{"_id":"69e89bf606bd811c700fc0dd","slug":"saurabh-murder-case-mother-breaks-down-over-son-murder-meerut-crime-news-in-hindi-2026-04-22","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"सौरभ हत्याकांड: 'नोटबंदी की रात को छीन लिया था बेटा, हत्या कर तोड़ दिया परिवार'; मां रेनू ने बयां किया दर्द","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सौरभ हत्याकांड: 'नोटबंदी की रात को छीन लिया था बेटा, हत्या कर तोड़ दिया परिवार'; मां रेनू ने बयां किया दर्द
अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
Published by: Sharukh Khan
Updated Wed, 22 Apr 2026 03:29 PM IST
विज्ञापन
सार
मेरठ के ब्रह्मपुरी के नीले ड्रम वाले बहुचर्चित सौरभ हत्याकांड में मंगलवार को 13 महीने बाद हत्यारोपी मुस्कान रस्तोगी और साहिल शुक्ला की कोर्ट में पेशी हुई। इस दौरान सौरभ की मां रेनू और भाई बबलू भी यहां पहुंचे।
सौरभ हत्याकांड, साहिल-मुस्कान
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
विस्तार
मेरठ के सौरभ हत्याकांड में न्यायालय परिसर पहुंचीं सौरभ की मां रेनू का दर्द छलक गया। उन्होंने कहा कि पत्नी मुस्कान और प्रेमी साहिल शुक्ला ने सौरभ की हत्या तीन मार्च 2025 की रात को की थी, लेकिन मुस्कान ने उनका बेटा नोटबंदी की रात आठ नवंबर 2016 को ही छीन लिया था। सौरभ और मुस्कान दोनों घर से चले गए और उन्होंने 16 नवंबर को शादी कर ली थी। उसने हत्या कर बेटे के शव के ही टुकड़े नहीं किए बल्कि परिवार भी तोड़ दिया। उनका बेटा व बेटी उनके पास नहीं है। उसके पिता आज तक डिप्रेशन में हैं।
रेनू मंगलवार को बड़े बेटे बबलू के साथ न्यायालय परिसर में पहुंचीं थीं। उन्होंने बताया कि सौरभ और मुस्कान शादी से पहले एक दूसरे को जानते थे। मुस्कान के कहने में आकर उनका बेटा उसके साथ आठ नवंबर 2016 को घर से चला गया था।
इसके बाद से ही सौरभ परिजन से अधिक मुस्कान की बात मानने लगा। दोनों ने परिजनों की इच्छा के बगैर शादी की। मुस्कान के परिजनों ने सौरभ व उसके परिजनों के खिलाफ पुलिस से शिकायत कर दी थी।
Trending Videos
रेनू मंगलवार को बड़े बेटे बबलू के साथ न्यायालय परिसर में पहुंचीं थीं। उन्होंने बताया कि सौरभ और मुस्कान शादी से पहले एक दूसरे को जानते थे। मुस्कान के कहने में आकर उनका बेटा उसके साथ आठ नवंबर 2016 को घर से चला गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
इसके बाद से ही सौरभ परिजन से अधिक मुस्कान की बात मानने लगा। दोनों ने परिजनों की इच्छा के बगैर शादी की। मुस्कान के परिजनों ने सौरभ व उसके परिजनों के खिलाफ पुलिस से शिकायत कर दी थी।
बाद में दोनों ने कोर्ट मैरिज की और उनके साथ घर में रहने लगे लेकिन कुछ माह बाद ही मुस्कान झगड़ा करने लगी। लगभग तीन साल बाद वह बेटे और बेटी को घर से ले गई और अलग रहने लगी।
सौरभ की बेटी को भी छीन लिया
रेनू और बबलू ने जेल में हुई मुस्कान की बेटी को सौरभ की मानने से इन्कार किया। उन्होंने कहा कि सौरभ की हत्या के बाद उसकी बेटी को भी छीन लिया गया। उसकी बेटी अब मुस्कान के माता-पिता के पास है। वह उसे लेना चाहते हैं लेकिन उसके परिजन उसे नहीं देते।
रेनू और बबलू ने जेल में हुई मुस्कान की बेटी को सौरभ की मानने से इन्कार किया। उन्होंने कहा कि सौरभ की हत्या के बाद उसकी बेटी को भी छीन लिया गया। उसकी बेटी अब मुस्कान के माता-पिता के पास है। वह उसे लेना चाहते हैं लेकिन उसके परिजन उसे नहीं देते।
जिसे खुशियां देने गया था लंदन, उसने लौटने पर मार डाला
रेनू और बबलू ने बताया कि परिवार को खुश रखने के लिए सौरभ लंदन में नौकरी करने गया था। वह पहले मर्चेंट नेवी में काम करता था। बाद में एक मॉल में काम करने लगा। वह 50 हजार रुपये महीने मुस्कान को घर के खर्च के लिए देता था।
रेनू और बबलू ने बताया कि परिवार को खुश रखने के लिए सौरभ लंदन में नौकरी करने गया था। वह पहले मर्चेंट नेवी में काम करता था। बाद में एक मॉल में काम करने लगा। वह 50 हजार रुपये महीने मुस्कान को घर के खर्च के लिए देता था।
24 फरवरी 2025 को सौरभ लंदन से 25 फरवरी को बेटी और 27 फरवरी को मुस्कान का जन्मदिन मनाने भारत लौटा था। वह इस दौरान दो बार मां व परिवार से मिलने कुछ घंटे के लिए अपने घर आया था।
मुस्कान के कारण उसने परिजन को बेटी के जन्मदिन में भी नहीं बुलाया था। तीन मार्च 2025 को मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल शुक्ला ने सौरभ की हत्या की और शव के टुकड़े नीले ड्रम में डालकर सीमेंट के घोल से सील कर दिए थे। रेनू का आरोप है कि सौरभ की हत्या में मुस्कान के परिजन भी शामिल हैं।
13 महीने बाद 1:50 मिनट साथ रहे मुस्कान और साहिल
हत्यारोपी मुस्कान और उसका प्रेमी साहिल मंगलवार को 13 महीने बाद 1:50 मिनट साथ रहे। दोनों एक ही वाहन में जेल से लाए गए। बताया गया है कि वाहन में दोनों ने एक दूसरे से बातचीत भी की। जेल अधीक्षक डॉ. वीरेशराज शर्मा ने बताया कि जेल से मुस्कान और साहिल को पुलिस सुरक्षा में दोपहर लगभग ढाई बजे भेजा गया था।
हत्यारोपी मुस्कान और उसका प्रेमी साहिल मंगलवार को 13 महीने बाद 1:50 मिनट साथ रहे। दोनों एक ही वाहन में जेल से लाए गए। बताया गया है कि वाहन में दोनों ने एक दूसरे से बातचीत भी की। जेल अधीक्षक डॉ. वीरेशराज शर्मा ने बताया कि जेल से मुस्कान और साहिल को पुलिस सुरक्षा में दोपहर लगभग ढाई बजे भेजा गया था।
न्यायालय में पेशी के बाद उन्हें लगभग 4:20 बजे वापस जेल लाया गया। उनका कहना है कि जेल में मुस्कान महिला और साहिल पुरुष बैरक में है। वह यहां कभी नहीं मिल पाते। हालांकि एक-दूसरे को देख सकते हैं।

कमेंट
कमेंट X