मंडला जिले में वर्षों से जहरीले सांपों का सुरक्षित रेस्क्यू कर लोगों की जान बचाने वाले सर्प मित्र अमन गोहिया का मंगलवार सुबह इलाज के दौरान निधन हो गया। सोमवार को बिछिया क्षेत्र के ग्राम डुंगरा में इंडियन स्पेक्टेकल्ड कोबरा (नाग) का रेस्क्यू करते समय सांप ने उन्हें डस लिया था। गंभीर हालत में पहले उन्हें जिला अस्पताल मंडला और बाद में मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया, लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकी।
जानकारी के अनुसार, अमन गोहिया अपने एक साथी के साथ बिछिया से करीब छह किलोमीटर दूर ग्राम डुंगरा में कोबरा का रेस्क्यू करने पहुंचे थे। रेस्क्यू के दौरान सांप को डिब्बे में सुरक्षित रखा जा रहा था, तभी पहले से क्षतिग्रस्त डिब्बे से कोबरा बाहर निकल आया और अमन के बाएं पैर की उंगली के पास डस लिया। घटना के तुरंत बाद उनके साथी उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिछिया लेकर पहुंचे, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए जिला अस्पताल मंडला रेफर कर दिया गया। यहां इलाज के दौरान उनकी हालत लगातार बिगड़ती रही।
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उपचार के दौरान अमन ने बताया था कि जिस डिब्बे में कोबरा को रखा जा रहा था, वह पहले से टूटा हुआ था। इसी कारण सांप बाहर निकल आया और उन्हें काट लिया। शुरुआत में उन्हें केवल पैर में दर्द महसूस हो रहा था, लेकिन कुछ समय बाद जहर का असर तेजी से बढ़ने लगा। जिला अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. विजय धुर्वे ने बताया कि मरीज का इलाज एमडी मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. मोहसिन की निगरानी में किया गया। आवश्यक जीवनरक्षक दवाएं और उपचार दिए गए, लेकिन उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ। उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया था, जहां इलाज के दौरान मंगलवार सुबह उनका निधन हो गया।
अमन गोहिया मंडला जिले में एक सक्रिय और अनुभवी सर्प मित्र के रूप में पहचाने जाते थे। उन्होंने अब तक कई जहरीले सांपों का सुरक्षित रेस्क्यू कर उन्हें जंगल में छोड़ा था। उनके निधन की खबर से वन्यजीव प्रेमियों, सामाजिक संगठनों और क्षेत्रवासियों में शोक की लहर है।