ठंड के बीच गुरुवार की शाम प्रभु यीशु के जन्म के साथ ही गिरजाघरों से लेकर श्रद्धालुओं के घर उल्लास से भर गए। कैथेड्रल में शाम सात बजे से करीब दो घंटे तक चले पवित्र मिस्सा पाठ के बाद गिरजाघर में प्रभु का जन्म हुआ। कोहरे संग ठंड की चादर के बीच प्रभु जन्म का इंतजार करते श्रद्धालुओं ने कैंप फायर किया।
Christmas 2020: जगत को तारने चरनी में जन्मे प्रभु यीशु, गीत-संगीत के साथ लोगों ने किया याद
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वाराणसी धर्मप्रांत के बिशप यूजीन जोसेफ ने अन्य वरिष्ठ पुरोहितों के साथ मिस्सा पाठ किया। इसके बाद प्रभु जन्म हुआ जन्म के साथ ही चर्च परिसर दुआओं के साथ मेरी क्रिसमस से गूंज उठा। शुक्रवार सुबह से शाम तक नगर के तमाम गिरजाघरों में चर्च में प्रभु के जन्म का जश्न मानेगा। वही सैंट मेरीज महागिरजाघर में आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को उपहार बांटे जाएंगे। क्रिसमस सर्विस के साथ हिंदी और अंग्रेजी में मिस्सा बलिदान पाठ होंगे।
रंगीन लाइटों से जगमगाया गिरजाघर
एलइडी लाइटों से प्रभु का जन्म दिखाती झांकियों और रंग-बिरंगी रोशनी से जगमग गिरजाघर में कैरोल सिंगिंग हुई। कैरोल की टोलीयों ने परंपरागत कैरोल यीशु आया चरनी में..., पापियों से बचाने को... के साथ प्रभु जन्म का हर्ष चर्च सभागार से प्रांगण परिसर तक मनाया। प्रभु जन्म के बाद सभी ने एक दूसरे को मेरी क्रिसमस की बधाई दी।
उधर, शहर के सिगरा, तेलियाबाग, कैंटोंमेंट स्थित मिशन कंपाउंड रंग-बिरंगी रोशनी से जगमगा उठे। क्रिसमस के अवसर पर नगर के सेंट पॉल चर्च सिगरा, सेंट थॉमस चर्च गोदौलिया, चर्च ऑफ बनारस, रामकटोरा चर्च, सुंदरपुर स्थित ईसीआई चर्च रोशनी से शाम में जगमग हुए।
घरों में गाए गीत मेरा प्रभु जन्मा प्यारा प्रभु जन्मा
कोरोना के कारण इस बार मिशन कंपाउंड में रहने वाले ईसाई समुदाय ने घरों में ही धूमधाम से क्रिसमस की खुशियां मनाईं। अर्धरात्रि में प्रभु जन्म के बाद मेरी क्रिसमस की गूंज से पूरा इलाका गुंजायमान रहा। कई घरों में कैरोल सिंगिंग के बाद कैंप फायर का आयोजन हुआ। केक के साथ-साथ कैंडल लाइट डिनर में परिवार के लोगों ने एक साथ प्रभु यीशु के आगमन की खुशियां मनाई।