जाम का जाल: वाराणसी की सड़कों पर दौड़ रहे परमिट से 250% ज्यादा ऑटो, काशी जोन में क्यूआर कोड व्यवस्था भी बेअसर
Varanasi News: वाराणसी में परमिट से ज्यादा ऑटो सड़क पर दौड़ना भी जाम का सबसे बड़ा कारण है। उधर, काशी जोन में यातायात पुलिस की ओर से जारी क्यूआर कोड का भी कोई पालन नहीं हो रहा है।
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काशी में आम दिन हो या फिर विशेष त्योहार। सड़कें हमेशा जाम से हांफ रही हैं। इसका कारण सड़क पर ऑटो, ई-रिक्शा की संख्या ज्यादा होना है। आंकड़ों के अनुसार, काशी जोन में परमिट से 250% ज्यादा ऑटो का संचालन हो रहा है। यातायात पुलिस की ओर से जारी क्यूआर कोड का भी कोई पालन नहीं हो रहा है। सड़कों पर तैनात टीआई और टीएसआई की लापरवाही से बिना परमिट के ऑटो भी सड़कों पर दौड़ रहे हैं। गोमती और वरुणा जोन के ऑटो, ई-रिक्शा भी काशी जोन में संचालित हैं।
श्रीकाशी विश्वनाथ धाम और गंगा घाटों समेत प्रमुख बाजारों का केंद्र काशी जोन में पर्यटकों की भी सबसे अधिक भीड़ होती है। शाम को कोई गली नहीं होती है, जिसमें ऑटो, ई-रिक्शा से जाम न लगा हो। रामापुरा, नई सड़क, बेनिया, गुरुवाग, लक्सा, जंगमवाड़ी, सोनारपुरा, मैदागिन की सड़कें शाम को जाम रहती हैं।
जाम से निजात को लेकर पूर्व में यातायात पुलिस ने ऑटो, ई-रिक्शा के संचालन का क्यूआर कोड जारी किया। वाहनों पर चस्पा भी कराया गया। शुरुआत में तो पालन हुआ, लेकिन अब स्थिति पूर्व की भांति हो चुकी है। 4500 ऑटो रिक्शा के पास परमिट हैं। लेकिन 11 हजार से ज्यादा ऑटो सड़कों पर हैं। काशी जोन में राजघाट से मंडुवाडीह और लंका बीएचयू तक ऑटो चलते हैं।
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250 से अधिक ऑटो का पीडीडीयू नगर-कैंट रूट पर संचालन
पीडीडीयूनगर से कैंट के बीच भी विना परमिट के 250 ऑटो का संचालन रोजाना हो रहा है। बीच में अवैध संचालन करने वालों के खिलाफ मुगलसराय कोतवाली में प्राथमिकी भी दर्ज की गई थी। आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी। बहुत से ऑटो पकड़े जाने के डर से चौकाघाट लकड़ी मंडी तक ही आवाजाही करते हैं। कुछ ऑटो चालकों को यातायात पुलिस कर्मियों का भी संरक्षण प्राप्त होता है।
अधिकारी बोले
बिना क्यूआर कोड के संचालित ऑटो, ई-रिक्शा के खिलाफ अभियान चलाकर सीज और जुर्माने की कार्रवाई हो रही है। सर्किल के सभी टीआई को निर्देशित किया गया है कि बिना परमिट के ऑटो का संचालन नहीं होने पाए। इसकी निगरानी भी कराई जाती है। -अंशुमान मिश्रा, एडीसीपी यातायात
ऑटो यूनियन पदाधिकारियों के अनुसार बाहरी ऑटो का प्रवेश इंग्लिशिया लाइन और कैंट स्टेशन से होता है। क्यूआर कोड कोड के बिना भी बाहरी ऑटो का संचालन हो रहा है। कुछ तो ऐसे ऑटो चालक है, जिन्होंने फर्जी क्यूआर कोड चस्पा कराया है। कुछ ऐसे भी ऑटो, ई-रिक्शा है, जो क्षेत्र के टीआई और टीएसआई के आदेश पर चल रहे हैं।