेंसिक एक्सपर्ट शुक्रवार को पोस्टमार्टम करने पहुंचे। पोस्टमार्टम में मौत की वजह साफ न होने पर विसरा सुरक्षित किया गया है। डीएनए जांच के लिए सात दांत भी लिए गए हैं। इसे भी लैब भेजा जाएगा। अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी मार्तण्ड प्रकाश सिंह ने बताया कि विसरा रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
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बेहटा गोकुल थाना क्षेत्र के भम्मापुरवा निवासी नीरू (22) की बीती दस जुलाई की सुबह तबीयत बिगड़ गई थी। गले और पेट में जलन की शिकायत पर परिजन उसे एक प्राइवेट अस्पताल ले गए थे। वहां कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई थी। परिजनों ने उसी दिन अंतिम संस्कार कर दिया था। बाद में आशंका होने पर परिजनों ने एसपी और डीएम से मिलकर पोस्टमार्टम कराने की गुहार लगाई थी।
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डीएम के आदेश पर बुधवार को शव कब्र से निकाला गया था। शव निकाले जाने से एक दिन पहले ही चार चिकित्सकों का पैनल सीएमओ ने गठित कर दिया था। पैनल में शामिल फॉरेंसिक एक्सपर्ट डॉ. अमित बुधवार और बृहस्पतिवार को पोस्टमार्टम हाउस ही नहीं पहुंचे। इसके कारण पोस्टमार्टम नहीं हो सका।
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अमर उजाला ने इसे लेकर शुक्रवार के अंक में खबर प्रकाशित की, तो डीएम अनुनय झा के संज्ञान में मामला आया। उन्होंने नाराजगी जताई, तो फॉरेंसिक एक्सपर्ट शुक्रवार को पोस्टमार्टम करने पहुंचे। पोस्टमार्टम में मौत की वजह साफ न होने पर विसरा सुरक्षित किया गया है। डीएनए जांच के लिए सात दांत भी लिए गए हैं। इसे भी लैब भेजा जाएगा। अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी मार्तण्ड प्रकाश सिंह ने बताया कि विसरा रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।