{"_id":"6a229f6c87a5bdc6240f2de6","slug":"video-ayathhaya-ma-janara-adarapasa-btha-karab-paca-mahana-taka-lga-ka-lgana-haga-lb-cakakara-2026-06-05","type":"video","status":"publish","title_hn":"अयोध्या में जनौरा अंडरपास बंद, करीब पांच महीने तक लोगों को लगाना होगा लंबा चक्कर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अयोध्या में जनौरा अंडरपास बंद, करीब पांच महीने तक लोगों को लगाना होगा लंबा चक्कर
अयोध्या में जनौरा अंडरपास के बगल में नए अंडरपास के निर्माण कार्य के चलते पुराने अंडरपास को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। जिसके चलते हजारों लोगों को रोजाना कई किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है। विभागीय योजना के अनुसार यह स्थिति करीब पांच माह तक बनी रहेगी।
निर्माण कार्य दो चरणों में होना है। पहले एक हिस्से का निर्माण करीब ढाई माह में पूरा किया जाएगा, इसके बाद दूसरे हिस्से पर काम होगा। दोनों चरणों के दौरान मार्ग बंद रहेगा। ऐसे में जनौरा, दर्शननगर, पूराबाजार, रसूलाबाद, तारुन और मेडिकल कॉलेज क्षेत्र से जुड़े लोगों को लंबे समय तक परेशानी झेलनी पड़ेगी।
अंडरपास बंद होने से जनौरा से दर्शननगर और मेडिकल कॉलेज की ओर जाने वाले लोगों को अब देवकाली बाईपास के रास्ते जाना पड़ रहा है। एक तरफ लगभग ढाई किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है, जबकि आने-जाने में यह दूरी करीब पांच किलोमीटर बढ़ जा रही है। नाका हनुमानगढ़ी, चौक और शहर के अन्य हिस्सों में जाने वाले लोगों को भी एक तरफ तीन किलोमीटर तक अतिरिक्त सफर करना पड़ रहा है।
पहले लोग जनौरा अंडरपास से होकर भीखापुर और मिर्जापुर माफी के रास्ते सीधे दर्शननगर और मेडिकल कॉलेज पहुंच जाते थे। यह मार्ग विद्यार्थियों, कर्मचारियों, व्यापारियों, मजदूरों और ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों के लिए सबसे आसान और कम दूरी वाला रास्ता था। मार्ग बंद होने के बाद यात्रा का समय बढ़ गया है और ईंधन की खपत भी अधिक हो रही है। वहीं, कई लोग पैदल यात्री नेशनल हाईवे के ऊपर से होकर आ जा रहे हैं इसी हादसे की भी संभावना है।
शुरुआत में पैदल राहगीरों के लिए आवागमन की सीमित व्यवस्था छोड़ी गई थी, लेकिन अब निर्माण कार्य तेज होने के कारण उसे भी पूरी तरह बंद कर दिया गया है। इससे पैदल आने-जाने वालों को भी लंबा चक्कर लगाना पड़ रहा है। भीषण गर्मी में अतिरिक्त दूरी तय करना लोगों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।
वहीं, जनौरा के पास नाका हनुमानगढ़ी की ओर जाने वाले संपर्क मार्ग पर भी निर्माण कार्य चल रहा है। इसके कारण वहां से आवागमन भी प्रभावित है। दो महत्वपूर्ण मार्गों के एक साथ बंद होने से आसपास के क्षेत्रों में यातायात का दबाव बढ़ गया है।
अंडरपास बंद होने का सीधा असर देवकाली बाईपास पर दिखाई दे रहा है। यहां दिनभर वाहनों की लंबी कतारें लग रही हैं। अवध विश्वविद्यालय, मकबरा और नाका क्षेत्र में भी यातायात का दबाव बढ़ने से जाम की स्थिति बन रही है। सबसे अधिक परेशानी मेडिकल कॉलेज जाने वाले मरीजों और उनके परिजनों को हो रही है, जिन्हें समय पर अस्पताल पहुंचने के लिए अतिरिक्त दूरी और जाम दोनों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण कार्य जरूरी है, लेकिन इसके दौरान वैकल्पिक यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने की जरूरत है। उनका कहना है कि यदि यही स्थिति अगले पांच माह तक बनी रही तो दैनिक यात्रियों, छात्रों, व्यापारियों और मरीजों की परेशानियां और बढ़ेंगी।
जनौरा अंडरपास से प्रतिदिन हजारों लोग दर्शननगर, मेडिकल कॉलेज, पूराबाजार, रसूलाबाद और तारुन की ओर आवागमन करते थे। मार्ग बंद होने के बाद अधिकांश वाहनों को देवकाली बाईपास से होकर गुजरना पड़ रहा है। इससे रोजाना हजारों लीटर अतिरिक्त ईंधन की खपत हो रही है और लोगों का 15 से 30 मिनट तक अतिरिक्त समय भी खर्च हो रहा है।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।