सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sambhal News ›   Iram, who was arrested on suspicion of espionage, could not be met by her husband and family.

Sambhal News: जासूसी के शक में गिरफ्तार हुई इरम से नहीं हो सकी पति और परिजनों की मुलाकात

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Sat, 21 Mar 2026 02:20 AM IST
विज्ञापन
Iram, who was arrested on suspicion of espionage, could not be met by her husband and family.
विज्ञापन
संभल। जासूसी के शक में गिरफ्तार दीपा सराय निवासी इरम उर्फ महक के पति फैजान समेत अन्य परिजनों की मुलाकात शुक्रवार को भी जेल में नहीं हो सकी। वह मायूस होकर लौट आए हैं। इरम गाजियाबाद जिले की जेल में बंद है। पति का कहना है कि उनकी पत्नी को किसी साजिश के तहत फंसाया गया है। वह कम पढ़ी लिखी होकर जासूसी कैसे कर सकती है। उसका घर से आना जाना भी कम रहता था। पति का कहना है मुलाकात के बाद ही सही जानकारी सामने आएगी। अभी तक कुछ भी समझ नहीं आ रहा है।
Trending Videos

इरम पर आरोप है कि उसने दिल्ली-एनसीआर में स्थित सुरक्षा बलों के ठिकानों के फोटो, लोकेशन और वीडियो विदेश भेजे हैं। मोबाइल में इसके प्रमाण होने का दावा गाजियाबाद पुलिस कर चुकी है। इसी क्रम में गिरफ्तारी की गई थी। 12 मार्च से अभी तक इरम की मुलाकात परिजनों से नहीं हुई है। वहीं, दूसरी ओर खुफिया एजेंसी और यूपी एटीएस की संभल यूनिट भी इरम को लेकर छानबीन कर रही है कि वह किस-किस के संपर्क में रहती थी। सोशल मीडिया के सभी प्लेटफार्म भी खंगाले जा रहे हैं। ताकि संपर्क में रहने वाले लोगों की जानकारी मिल सके। एटीएस की टीम इरम के परिवार और संपर्क में रहे 20 से ज्यादा लोगों से पूछताछ भी कर चुकी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

इरम का पति फैजान ट्रक चालक है। इरम का दो वर्ष का बेटा है और वह इस समय अपने पिता के परिजनों के पास है। उसका भी रो रोकर बुरा हाल है।
00000000

परिजनों का बैंक खाता होने से भी इन्कार
इरम के मायके और ससुराल की आर्थिक स्थिति ज्यादा मजबूत नहीं है। पति ट्रक चालक है और मायके वाले भी खेती किसानी से जुड़े हैं। मायके में भी कोई बैंक खाता नहीं था। इरम के पति के बहनोई अधिवक्ता आफताब हुसैन का कहना है कि मुलाकात तो अभी तक नहीं हो सकी है, लेकिन परिजनों की जानकारी में कोई बैंक खाता नहीं है। क्योंकि आय के इतने जरिये नहीं है कि बैंक खाते में रुपये जमा करने पड़ते। मुलाकात के बाद स्थिति ज्यादा स्पष्ट हो सकेगी कि कोई बैंक खाता है या नहीं। परिजनों की जानकारी में कोई बैंक खाता नहीं है। आफताब हुसैन का कहना है कि इरम तो सीधे स्वभाव की है। वह इस नेटवर्क में कैसे फंस गई या किसी साजिश के तहत फंसाया गया है। यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed