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Budaun News: 30 दिन बाद एचपीसीएल प्लांट में फिर गूंजी मशीनों की आवाज, रनिंग ट्रायल सफल
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एचपीसीएल प्लांट। संवाद
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बदायूं। मूसाझाग थाना क्षेत्र के सैजनी गांव स्थित एचपीसीएल प्लांट में लगभग एक महीने के ठहराव के बाद शनिवार को फिर से हलचल तेज हो गई। बीती 12 मार्च को प्लांट परिसर में हुई दो अधिकारियों की सनसनीखेज हत्या के बाद से पूरी तरह बंद पड़ी इस औद्योगिक इकाई को दोबारा पटरी पर लाने के लिए प्रशासन और कंपनी प्रबंधन ने संयुक्त रूप से प्रयास तेज कर दिए हैं। इसी क्रम में शनिवार को प्लांट में रनिंग ट्रायल कराया गया, जो सफल रहा। इस ट्रायल के सफल होने के बाद अब 13 या 15 अप्रैल से प्लांट के नियमित संचालन की संभावना जताई जा रही है।
शनिवार को कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों और विशेषज्ञ तकनीकी टीम ने प्लांट परिसर में डेरा डालकर मशीनों, उपकरणों और उत्पादन प्रक्रिया की बारीकी से जांच की। इस दौरान एसडीएम दातागंज धर्मेंद्र कुमार सिंह स्वयं मौके पर मौजूद रहे और पूरे ट्रायल की निगरानी की।
अधिकारियों के अनुसार, ट्रायल के दौरान मशीनों की कार्यप्रणाली संतोषजनक पाई गई और उत्पादन प्रक्रिया में किसी प्रकार की बड़ी बाधा सामने नहीं आई। इससे यह संकेत मिला है कि प्लांट को जल्द ही पूरी क्षमता के साथ संचालित किया जा सकता है।
प्लांट संचालन को सुचारू रूप से शुरू करने के लिए कंपनी प्रबंधन ने करीब 50 कर्मचारियों की भर्ती प्रक्रिया पूरी कर ली है। यहां करीब 150 लोगों की भर्ती होनी है। इसमें बाहरी लोग भी लाए जा रहे हैं। खास बात यह है कि इन भर्तियों में स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता दी गई है, जिससे क्षेत्र में रोजगार के अवसर भी बढ़े हैं। सभी चयनित कर्मचारियों का पुलिस सत्यापन भी कराया गया है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था को लेकर किसी प्रकार की चूक न हो। हत्या की घटना के बाद सुरक्षा को लेकर प्रशासन विशेष सतर्कता बरत रहा है।
पराली निस्तारण में निभाएगा अहम भूमिका
एचपीसीएल प्लांट का संचालन केवल औद्योगिक दृष्टि से ही नहीं, बल्कि पर्यावरणीय लिहाज से भी बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। फिलहाल प्लांट परिसर में करीब 72 टन पराली पहले से ही डंप है, जिसे प्रारंभिक चरण में खपाने की तैयारी की जा रही है। इसके बाद उत्पादन बढ़ने पर पीलीभीत, बरेली, शाहजहांपुर समेत अन्य जिलों और पंजाब से भी बड़े पैमाने पर पराली मंगाने की योजना है। इससे किसानों को पराली जलाने की समस्या से राहत मिलेगी और वायु प्रदूषण में कमी लाने में मदद मिलेगी।
हत्याकांड के बाद सुरक्षा व्यवस्था की गई सख्त
गौरतलब है कि 12 मार्च को प्लांट में दो अधिकारियों की हत्या की घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया था। इसके बाद प्लांट को एहतियातन बंद कर दिया गया था और सुरक्षा व्यवस्था की व्यापक समीक्षा की गई। अब दोबारा संचालन से पहले कंपनी और प्रशासन दोनों ही स्तर पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं। प्लांट परिसर में निगरानी बढ़ाई गई है और हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। पुलिस चौकी पर पुलिस कर्मी तैनात है इसके साथ ही जगह जगह सीसीटीवी कैमरे लगाने के साथ पीएसी भी तैनात है। कंपनी के सुरक्षा गार्ड भी तैनात किए गए हैं।
औद्योगिक गतिविधियों को मिलेगी रफ्तार
करीब एक माह तक बंद रहने के कारण जहां उत्पादन पूरी तरह ठप हो गया था, वहीं स्थानीय स्तर पर रोजगार और व्यापारिक गतिविधियों पर भी असर पड़ा था। अब प्लांट के फिर से शुरू होने की उम्मीद से क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। इससे न केवल स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा, बल्कि आसपास के क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी। यदि सब कुछ योजना के अनुसार रहा, तो आगामी दिनों में प्लांट पूरी क्षमता के साथ संचालित होकर क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण योगदान देगा।
एचपीसीएल प्लांट का संचालन 13 या 15 अप्रैल से शुरू होने की उम्मीद है। इस घटना में जो भी दोषी मिले हैं उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। - अवनीश राय, जिलाधिकारी
