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Aligarh: जोधपुर के खरबूजे-तरबूजे छाए बाजार में, अलीगढ़ का कुंदन बेमौसम बारिश के पानी में डूबा
आशीष निगम, अमर उजाला, अलीगढ़
Published by: Chaman Kumar Sharma
Updated Mon, 04 May 2026 05:29 PM IST
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सार
राजस्थान के जोधपुर में मधु किस्म का खरबूजा और दुर्गापुर मीठा किस्म का तरबूज बोया जाता है। दोनों मीठे और स्वादिष्ट फल हैं, जिससे इसकी मांग कई शहरों तक हो रही है। अलीगढ़ में भी इन दिनों यह खूब खाया जा रहा है।
खराब हुई खरबूजे की फसल, क्वार्सी पर खरबूजा खरीदते ग्राहक
- फोटो : संवाद
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विस्तार
बाजार में राजस्थान के जोधपुर के खरबूजे और तरबूजे छा गए हैं, लेकिन अलीगढ़ में पूरी फसल पानी की भेंट चढ़ गई। दरअसल, राजस्थान के जोधपुर में मधु किस्म का खरबूजा और दुर्गापुर मीठा किस्म का तरबूज बोया जाता है। दोनों मीठे और स्वादिष्ट फल हैं, जिससे इसकी मांग कई शहरों तक हो रही है। अलीगढ़ में भी इन दिनों यह खूब खाया जा रहा है। इधर, अलीगढ़ का खरबूजा (किस्म-कुंदन) और तरबूज ( किस्म-किरण नंबर-एक) बेमौसम की बरसात में सड़ गया। जिससे किसानों को बड़ा नुकसान हुआ है और स्थानीय लोगों को इनकी मिठास नहीं मिल रही है।
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जिला उद्यान अधिकारी सुनील कुमार ने बताया कि इगलास, अतरौली और बिजौली ब्लॉक में खरबूजे और तरबूज की फसल तकरीबन 900 हेक्टेयर में बोई गई थी। बेमौसम की बरसात में हुए जलभराव के कारण फसलें खराब हो गईं।
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सांकरा निवासी दुर्वेश कुमार ने बताया कि 20 बीघा में तरबूज व खरबूज की फसल थी। बारिश और जलभराव के कारण खरबूज पूरी तरह खराब हो गया, जबकि तरबूज का भाव मात्र 800 रुपये प्रति कुंतल मिल रहा है। इसमें करीब एक लाख रुपये की लागत आई है। प्रशासन को नुकसान का आकलन कर मुआवजा देना चाहिए। फतेहपुर निवासी किसान कालीचरण ने बताया कि बेमौसम की बरसात और पानी से फसल प्रभावित हुई है। 20 बीघा तरबूज की खेती में लागत के अनुरूप भाव नहीं मिल पा रहा, जिससे किसानों में मायूसी है।
सैकड़ों बीघा तरबूज-खरबूज बर्बाद
सांकरा खादर क्षेत्र से गुजर रही गंगा में अधिक पानी छोड़े जाने से फसलों को नुकसान हुआ है। सैकड़ों बीघा तरबूज और खरबूज की फसल नष्ट हो गई, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ रहा है। खादर क्षेत्र के टोडरपुर, रुस्तम नगर, बबरोतिया, आलिया नगला, हारनपुर, किस्तौली, गंगा वास, सीकरी, कंचनपुर आदि गांवों में यह नुकसान हुआ है।