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Kanpur: बिकरू कांड के पांच साल बाद मीडिया के सामने आईं ऋचा दुबे, खुशी दुबे पर लगाए गंभीर आरोप
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Sat, 24 Jan 2026 08:47 PM IST
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सार
कानपुर के बहुचर्चित बिकरू कांड से जुड़ी एक अहम कड़ी सामने आई है। वर्ष 2020 में हुए बिकरू कांड के बाद पहली बार मृतक विकास दुबे की पत्नी ऋचा दुबे मीडिया के सामने आईं।
विकास दुबे की पत्नी ऋचा दुबे
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
खुशी दुबे झूठ बोल रही है...। उसने अपनी मर्जी से अमर दुबे के साथ शादी की थी। विकास दुबे ने उसे इस शादी के लिए मजबूर नहीं किया था और न ही उसको अगवा कर शादी करवाई थी। वह उनके परिवार पर कीचड़ उछाल रही है। इसे वह बर्दाश्त नहीं करेंगी। उनका बड़ा परिवार है जिसकी जिम्मेदारी अब उनकी है। यह कहना है बिकरू कांड के मुख्य आरोपी रहे विकास दुबे की पत्नी रिचा का।
बीते दिनों खुशी दुबे ने एक वीडियो जारी कर अपनी बात कही थी। इसके विरोध में रिचा ने शनिवार दोपहर सिविल लाइंस स्थित रेस्टोरेंट में पत्रकारों से बात करते हुए अपना पक्ष रखा। खुशी को सवालों के घेरे में रखते हुए उन्होंने कहा कि खुद को खुशी दुबे बताने वाली महिला का असली नाम या तो खुशी तिवारी है या खुशी ठाकुर। वह किसी मास्टर के कहने पर बयानबाजी कर रही है। दावा किया कि खुशी की अमर से पहले भी एक शादी हो चुकी थी। पहले पति का नाम अतुल ठाकुर था। बताया कि विकास दुबे अमर के चाचा नहीं बाबा थे।
बताया दो जुलाई 2020 को हुआ बिकरू कांड नहीं होता यदि उन्हें इसकी जरा सी भी भनक होती। आखिर वह भी विकास दुबे की पत्नी हैं। उस दिन क्या चल रहा था, उन्हें जानकारी नहीं थी। इसके साथ ही घटना को अशोभनीय और निंदनीय भी बताया। बिकरू कांड का दंश उनका परिवार आज भी झेल रहा है। उनके खिलाफ जांचें चल रही हैं। विकास दुबे पर बन रही फिल्म के खिलाफ हाईकोर्ट में सुनवाई चल रही है। फिल्म के कथानक में विकास की कहानी कुछ और बताई जा रही है।
पति मौत के बाद रिचा और खुशी दुबे ने बिकरू गांव से बनाईं दूरी
चौबेपुर थाना क्षेत्र के बिकरू गांव दो जुलाई 2020 की रात कुख्यात विकास दुबे व उसके गुर्गों ने सीओ समेत आठ पुलिस कर्मियों को अंधाधुंध फायरिंग कर मौत के घाट उतार दिया था। तभी से बिकरू गांव सुर्खियों में है। अब बिकरू कांड के मुख्य आरोपी कुख्यात विकास दुबे का पारिवारिक भतीजा अमर दुबे की पत्नी खुशी दुबे की सपा से बढ़ती नजदीकियां सुर्खियों में है। इसके बाद विकास दुबे की पत्नी रिचा दुबे ने खुशी पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। वहीं बिकरू कांड के बाद कभी भी दोनों को बिकरू गांव में नहीं देखा गया है, लेकिन दोनों किसी न किसी माध्यम से बिकरू के अपने करीबियों से लगातार जुड़ी हैं।
बीते दिनों खुशी दुबे का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें उन्होंने सपा मुखिया अखिलेश यादव द्वारा मां गायत्री तिवारी के इलाज का पूरा खर्च उठाने को लेकर शुक्रिया अदा किया था। इस वीडियो में सपा के कई नेता खुशी दुबे के आसपास नजर आ रहे हैं। हालांकि संवाद न्यूज एजेंसी वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है। वीडियो वायरल होने के बाद राजनैतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हैं। वहीं, बिकरू कांड के बाद से खुशी दुबे कई माह तक अपनी मां के संग चौबेपुर थाने में हाजिरी देने जरूर आई, लेकिन कभी बिकरू नहीं गई।
मालूम हो कि बिल्हौर के तत्कालीन सीओ देवेंद्र मिश्रा सहित आठ लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, जिसमें शादी के तीन दिन बाद बिकरू कांड हो गया था और सात जुलाई 2020 को उसके पति अमर दुबे का मौदहा में एटीएफ और पुलिस की टीम ने काउंटर कर दिया था। सूत्र बताते हैं खुशी और रिचा दोनों लखनऊ में हैं।
