रक्षाबंधन 2026 : रक्षा बंधन से पहले ट्रेनों में लंबी वेटिंग, दिल्ली-मुंबई रूट फुल, तत्काल टिकट का ही सहारा
रक्षाबंधन से पहले प्रयागराज आने वाली ट्रेनों में सीटों का संकट गहरा गया है। दिल्ली, मुंबई, लुधियाना, गुरुग्राम समेत बड़े शहरों से आने वाली प्रमुख ट्रेनों में 26 और 27 अगस्त को लंबी वेटिंग है। नई दिल्ली-प्रयागराज वंदे भारत, प्रयागराज एक्सप्रेस, शिवगंगा एक्सप्रेस और हमसफर जैसी ट्रेनों में कंफर्म बर्थ मिलना मुश्किल हो गया है। ऐसे में यात्रियों के सामने तत्काल टिकट का ही विकल्प बचा है।
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रक्षा बंधन पर्व से पहले मुंबई, दिल्ली समेत अन्य कई शहरों से आने वालीं सभी प्रमुख ट्रेनों में लंबी प्रतीक्षा सूची है। इससे घर से दूर पढ़ाई या नौकरी कर रहे भाई-बहनों को त्योहार पर घर पहुंचने में परेशानी हो सकती है। कीडगंज की पल्लवी को अपने भाई मयंक का इंतजार है लेकिन लुधियाना से आने वाली किसी भी ट्रेन में पर्व के पहले कंफर्म बर्थ नहीं है। यही हाल गुरुग्राम में नौकरी करने वाले अमित श्रीवास्तव का है। उन्हें भी पर्व पर प्रयागराज आना है। रक्षा बंधन से ठीक पहले, यानी 26 और 27 अगस्त की तारीखों में हालात सबसे ज्यादा मुश्किल नजर आ रहे हैं।
नई दिल्ली से प्रयागराज आने वाली दोनों वंदे भारत एक्सप्रेस की चेयर कार में प्रतीक्षा सूची का आंकड़ा 100 को पार कर चुका है। वीआईपी ट्रेन कही जाने वाली प्रयागराज एक्सप्रेस और शिवगंगा एक्सप्रेस का भी यही हाल है। शिवगंगा के एसी इकोनॉमी में जहां नो रूम की स्थिति है, वहीं स्लीपर और एसी श्रेणियों में लंबी वेटिंग चल रही है।
इसी तरह नई दिल्ली-प्रयागराज हमसफर एक्सप्रेस, आनंद विहार-रीवा एक्सप्रेस और पुरुषोत्तम एक्सप्रेस जैसी प्रमुख गाड़ियों में भी कंफर्म बर्थ मिलना लगभग नामुमकिन हो गया है। दिल्ली रूट की अन्य महत्वपूर्ण ट्रेनें जैसे मगध एक्सप्रेस, नेताजी एक्सप्रेस, ऊंचाहार और कालिंदी एक्सप्रेस में भी प्रतीक्षा सूची है।
मुंबई रूट से भी आने वाली ट्रेनें फुल
सिर्फ दिल्ली ही नहीं बल्कि मुंबई रूट से सफर करने वाले यात्रियों की मुश्किलें भी कम नहीं हैं। छत्रपति शिवाजी-आसनसोल, लोकमान्य तिलक-डिब्रूगढ़, कोलकाता मेल, गोदान एक्सप्रेस, साकेत एक्सप्रेस, पवन एक्सप्रेस, महानगरी और कामायनी जैसी तमाम ट्रेनें पूरी तरह भर चुकी हैं। लोगों के सामने अब केवल तत्काल कोटे का ही सहारा बचा है। एनसीआर के सीनियर पीआरओ डॉ. अमित मालवीय का कहना है कि कुछ स्पेशल ट्रेनों में जगह है यात्री उसका लाभ उठा सकते हैं।