Rathyatra Mela: 14 दिन बाद कल प्रभु जगन्नाथ सफेद वस्त्र धारण कर नवयौवन रूप में देंगे दर्शन, जुटे भक्त; सुरक्षा
Varanasi News: वाराणसी में 14 दिनों के अनवसर काल के बाद सोमवार को भगवान जगन्नाथ सफेद वस्त्र धारण कर नवयौवन रूप में भक्तों को दर्शन देंगे। इस अवसर पर प्रभु को परवल के जूस का विशेष भोग लगाया जाएगा। 15 जुलाई को भगवान डोली पर सवार होकर नगर भ्रमण के लिए निकलेंगे, जिसकी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
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भगवान जगन्नाथ 14 दिनों बाद 14 जुलाई को श्वेत वस्त्र धारण कर नवयौवन रूप में भक्तों को दर्शन देंगे। स्वस्थ होने के बाद वह परवल के जूस, मिठाई आदि व्यंजनों का भोग ग्रहण करेंगे। दिनभर दर्शन-पूजन होगा।
अगले दिन 15 जुलाई को उल्लास के माहौल में भगवान भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा के साथ डोली में सवार होकर नगर भ्रमण पर निकलेंगे और इसके साथ ही 16 जुलाई से तीन दिवसीय रथयात्रा मेले का शुभारंभ हो जाएगा।
मंदिर के पुजारी पं. राधेश्याम पांडेय ने बताया कि मंगलवार को सुबह प्रभु का शृंगार कर श्वेत वस्त्र धारण कराया जाएगा। उनको परवल के जूस और परवल की मिठाई सहित अन्य व्यंजनों का भोग लगाया जाएगा। मंगला आरती के साथ ही भगवान नवयौवन रूप में भक्तों को दर्शन देंगे। यह सिलसिला देर रात नौ बजे शयन आरती तक चलेगा।
15 जुलाई को भी प्रभु का शृंगार और मंगला आरती के बाद दर्शन शुरू होगा, जो दोपहर 12 बजे तक चलेगा। दोपहर तीन बजे आचमन व आरती के बाद डोली यात्रा निकलेगी जो विभिन्न मोहल्लों से होकर करीब साढ़े पांच बजे तक रथयात्रा स्थित बेनीराम बाग पहुंचेगी। इसके साथ ही मेला स्थल पर पहुंचे रथ की विधिवत पूजा होगी।
108 ध्वज संग निकलेंगे महाप्रभु : भगवान जगन्नाथ डोली यात्रा के दौरान मलमल के कपड़े पर बैठेंगे। डमरू दल के साथ भक्त 108 ध्वज लहराते हुए प्रभु की अगुवाई में रथयात्रा मेले के लिए निकलेंगे। पहली बार पुरी शंकराचार्य की परंपरा अनुसार पुरी पीठ की वाराणसी शाखा के साधु-संत डोली की सफाई और गंगाजल से पवित्र और पुष्पवर्षा करेंगे। इसके बाद प्रभु को मलमल के कपड़े पर आसीन कराया जाएगा। डोली को उठाने के लिए परंपरा अनुसार आठ कहार रहेंगे।
प्लास्टिक मिला तो लगेगा जुर्माना : नगर निगम ने 16 जुलाई से शुरू होने वाले रथयात्रा मेला क्षेत्र को प्लास्टिक फ्री घोषित किया है। इसके लिए यहां दुकान लगाने वालों को शपथ पत्र देना होगा। शपथ पत्र भरने के बाद यदि कोई दुकानदार उल्लंघन करते हुए पाया गया तो उसके खिलाफ जुर्माने की कार्रवाई की जाएगी। नगर निगम की ओर से कार्ययोजना बनाई गई है।
पहले दिन से शुरू होगा मंदिर निर्माण का कार्य : भगवान जगन्नाथ मंदिर के निर्माण का कार्य रथयात्रा मेले के पहले दिन ही शुरू हो जाएगा। ट्रस्ट श्री जगन्नाथ जी के सचिव शैलेश त्रिपाठी ने बताया कि राजस्थान के धौलपुर से मंदिर परिसर में बनने वाले भगवान गरुण के लिए एक ट्रक पत्थर आया है।