झमाझम मानसूनी बारिश का असर मेरठ शहर में जलभराव के रूप में दिखाई दिया। मुख्य मार्गों से लेकर शहर की गलियों तक में पानी ही पानी नजर आया। जगह-जगह जलभराव के कारण लोगों की परेशानी बढ़ गई। कई इलाकों में तो लोग घरों में कैद नजर आए। वजह नालों की गंदगी गलियों के साथ घरों में उतर आई थी।
बारिश से बदतर हालात: शहर भर में पानी-पानी, थम गई जिंदगानी, यकीन नहीं तो देखें ये तस्वीरें
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शहर की मलिन बस्तियों और निचले इलाकों में जलभराव से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया। फतेउल्लापुर रोड, मजीद नगर, खुशहाल नगर, इत्तेफाक नगर में तो लोग घरों में कैद हो गए। फतेउल्लापुर रोड निवासी यूसूफ, जहीर मेवाती ने बताया कि नाले की सफाई न होने से गंदगी व्याप्त है। इस कारण जलभराव हो रहा है। यहां पानी निकासी की कोई व्यवस्था नही है। शौकत कॉलोनी, तारापुरी, आशियाना कॉलोनी में भी पानी भरने से क्षेत्रीय लोग परेशान रहे।
कई गांवों में घरों में घुसा पानी
गंगानगर समेत कई गांवों में बारिश का पानी घरों में घुस गया। सड़कों के गड्डों में भरे पानी से वाहन चालकों को दिक्कत हुई। बरसात पूर्व नालों व तालाबों की सफाई न होने से लोगों में प्रशासन के प्रति आक्रोश दिखा। अम्हैड़ा निवासी राबिन सिवाच, फकीर चंद, राकेश महरोल, मुकेश महरोल, सतीश शर्मा आदि ने कहा कि जलभराव ने लोगों को घरों में कैद कर दिया है।
तालाब का पानी ओवरफ्लो होकर घरों में घुस गया है। गंगानगर के एल-ब्लाक में जलभराव की स्थिति रही। कसेरूबक्सर से पीएनबी के रास्ते पर, बी-ब्लाक में इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल के पास सड़क के गड्डों में पानी भरने से वाहन चालक असहज रहे। सिखेड़ा और यशोदाकुंज कॉलोनी के लोगों ने बताया कि कॉलोनी के बाहर बना नाला सिल्ट व कूड़े से अटा है। नाला लबालब हो गया।
कैंट में पॉश इलाकों में भी भरा पानी
बारिश में कैंट के पॉश इलाके भी डूब गए। वेस्ट एंड रोड पर कई जगह पानी भर गया। लालकुर्ती, ढोलकी मोहल्ला, दाल मंडी, रविंद्रपुरी, पत्ता मोहल्ला, कबाड़ी बाजार इलाकों में पानी घरों में घुस गया। वेस्ट एंड रोड पर कई पेड़ भी झुक गए।
कैंट बोर्ड प्रशासन के दावे थे कि सभी नालों को साफ करा दिया गया है, लेकिन दो दिनों में बारिश में ही पोल खुलकर सामने आ गई। लोगों का कहना है सिर्फ कागजों में नाला सफाई होती है, बारिश में सच सामने आ जाता है।
बारिश से साथ चलीं तेज हवाएं
मंगलवार दोपहर करीब तीन बजे शुरू हुई बारिश शाम छह बजे तक रुक रुककर हुई। पल्लवपुरम के सीएल, सीएच, एन पॉकेट, एच पॉकेट, डिवाइडर रोड पर जलभराव से सभी परेशान रहे। मौसम कार्यालय पर अधिकतम तापमान 32.2 डिग्री और न्यूनतम 25.0 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया।
अधिकतम आर्द्रता 95 व न्यूनतम 71 प्रतिशत दर्ज की गई। बारिश रात में 4 मिमी और दोपहर में 21.6 मिमी रिकार्ड की गई। जुलाई माह में 28 मिमी बारिश रिकार्ड हो चुकी है। कृषि विवि के मौसम विशेषज्ञ डॉ. यूपी शाही का कहना है कि अभी तीन दिन तक मौसम ऐसे ही रहेगा, 14 जुलाई तक बारिश के आसार हैं।