Kanpur: पुराने रोगियों को दिक्कत दे सकता कोरोना का नया वैरिएंट, डॉक्टर बोले- वैक्सीनेशन कराने का मिलेगा फायदा
Kanpur News: विशेषज्ञों ने बताया कि कोविड-19 की पहली और दूसरी लहर में 90 फीसदी लोगों को संक्रमण होने का अनुमान है। उनमें एंटीबॉडीज बन गई होंगी। इससे भी कुछ बचाव होगा। इसके अलावा वैक्सीनेशन कराने का आम आदमी को फायदा मिलेगा।
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कोरोना का नया वैरिएंट कमजोर सेहत वाले पुराने रोगियों को अधिक सता सकता है। डायबिटीज, लिवर, गुर्दा, कैंसर, अस्थमा, सीओपीडी आदि रोगों के पुराने रोगियों में इसके गंभीर लक्षण उभर सकते हैं। विशेषज्ञों ने इन्हें सचेत रहने की सलाह दी है। नेशनल कॉलेज ऑफ चेस्ट फिजीशियंस स्थिति पर नजर रखे हैं। कॉलेज के सेंट्रल जोन चेयरमैन डॉ. एसके कटियार का कहना है कि स्पष्ट स्थिति उभरने पर इसकी गाइडलाइन दी जाएगी।
डॉ. कटियार ने बताया कि जिन लोगों को पहले कोरोना हुआ है, उनमें एंटीबॉडीज चन गई हैं। इससे वैरिएंट के संक्रमण से सुरक्षा मिल सकती है। इसके अलावा वैक्सीन लगवाने वालों में भी कोई गंभीर नक्षण आने की संभावना नहीं है। लेकिन राने रोगियों तथा बुजुर्ग, गर्भवती महिलाओं और बच्चों को दूध पिलाने वाली महिलाओं भी सतर्क रहने की जरूरत है। ऐसे ग जिन्होंने गुर्दा ट्रांसप्लांट कराया है, उन्हें क्कत हो सकती है।
व्यक्ति जल्दी हो रहा संक्रमित, गंभीर लक्षण नहीं आते
उन्होंने बताया कि अभी स्थिति का आकलन किया जा रहा है। अमेरिकन कॉलेज ऑफ चेस्ट फिजिशियंस के फैलो और यूरोपियन चेस्ट सोसाइटी के सदस्य वरिष्ठ वक्ष रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव कक्कड़ ने बताया कि कोरोना वैरिएंट की स्पाइक प्रोटीन में म्यूटेशन हुआ है। यह ओमिक्रॉन का वैरिएंट है। इसमें व्यक्ति की प्रतिरोधक क्षमता को भेदने की पांच गुना अधिक ताकत है] लेकिन लक्षण सामान्य रहते हैं। व्यक्ति संक्रमित तो जल्दी हो रहा है, लेकिन गंभीर लक्षण नहीं आते। जुकाम, खांसी, बुखार के बाद रोगी ठीक हो जा रहे हैं।