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Prayagraj News : निजी विद्यालयों पर कसा शिकंजा, फीस व यूनिफॉर्म मनमानी पर लगेगा लगाम

अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sat, 11 Apr 2026 03:38 PM IST
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सार

जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा की अध्यक्षता में शुक्रवार को संगम सभागार में जिला शुल्क नियामक समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में उप्र स्ववित्तपोषित स्वतंत्र विद्यालय (शुल्क विनियमन) अधिनियम 2018 के प्रावधानों के अनुपालन पर विस्तार से चर्चा की गई।

Prayagraj News: Crackdown on private schools, arbitrary fees and uniforms will be curbed
कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक करते जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार

जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा की अध्यक्षता में शुक्रवार को संगम सभागार में जिला शुल्क नियामक समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में उप्र स्ववित्तपोषित स्वतंत्र विद्यालय (शुल्क विनियमन) अधिनियम 2018 के प्रावधानों के अनुपालन पर विस्तार से चर्चा की गई।

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समिति के सदस्य सचिव व जिला विद्यालय निरीक्षक पीएन सिंह ने बताया कि सभी वित्तविहीन विद्यालयों (सीबीएसई, सीआईएससीई, यूपी बोर्ड) को अपनी शुल्क संरचना वेबसाइट और सूचना पट पर प्रदर्शित करना अनिवार्य है। किसी भी अभिभावक से निर्धारित शुल्क के अतिरिक्त कोई धनराशि नहीं ली जाएगी।
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जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि कोई भी विद्यालय छात्रों या अभिभावकों को किसी विशेष दुकान से किताबें, या यूनिफॉर्म खरीदने के लिए बाध्य नहीं करेगा। साथ ही बिना नियमों के शुल्क वृद्धि करने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। पहली बार नियमों के उल्लंघन पर एक लाख रुपये, दूसरी बार पांच लाख रुपये का जुर्माना और तीसरी बार मान्यता समाप्त करने की कार्रवाई का प्रावधान है।
डीएम ने कहा कि फीस वृद्धि और यूनिफॉर्म-पुस्तकों में मनमानी को लेकर लगातार शिकायतें मिल रही हैं। इनके निस्तारण के लिए नगर मजिस्ट्रेट और जिला विद्यालय निरीक्षक को संयुक्त रूप से नोडल अधिकारी नामित किया गया है। अभिभावक इन कार्यालयों में लिखित शिकायत दर्ज करा सकते हैं।

इसके साथ ही जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जनपद के सभी निजी विद्यालयों से पिछले तीन वर्षों की ऑडिट रिपोर्ट, पांच वर्षों की शुल्क विवरणी और शिक्षकों-कर्मचारियों के वेतन व वार्षिक वृद्धि का ब्योरा एक सप्ताह में उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। साथ ही पंद्रह दिन बाद दोबारा बैठक कर इनकी समीक्षा और दोषी पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

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