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Meerut News: मवाना शुगर मिल में गन्ने की आवक कम, 50 क्रय केंद्र हुए बंद
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- क्षमता से बेहद कम गन्ना मिलने के कारण मिल बंद होने के बने हालात
संवाद न्यूज एजेंसी
मवाना। मवाना शुगर मिल के 165 क्रय केंद्रों में से 50 क्रय केंद्र गन्ना नहीं मिलने के चलते बंद हो चुके हैं। मिल में भी गन्ने की कम आवक हो रही है। इस हालात में अप्रैल माह में मिल बंद होने की आशंका है।
क्षेत्र में स्थित टिकौला शुगर मिल का पेराई सत्र पूर्ण होने के साथ सोमवार को बंद हो गई। वहीं, मवाना शुगर मिल के भी काफी क्रय केंद्र बंद हो चुके हैं। इस संबंध में मिल के वरिष्ठ महाप्रबंधक प्रमोद बालियान का कहना है कि मिल में गन्ने की आपूर्ति कम हुई है। तीन चैन में से वर्तमान में दो ही चैन चल रही हैं। मिल की क्षमता 130 हजार क्विंटल गन्ने की पेराई करने की है। वहीं, मिल को वर्तमान में 80 हजार क्विंटल गन्ना ही मिल पा रहा है।
उन्होंने कहा कि जब तक मिल को गन्ना मिलता रहेगा, तब तक मिल चलती रहेगी। उन्होंने किसानों से साफ-सुथरा गन्ना ही मिल को आपूर्ति करने का आह्वान किया। वहीं संभावना जताई जा रही है मिल द्वारा अप्रैल माह के प्रथम सप्ताह में मिल को बंद करने का प्रथम नोटिस जारी किया जा सकता है। मिल बंद होने से पहले मिल की ओर से तीन नोटिस जारी होते हैं ताकि सभी किसान सचेत होकर अपना गन्ना आपूर्ति कर सकें।
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संवाद न्यूज एजेंसी
मवाना। मवाना शुगर मिल के 165 क्रय केंद्रों में से 50 क्रय केंद्र गन्ना नहीं मिलने के चलते बंद हो चुके हैं। मिल में भी गन्ने की कम आवक हो रही है। इस हालात में अप्रैल माह में मिल बंद होने की आशंका है।
क्षेत्र में स्थित टिकौला शुगर मिल का पेराई सत्र पूर्ण होने के साथ सोमवार को बंद हो गई। वहीं, मवाना शुगर मिल के भी काफी क्रय केंद्र बंद हो चुके हैं। इस संबंध में मिल के वरिष्ठ महाप्रबंधक प्रमोद बालियान का कहना है कि मिल में गन्ने की आपूर्ति कम हुई है। तीन चैन में से वर्तमान में दो ही चैन चल रही हैं। मिल की क्षमता 130 हजार क्विंटल गन्ने की पेराई करने की है। वहीं, मिल को वर्तमान में 80 हजार क्विंटल गन्ना ही मिल पा रहा है।
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उन्होंने कहा कि जब तक मिल को गन्ना मिलता रहेगा, तब तक मिल चलती रहेगी। उन्होंने किसानों से साफ-सुथरा गन्ना ही मिल को आपूर्ति करने का आह्वान किया। वहीं संभावना जताई जा रही है मिल द्वारा अप्रैल माह के प्रथम सप्ताह में मिल को बंद करने का प्रथम नोटिस जारी किया जा सकता है। मिल बंद होने से पहले मिल की ओर से तीन नोटिस जारी होते हैं ताकि सभी किसान सचेत होकर अपना गन्ना आपूर्ति कर सकें।