{"_id":"69c9662a396f8307120141f1","slug":"317-children-got-seats-in-the-rte-third-phase-lottery-lakhimpur-news-c-120-1-lkh1010-171536-2026-03-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lakhimpur Kheri News: आरटीई तीसरे चरण की लॉटरी में 317 बच्चों को मिली सीट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lakhimpur Kheri News: आरटीई तीसरे चरण की लॉटरी में 317 बच्चों को मिली सीट
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Sun, 29 Mar 2026 11:19 PM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
लखीमपुर खीरी। आरटीई (शिक्षा का अधिकार) अधिनियम के तीसरे चरण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद रविवार को लॉटरी निकालकर 317 बच्चों को निजी स्कूलों में प्रवेश के लिए सीटें आवंटित कर दी गईं।
तीसरे चरण में विभाग को 677 आवेदन प्राप्त हुए थे, जिनमें से जांच के बाद 317 आवेदन पात्र पाए गए, जबकि 360 आवेदनों को त्रुटियों के चलते अपात्र घोषित कर दिया गया। पात्र होने के बावजूद 32 बच्चों को सीट आवंटित नहीं हो सकीं। जल्द ही आदेश पत्र बीआरसी पर भेजे जाएंगे।
जिले में आरटीई पोर्टल पर 848 निजी स्कूल पंजीकृत हैं, जहां हर वर्ष पांच हजार से अधिक सीटों पर प्रवेश दिया जाता है। इस बार आवेदन प्रक्रिया तीन चरणों में संपन्न हुई। पहले चरण में 1,371 आवेदन मिले, जिनमें 780 पात्र पाए गए और लॉटरी के माध्यम से 544 बच्चों को सीटें दी गईं, जबकि 236 पात्र बच्चों को सीट नहीं मिल सकी। दूसरे चरण में 805 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें सत्यापन के बाद 360 को पात्र और 185 को अपात्र घोषित किया गया।
बीएसए प्रवीण कुमार तिवारी ने बताया कि तीसरे चरण में अपेक्षा से कम 677 आवेदन आए। सत्यापन के बाद 317 को पात्र माना गया। उन्होंने बताया कि जिन बच्चों को सीट नहीं मिल सकी है, उन्हें अब अगले सत्र में पहले चरण में आवेदन करना होगा।
Trending Videos
तीसरे चरण में विभाग को 677 आवेदन प्राप्त हुए थे, जिनमें से जांच के बाद 317 आवेदन पात्र पाए गए, जबकि 360 आवेदनों को त्रुटियों के चलते अपात्र घोषित कर दिया गया। पात्र होने के बावजूद 32 बच्चों को सीट आवंटित नहीं हो सकीं। जल्द ही आदेश पत्र बीआरसी पर भेजे जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
जिले में आरटीई पोर्टल पर 848 निजी स्कूल पंजीकृत हैं, जहां हर वर्ष पांच हजार से अधिक सीटों पर प्रवेश दिया जाता है। इस बार आवेदन प्रक्रिया तीन चरणों में संपन्न हुई। पहले चरण में 1,371 आवेदन मिले, जिनमें 780 पात्र पाए गए और लॉटरी के माध्यम से 544 बच्चों को सीटें दी गईं, जबकि 236 पात्र बच्चों को सीट नहीं मिल सकी। दूसरे चरण में 805 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें सत्यापन के बाद 360 को पात्र और 185 को अपात्र घोषित किया गया।
बीएसए प्रवीण कुमार तिवारी ने बताया कि तीसरे चरण में अपेक्षा से कम 677 आवेदन आए। सत्यापन के बाद 317 को पात्र माना गया। उन्होंने बताया कि जिन बच्चों को सीट नहीं मिल सकी है, उन्हें अब अगले सत्र में पहले चरण में आवेदन करना होगा।