चुनार। तहसील क्षेत्र के उदितनगर निवासी डॉ. रामदुलार सिंह पराया ने पिथोरागढ़ जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान डीडीहाट में शुक्रवार से रविवार तक हुए राष्ट्रीय बालसाहित्य संगोष्ठी में बतौर मुख्य अतिथि बच्चों को कविता लेखन की बारीकियां बताईं। उन्हें बाल कविताएं भी सुनाई।
कार्यक्रम में देश के लगभग 100 बाल साहित्यकारों ने हिस्सा लिया। तीन दिन के कार्यक्रम के विभिन्न सत्रों में उत्तराखंड का बाल साहित्य, बाल साहित्य और सोशल मीडिया, बाल साहित्य और बच्चे, कविता एवं कहानी वाचन, बाल साहित्य में वैज्ञानिक दृष्टिकोण आदि पर चर्चा के साथ ही साहित्यकारों को सम्मानित किया गया। कविता वाचन सत्र के मुख्य अतिथि डॉ. रामदुलार सिंह पराया ने देश के ख्याति प्राप्त साहित्यकारों की ओर से प्रस्तुत काव्य पाठ की समीक्षा, टिप्पणी, बच्चों की तरफ किए जाने को एक अभिनव, नवाचार बतलाया।
वरिष्ठ रचनाकारों की कविता पर बेबाक समीक्षा कर बच्चों ने सबको हतप्रभ कर दिया। डॉ.पराया ने कहा कि ऐसे संगोष्ठियों के आयोजन से बच्चों में एकाग्रता, चिन्तन, मनन की सोच से उनके बुद्धि कौशल का विकास होता है।