आगरा के थाना सिकंदरा के केके नगर में डॉक्टर रजनीकांत शर्मा के घर डाका डालने वाले लुटेरे वारदात के बाद बेखौफ घूमते रहे। तीन लुटेरे अपनी प्रेमिकाओं से मिल गए थे। उन पर खूब रुपये लुटाए थे। पुलिस ने बताया कि एक लुटेरे ने लूट के बाद कपड़े नहीं बदले। उसने लूटी हुई चेन ही अपने गले में डाल ली। उसे उम्मीद थी कि पुलिस नहीं पकड़ पाएगी। पुलिस ने शुक्रवार को डकैती का घटनाक्रम दोहराया। तीन बदमाशों साथ लेकर पुलिस टूंडला तक गई। बदमाश वारदात करने किस रास्ते से आए, वारदात के बाद किस रास्ते से भागे, यह सब देखा गया। इस रास्ते में गवाहों के बयान और सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले गए। इसके बाद छह आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से सभी को जेल भेज दिया गया।
आगरा डकैती कांड: वारदात के बाद प्रेमिकाओं से मिलने गए थे लुटेरे, खूब लुटाए रुपये
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मुकदमे में सभी आरोपियों को कड़ी सजा मिले, उसके लिए पुख्ता साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। इसलिए पुलिस ने शुक्रवार को बदमाशों को जेल भेजने से पहले क्राइम सीन रिक्रिएट किया। डॉक्टर के घर में विपिन, अरुण, विशाल और गणेश घुसे थे। बाकी बदमाश बाहर खड़े होकर निगरानी कर रहे थे। बाद में सब मिले थे। पुलिस ने अरुण, विशाल और गणेश को अपने साथ लिया। उनसे पूछा गया कि वारदात करने किस रास्ते से आए, किस रास्ते से भागे, कहां गए, कहां पर रुके, कहां पर कॉल किया, पुलिस ने आरोपियों को साथ लेकर सीन रिक्रिएट किया।
पुलिस ने बताया कि डाक्टर के घर में लूट की पूरी प्लानिंग की गई थी। बदमाशों को पता था कि डॉक्टर अपना मकान बेचना चाहते हैं। इस मकान में उनका किरायेदार रहता है। उसकी रिश्तेदारी फिरोजाबाद में है। इसलिए उसे फंसाने का प्लान बना रखा था। बदमाश लूट करने के बाद सबसे पहले बाइक से फिरोजाबाद की तरफ ही गए थे।
बदमाशों ने वहां जाकर लूटा गया मोबाइल भी कुछ देर के लिए चलाया था, लेकिन उसे कुछ देर बाद ही बंद कर दिया गया। इससे पुलिस को बदमाशों की लोकेशन मिले तो फिरोजाबाद मार्ग की आए। ऐसे में शक किरायेदार पर ही जाए। वहीं डॉक्टर भी फिरोजाबाद में तैनात हैं। ऐसे में पुलिस लूट करने वालों के तार वहां से जुड़े होने के बारे में सोचती। वहीं बबलू नामक बदमाश के नाम की भी चर्चा क्षेत्र में की गई। वह कहां है, यह किसी को पता नहीं है।