चाचौड़ा विधानसभा क्षेत्र के एक गांव में प्रेम प्रसंग को लेकर उपजा विवाद सोमवार को हिंसक झड़प में बदल गया। दो समुदायों के बीच हुए इस संघर्ष के दौरान हालात इतने बिगड़ गए कि कानून व्यवस्था संभालने पहुंची पुलिस पर ही पथराव और लाठी-डंडों से हमला कर दिया गया। इस घटना में चार पुलिसकर्मी घायल हो गए, जिनमें दो की हालत गंभीर बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार मीना समाज के एक युवक और लोधा समाज की युवती के बीच प्रेम संबंध को लेकर दोनों पक्षों में लंबे समय से तनाव चल रहा था। सोमवार को युवती के परिजन युवक के घर में आग लगाने की नीयत से गांव में जुटे। बताया जा रहा है कि आगजनी की रणनीति बनाने के लिए युवती के परिजन मंदिर परिसर में एकत्र हुए थे। इसी दौरान विवाद और अधिक भड़क गया और दोनों पक्षों के बीच खूनी संघर्ष की स्थिति बन गई।
स्थिति बिगड़ने की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन हंगामा शांत होने के बजाय और उग्र हो गया। ग्रामीणों ने पुलिस पर पत्थर फेंके और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस दौरान एक पुलिसकर्मी नरेंद्र ओझा को ग्रामीणों द्वारा बंधक बना लिए जाने की भी जानकारी सामने आई। उन्हें छुड़ाने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल गांव पहुंचा, जिसके बाद हालात और तनावपूर्ण हो गए।
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एसएएफ एएसआई नवाब सिंह ने बताया कि पेंची गांव में लोधा समाज के कुछ लोगों ने पुलिस बल पर हमला किया, जिसमें चार पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। घायलों में एसएएफ एएसआई नवाब सिंह और प्रधान आरक्षक मंगल सिंह तोमर के सिर में गंभीर चोटें आई हैं। सभी घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। घटना के बाद गांव में तनाव के हालात बने हुए हैं। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए गांव और आसपास के क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। मामले की जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है, लेकिन प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।