Cyber Crime: साइबर ठग हो रहे अपडेट, न ओटीपी मांगा, न कोई लिंक आया, खाते से उड़ा दी रकम
शिकायतकर्ता का कहना है कि उसे न कोई ओटीपी आया, न उन्होंने कोई लिंक ओपन किया, फिर भी खाते से रकम कट गई। बात सही है कि आपको पता भी नहीं चलेगा कि किसी साइबर ठग ने आपको निशाना बनाया है।
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साइबर ठग नित नए तरीके इजाद कर रहे हैं। अब तो हालात यह है कि आपसे बिना ओटीपी मांगे या बिना संपर्क या लिंक भेजे ही आपके खाते से रकम उड़ा ली जा रही है। अलीगढ़ में भी हाल में ऐसे कुछ मामले दर्ज हुए हैं। सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के अनुसार अगर पुलिस जांच में यह साबित होता हैं तो ऐसे मामलों में बैंक की जवाबदेही तय होगी। उसमें बैंक को ही रकम वापस करनी होगी।
जिले में पिछले कुछ दिनों में साइबर थाने में ऐसे मामले दर्ज हुए हैं, जिसमें शिकायतकर्ता का कहना है कि उसे न कोई ओटीपी आया, न उन्होंने कोई लिंक ओपन किया, फिर भी खाते से रकम कट गई। साइबर नोडल एसपी देहात अमृत जैन का कहना है कि ये बात सही है कि आपको पता भी नहीं चलेगा कि किसी साइबर ठग ने आपको निशाना बनाया है, लेकिन होता ये है कि कहीं न कहीं किसी मोड़ पर आप गलती कर जाते हैं। उसी गलती पर ठग आपका खाते में रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर कॉल या एसएमएस मर्जिंग स्कैम से जोड़ लेते हैं।
ऐसी स्थिति में आपको एसएमएस नहीं आता। न आपसे कोई ओटीपी मांगता है। खाते से पैसे कट जाते हैं। अब जो मामले दर्ज हुए हैं, उनकी पुरानी जांच मेंं ही स्पष्ट होगा कि उनके स्तर से गलती कहां हुई है। उसमें बैंक भी अपने स्तर से जांच कराती है। अगर ग्राहक की गलती नहीं पाई जाती तो बैंक बीमा के जरिये रकम वापस करती है।
किसी भी मामले में सबसे पहले ग्राहक को साइबर पोर्टल या साइबर नंबर पर शिकायत करनी होती है। उसकी जांच में अगर ग्राहक की गलती नहीं पाई जाती तो उसे वरीयता के आधार पर रुपये वापस किए जाते हैं। ये कम ही संभव होता है कि ग्राहक की गलती न निकले। - अशोक कुमार सोनी, प्रबंधक लीड बैंक
ये हुए ताजा मामले दर्ज
- नगला मोलवी देहली गेट के व्यक्ति ने साइबर थाने में रिपोर्ट कराई है कि उनका खाता गभाना एसबीआई में है। 24 जनवरी को 2.70 लाख रुपये अचानक से कट गए। बाद में संदेश आने पर जानकारी मिली।
- जोहराबाग सिविल लाइंस के व्यक्ति ने साइबर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है कि 26 जनवरी को उसके एसबीआई बचत खाते से ऑनलाइन लेनदेन करते समय तीन बार में एक लाख रुपये कट गए।
- गांव केशोपुर जोफरी के रहने वाले व्यक्ति ने साइबर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है कि उसके आईसीआईसीआई के क्रेडिट कार्ड से अचानक से दो बार में एक लाख 13 हजार रुपये कट गए।
- नगला मल्लाह सिविल लाइंस के व्यक्ति ने साइबर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है कि 22 जनवरी को उनके एसबीआई खाते से उनकी बिना जानकारी के यूपीआई के जरिये 2.98 लाख रुपये कट गए।
- लोधा के व्यक्ति ने साइबर थाने में रिपोर्ट कराई है कि उनका एचडीएफसी में खाता है। जिसमें से उनकी बिना जानकारी के सात जनवरी को 6.96 लाख रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर कर लिए गए।
- सराय दुबे गांधी पार्क के व्यक्ति ने साइबर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है कि उनका उत्कर्ष स्माल फाइनेंस में एफडीआर खाता है। उसमें से पांच दिसंबर को तीन बार में करीब तीन लाख रुपये अचानक से कट गए।
शेयर में निवेश कराने के नाम पर ठगे 25 लाख
क्वार्सी क्षेत्र के स्वर्ण जयंती नगर के व्यक्ति संग शेयर बाजार में निवेश के नाम पर 25 लाख रुपये की ठगी कर ली गई। इस संबंध में साइबर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराते हुए पीड़ित ने बताया कि उनके पास सात नवंबर को काव्या गोडबोले नाम की महिला के व्हॉटसएप नंबर से कॉल आई थी। उसने शेयर बाजार में निवेश का ऑफर दिया।
उन्होंने बताया कि पहले इन्कार किया तो किसी शिक्षक सतीश की जानकारी देते हुए बताया कि आप उनसे भी जानकारी कर सकते हैं। फिर तमाम लुभावने ऑफर दिखाए। बातों में आकर उन्होंने फायर्स सिक्योरिटीज प्राइवेट लिमिटेड, बेंगलुरु के साथ एग्रीमेंट किया है, जिसके अनुसार प्रॉफिट प्लान चला रहे हैं, उसमें 200 प्रतिशत का फायदा होगा। बाद में एक ग्रुप का लिंक भेजा, जिसे ज्वाइन कर लिया गया। वहां रोजाना शेयर मार्केट का अपडेट दिया जाता था।
उन्होंने भरोसा कर 18 दिसंबर 2025 से 28 जनवरी 2026 तक विभिन्न बैंक खातों में कईबार में 25 लाख रुपये ट्रांसफर कराए। अब जब रकम वापस मांगना शुरू किया तो शुक्रवार को फायर्स सिक्योरिटीज की ओर से अनुषा नाम की महिला ने बताया कि हमारा आपके साथ कोई करार नहीं हुआ। साइबर थाना पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