एचपीसीएल दोहरे हत्याकांड की जांच पुलिस के स्तर से जारी है। अब तक जिनके भी नाम सामने आए हैं उनको गिरफ्तार कर कार्रवाई की गई है। आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर व एनएसए लगाने की प्रक्रिया भी चल रही है। - अंकिता शर्मा, एसएसपी
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शनिवार को कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों और विशेषज्ञ तकनीकी टीम ने प्लांट परिसर में डेरा डालकर मशीनों, उपकरणों और उत्पादन प्रक्रिया की बारीकी से जांच की। इस दौरान एसडीएम दातागंज धर्मेंद्र कुमार सिंह स्वयं मौके पर मौजूद रहे और पूरे ट्रायल की निगरानी की।
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अधिकारियों के अनुसार, ट्रायल के दौरान मशीनों की कार्यप्रणाली संतोषजनक पाई गई और उत्पादन प्रक्रिया में किसी प्रकार की बड़ी बाधा सामने नहीं आई। इससे यह संकेत मिला है कि प्लांट को जल्द ही पूरी क्षमता के साथ संचालित किया जा सकता है।
प्लांट संचालन को सुचारू रूप से शुरू करने के लिए कंपनी प्रबंधन ने करीब 50 कर्मचारियों की भर्ती प्रक्रिया पूरी कर ली है। यहां करीब 150 लोगों की भर्ती होनी है। इसमें बाहरी लोग भी लाए जा रहे हैं। खास बात यह है कि इन भर्तियों में स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता दी गई है, जिससे क्षेत्र में रोजगार के अवसर भी बढ़े हैं। सभी चयनित कर्मचारियों का पुलिस सत्यापन भी कराया गया है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था को लेकर किसी प्रकार की चूक न हो। हत्या की घटना के बाद सुरक्षा को लेकर प्रशासन विशेष सतर्कता बरत रहा है।
पराली निस्तारण में निभाएगा अहम भूमिका
एचपीसीएल प्लांट का संचालन केवल औद्योगिक दृष्टि से ही नहीं, बल्कि पर्यावरणीय लिहाज से भी बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। फिलहाल प्लांट परिसर में करीब 72 टन पराली पहले से ही डंप है, जिसे प्रारंभिक चरण में खपाने की तैयारी की जा रही है। इसके बाद उत्पादन बढ़ने पर पीलीभीत, बरेली, शाहजहांपुर समेत अन्य जिलों और पंजाब से भी बड़े पैमाने पर पराली मंगाने की योजना है। इससे किसानों को पराली जलाने की समस्या से राहत मिलेगी और वायु प्रदूषण में कमी लाने में मदद मिलेगी।
हत्याकांड के बाद सुरक्षा व्यवस्था की गई सख्त
गौरतलब है कि 12 मार्च को प्लांट में दो अधिकारियों की हत्या की घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया था। इसके बाद प्लांट को एहतियातन बंद कर दिया गया था और सुरक्षा व्यवस्था की व्यापक समीक्षा की गई। अब दोबारा संचालन से पहले कंपनी और प्रशासन दोनों ही स्तर पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं। प्लांट परिसर में निगरानी बढ़ाई गई है और हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। पुलिस चौकी पर पुलिस कर्मी तैनात है इसके साथ ही जगह जगह सीसीटीवी कैमरे लगाने के साथ पीएसी भी तैनात है। कंपनी के सुरक्षा गार्ड भी तैनात किए गए हैं।
औद्योगिक गतिविधियों को मिलेगी रफ्तार
करीब एक माह तक बंद रहने के कारण जहां उत्पादन पूरी तरह ठप हो गया था, वहीं स्थानीय स्तर पर रोजगार और व्यापारिक गतिविधियों पर भी असर पड़ा था। अब प्लांट के फिर से शुरू होने की उम्मीद से क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। इससे न केवल स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलेगा, बल्कि आसपास के क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी। यदि सब कुछ योजना के अनुसार रहा, तो आगामी दिनों में प्लांट पूरी क्षमता के साथ संचालित होकर क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण योगदान देगा।
एचपीसीएल प्लांट का संचालन 13 या 15 अप्रैल से शुरू होने की उम्मीद है। इस घटना में जो भी दोषी मिले हैं उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। - अवनीश राय, जिलाधिकारी
एचपीसीएल दोहरे हत्याकांड की जांच पुलिस के स्तर से जारी है। अब तक जिनके भी नाम सामने आए हैं उनको गिरफ्तार कर कार्रवाई की गई है। आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर व एनएसए लगाने की प्रक्रिया भी चल रही है। - अंकिता शर्मा, एसएसपी

एचपीसीएल प्लांट। संवाद

एचपीसीएल प्लांट। संवाद

एचपीसीएल प्लांट। संवाद

एचपीसीएल प्लांट। संवाद

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एचपीसीएल प्लांट। संवाद