उधर, विधानसभा, पंचायत चुनावों की सरगर्मी अब धीरे-धीरे तेजी पकड़ रही है। वहीं वर्ष 2020 जुलाई में बिकरू कांड के बाद सपा, बसपा, कांग्रेस कई प्रकार के हथकंडे अपना चुकी है। विधानसभा के 2022 के चुनाव में खुशी की मां गायत्री को चुनाव मैदान में उतारने के लिए पर्चा भराया गया था, लेकिन गायत्री का वोटर लिस्ट में नाम न होने पर बहन नेहा का नामांकन कराया था। अब जब चुनाव सिर पर है ऐसे में कुख्यात विकास दुबे की पत्नी रिचा दुबे सक्रियता और खुशी दुबे की सपा से बढ़ती नजदीकियों को लेकर बिल्हौर क्षेत्र में कई प्रकार की अटकलें तेज हैं।
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बीते दिनों खुशी दुबे ने एक वीडियो जारी कर अपनी बात कही थी। इसके विरोध में रिचा ने शनिवार दोपहर सिविल लाइंस स्थित रेस्टोरेंट में पत्रकारों से बात करते हुए अपना पक्ष रखा। खुशी को सवालों के घेरे में रखते हुए उन्होंने कहा कि खुद को खुशी दुबे बताने वाली महिला का असली नाम या तो खुशी तिवारी है या खुशी ठाकुर। वह किसी मास्टर के कहने पर बयानबाजी कर रही है। दावा किया कि खुशी की अमर से पहले भी एक शादी हो चुकी थी। पहले पति का नाम अतुल ठाकुर था। बताया कि विकास दुबे अमर के चाचा नहीं बाबा थे।
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बताया दो जुलाई 2020 को हुआ बिकरू कांड नहीं होता यदि उन्हें इसकी जरा सी भी भनक होती। आखिर वह भी विकास दुबे की पत्नी हैं। उस दिन क्या चल रहा था, उन्हें जानकारी नहीं थी। इसके साथ ही घटना को अशोभनीय और निंदनीय भी बताया। बिकरू कांड का दंश उनका परिवार आज भी झेल रहा है। उनके खिलाफ जांचें चल रही हैं। विकास दुबे पर बन रही फिल्म के खिलाफ हाईकोर्ट में सुनवाई चल रही है। फिल्म के कथानक में विकास की कहानी कुछ और बताई जा रही है।
पति मौत के बाद रिचा और खुशी दुबे ने बिकरू गांव से बनाईं दूरी
चौबेपुर थाना क्षेत्र के बिकरू गांव दो जुलाई 2020 की रात कुख्यात विकास दुबे व उसके गुर्गों ने सीओ समेत आठ पुलिस कर्मियों को अंधाधुंध फायरिंग कर मौत के घाट उतार दिया था। तभी से बिकरू गांव सुर्खियों में है। अब बिकरू कांड के मुख्य आरोपी कुख्यात विकास दुबे का पारिवारिक भतीजा अमर दुबे की पत्नी खुशी दुबे की सपा से बढ़ती नजदीकियां सुर्खियों में है। इसके बाद विकास दुबे की पत्नी रिचा दुबे ने खुशी पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। वहीं बिकरू कांड के बाद कभी भी दोनों को बिकरू गांव में नहीं देखा गया है, लेकिन दोनों किसी न किसी माध्यम से बिकरू के अपने करीबियों से लगातार जुड़ी हैं।
बीते दिनों खुशी दुबे का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें उन्होंने सपा मुखिया अखिलेश यादव द्वारा मां गायत्री तिवारी के इलाज का पूरा खर्च उठाने को लेकर शुक्रिया अदा किया था। इस वीडियो में सपा के कई नेता खुशी दुबे के आसपास नजर आ रहे हैं। हालांकि संवाद न्यूज एजेंसी वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है। वीडियो वायरल होने के बाद राजनैतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हैं। वहीं, बिकरू कांड के बाद से खुशी दुबे कई माह तक अपनी मां के संग चौबेपुर थाने में हाजिरी देने जरूर आई, लेकिन कभी बिकरू नहीं गई।
मालूम हो कि बिल्हौर के तत्कालीन सीओ देवेंद्र मिश्रा सहित आठ लोगों की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, जिसमें शादी के तीन दिन बाद बिकरू कांड हो गया था और सात जुलाई 2020 को उसके पति अमर दुबे का मौदहा में एटीएफ और पुलिस की टीम ने काउंटर कर दिया था। सूत्र बताते हैं खुशी और रिचा दोनों लखनऊ में हैं।
उधर, विधानसभा, पंचायत चुनावों की सरगर्मी अब धीरे-धीरे तेजी पकड़ रही है। वहीं वर्ष 2020 जुलाई में बिकरू कांड के बाद सपा, बसपा, कांग्रेस कई प्रकार के हथकंडे अपना चुकी है। विधानसभा के 2022 के चुनाव में खुशी की मां गायत्री को चुनाव मैदान में उतारने के लिए पर्चा भराया गया था, लेकिन गायत्री का वोटर लिस्ट में नाम न होने पर बहन नेहा का नामांकन कराया था। अब जब चुनाव सिर पर है ऐसे में कुख्यात विकास दुबे की पत्नी रिचा दुबे सक्रियता और खुशी दुबे की सपा से बढ़ती नजदीकियों को लेकर बिल्हौर क्षेत्र में कई प्रकार की अटकलें तेज हैं।
