{"_id":"69b30c520d9be45623022beb","slug":"now-a-leopard-is-trapped-in-a-cage-in-gaudiya-village-bahraich-news-c-98-1-bhr1024-145705-2026-03-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bahraich News: अब गौड़िया गांव में पिंजरे में कैद हुआ तेंदुआ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bahraich News: अब गौड़िया गांव में पिंजरे में कैद हुआ तेंदुआ
विज्ञापन
गौरिया गांव में वन विभाग द्वारा पिंजड़े में कैद तेंदुआ।
- फोटो : गौरिया गांव में वन विभाग द्वारा पिंजड़े में कैद तेंदुआ।
विज्ञापन
शिवपुर। गौड़िया गांव के पास लगाए गए पिंजरे में बुधवार रात एक वयस्क तेंदुआ कैद हो गया। यह तेंदुआ पिछले एक पखवाड़े से बाजपुरवा, एकघरा और गौड़िया इलाके में ग्रामीणों और पशुओं पर लगातार हमले कर रहा था। इससे ग्रामीणों में भय का माहौल बना हुआ था।
यह इलाका सरयू नदी के कछार में स्थित है। एकघरा गांव निवासी आफरीन गत पांच मार्च को अपनी बड़ी बहन के साथ नदी किनारे घास काट रही थीं, तभी तेंदुए ने उन पर हमला कर दिया, जिससे वह घायल हो गई थीं। घटना के बाद डीएफओ सुंदरेशा ने मौके का निरीक्षण कर सुरक्षा के मद्देनजर इलाके में चार पिंजरे लगवाए थे। साथ ही वन विभाग की चार टीमें निगरानी के लिए तैनात की गई थीं।
इसके बावजूद बुधवार को ग्राम गौड़िया निवासी राजेंद्र मिश्रा की गाय और बछिया का तेंदुए ने शिकार कर लिया। इस हमले के बाद वन विभाग ने तेंदुए की गतिविधियों का अध्ययन कर पिंजरे की स्थिति बदल दी। बुधवार दोपहर बाद वनकर्मियों ने पिंजरे को नदी किनारे बाजपुरवा के पास लगाया और उसमें बकरी को चारे के रूप में बांध दिया। रात में बकरी के लालच में तेंदुआ पिंजरे में कैद हो गया।
बृहस्पतिवार सुबह जब गांव के लोगों को इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने राहत की सांस ली। डीएफओ ने बताया कि तेंदुए को सुरक्षित पकड़ लिया गया है। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों को अभी भी सतर्क रहने की आवश्यकता है, क्योंकि इलाके में अन्य तेंदुओं की मौजूदगी की संभावना से इन्कार नहीं किया जा सकता। वन विभाग की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं और क्षेत्र में अभी भी तीन पिंजरे अलग-अलग स्थानों पर लगे हुए हैं।
अब्दुल्लागंज के जंगल में छोड़ा जाएगा
डिप्टी रेंजर अमित वर्मा ने बताया कि डीएफओ मौके पर पहुंच रहे हैं। पिंजरे में कैद तेंदुआ का स्वास्थ्य परीक्षण हुआ है, वह नर तेंदुआ है और पूरी तरह से स्वस्थ है। उन्होंने कहा कि अधिकारियों के निर्देश के तहत तेंदुए को अब्दुल्लागंज रेंज के जंगल में छोड़ा जाएगा।
Trending Videos
यह इलाका सरयू नदी के कछार में स्थित है। एकघरा गांव निवासी आफरीन गत पांच मार्च को अपनी बड़ी बहन के साथ नदी किनारे घास काट रही थीं, तभी तेंदुए ने उन पर हमला कर दिया, जिससे वह घायल हो गई थीं। घटना के बाद डीएफओ सुंदरेशा ने मौके का निरीक्षण कर सुरक्षा के मद्देनजर इलाके में चार पिंजरे लगवाए थे। साथ ही वन विभाग की चार टीमें निगरानी के लिए तैनात की गई थीं।
विज्ञापन
विज्ञापन
इसके बावजूद बुधवार को ग्राम गौड़िया निवासी राजेंद्र मिश्रा की गाय और बछिया का तेंदुए ने शिकार कर लिया। इस हमले के बाद वन विभाग ने तेंदुए की गतिविधियों का अध्ययन कर पिंजरे की स्थिति बदल दी। बुधवार दोपहर बाद वनकर्मियों ने पिंजरे को नदी किनारे बाजपुरवा के पास लगाया और उसमें बकरी को चारे के रूप में बांध दिया। रात में बकरी के लालच में तेंदुआ पिंजरे में कैद हो गया।
बृहस्पतिवार सुबह जब गांव के लोगों को इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने राहत की सांस ली। डीएफओ ने बताया कि तेंदुए को सुरक्षित पकड़ लिया गया है। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों को अभी भी सतर्क रहने की आवश्यकता है, क्योंकि इलाके में अन्य तेंदुओं की मौजूदगी की संभावना से इन्कार नहीं किया जा सकता। वन विभाग की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं और क्षेत्र में अभी भी तीन पिंजरे अलग-अलग स्थानों पर लगे हुए हैं।
अब्दुल्लागंज के जंगल में छोड़ा जाएगा
डिप्टी रेंजर अमित वर्मा ने बताया कि डीएफओ मौके पर पहुंच रहे हैं। पिंजरे में कैद तेंदुआ का स्वास्थ्य परीक्षण हुआ है, वह नर तेंदुआ है और पूरी तरह से स्वस्थ है। उन्होंने कहा कि अधिकारियों के निर्देश के तहत तेंदुए को अब्दुल्लागंज रेंज के जंगल में छोड़ा जाएगा।