जिले में खनिजों के अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए खनिज विभाग लगातार सघन अभियान चला रहा है। मिली शिकायतों के संज्ञान में आने के बाद खनिज अमले ने संबंधित क्षेत्रों में व्यापक जांच की है। यह अभियान जिले में खनिज संपदा के संरक्षण और अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए महत्वपूर्ण है।
खनिज विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार, 12 और 13 जुलाई 2026 को ग्राम सारंगपुरी, खरेंगा, अमेठी, सरगी-दोनर, पाहंदा और आसपास के क्षेत्रों में सघन जांच अभियान चलाया गया। इस दौरान अवैध रूप से रेत का परिवहन करते पाए गए 4 वाहनों को जब्त किया गया। जब्त किए गए वाहनों के विरुद्ध खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 और छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम, 2015 के प्रावधानों के तहत अर्थदंड की कार्रवाई की जा रही है। यह कार्रवाई अवैध खनन में संलिप्त लोगों के खिलाफ एक सख्त संदेश है।
खनिज विभाग ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में 13 जुलाई तक अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण से संबंधित कुल 239 प्रकरणों में कार्रवाई की गई है। इन प्रकरणों में 69 लाख 32 हजार 683 रुपये का अर्थदंड वसूल कर शासकीय खनिज मद में जमा कराया गया है। संबंधित प्रकरणों का प्रशमन भी किया गया है। यह दर्शाता है कि विभाग अवैध गतिविधियों पर लगातार नजर रख रहा है और दोषियों के खिलाफ कठोर कदम उठा रहा है।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिले में खनिजों के अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण पर प्रभावी रोकथाम के लिए विभागीय उड़नदस्ता दल द्वारा नियमित निगरानी और सतत कार्रवाई की जा रही है। भविष्य में भी अवैध गतिविधियों के विरुद्ध इसी प्रकार कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी। इसका उद्देश्य जिले में खनिज संसाधनों का वैध और टिकाऊ उपयोग सुनिश्चित करना है, जिससे राज्य के राजस्व को भी लाभ मिल सके।