ग्राम पंचायत जुगैल के बड़काडाड़ क्षेत्र के आदिवासियों ने जमीन पट्टा आवंटन में अनियमितता का आरोप लगाते हुए बुधवार को डीएफओ कार्यालय पर प्रदर्शन किया। राष्ट्रीय मजदूर कांग्रेस (इंटक) के जिलाध्यक्ष हरदेव नारायण तिवारी के नेतृत्व में किया गया। इसके बाद प्रदर्शनकारियों ने डीएफओ को ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। आरोप लगाया गया कि बड़काडाड़ के 18 आदिवासी परिवार पिछले 25 से 30 वर्षों से जिस भूमि पर खेती कर अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे थे, उसका पट्टा तत्कालीन वन अधिकार समिति के एक सदस्य ने अधिकारियों को गुमराह कर अपने नाम करा लिया गया। इससे प्रभावित परिवारों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। आदिवासियों ने बताया कि खेती-बाड़ी के समय भूमि को लेकर दोनों पक्षों के बीच तनाव की स्थिति उत्पन्न हो जाती है। ऐसे में किसी अप्रिय घटना से बचने के लिए मामले की निष्पक्ष जांच कर उचित कार्रवाई की जाए। डीएफओ ने प्रदर्शनकारियों को आश्वस्त करते हुए कहा कि मामले में डीएम के निर्देशों के अनुरूप निष्पक्ष जांच कराई जाएगी और तथ्यों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। प्रदर्शन में सीटू नेता लालचंद, इंटक जिला महासचिव शमीम अख्तर खान, रामप्रसाद, चंदर, हरिलाल, गोरखनाथ, गुलाब, किस्मतिया, शुकवरिया, वेदवंती, दसवंती, लालमती, रामपति, सियाराम, ईश्वर प्रसाद आदि मौजूद रहे।