{"_id":"698a27ce58f65f889c0b7256","slug":"another-youth-injured-by-ministers-sons-car-dies-road-blocked-with-body-lalitpur-news-c-131-1-sjhs1012-151348-2026-02-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lalitpur News: मंत्री पुत्र की कार से घायल दूसरे युवक की मौत, शव रखकर सड़क जाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lalitpur News: मंत्री पुत्र की कार से घायल दूसरे युवक की मौत, शव रखकर सड़क जाम
विज्ञापन
जाम और प्रदर्शन के दौरान सड़क पर मौजूद पुलिस फोर्स।
विज्ञापन
13 दिन बाद इलाज के दौरान दम तोड़ा, परिजनों का प्रदर्शन
डीएम-एसपी ने आर्थिक मदद और कार्रवाई का दिया भरोसा
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर-जाखलौन। राज्यमंत्री मनोहर लाल पंथ के पुत्र नरेश की कार की टक्कर से घायल अनुज यादव की झांसी मेडिकल कॉलेज में उपचार के दौरान 13 दिन बाद रविवार रात मौत हो गई। सोमवार सुबह आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने ललितपुर-जाखलौन मार्ग पर शव रखकर जाम लगा दिया। घंटों समझाने के बावजूद प्रदर्शनकारी अपनी मांगों पर अड़े रहे। दोपहर बाद डीएम और एसपी के मौके पर पहुंचकर आर्थिक सहायता और कठोर कार्रवाई का आश्वासन देने के बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ।
जाखलौन थाना क्षेत्र के ग्राम बरखेरा में 26 जनवरी की रात बाइक पर बैठते समय तेज रफ्तार कार ने तीन लोगों को टक्कर मार दी थी। हादसे में शिवेंद्र यादव (18) की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि उसका चचेरा भाई अनुज यादव (20) और शंकर नन्ना (45) गंभीर रूप से घायल हो गए थे। घायलों को झांसी मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था, जहां रविवार रात अनुज की मौत हो गई। अनुज की मौत की खबर मिलते ही सोमवार सुबह सैकड़ों ग्रामीणों ने बरखेरा के पास सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर बिजली का खंभा रखकर मार्ग अवरुद्ध कर दिया, जिससे आवागमन ठप हो गया। परिजन मंत्री पर प्रभाव का इस्तेमाल करने का आरोप लगाते रहे। सूचना पर भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा। सीओ सदर सुनील कुमार ने कई घंटे समझाने का प्रयास किया, लेकिन बात नहीं बनी।
करीब तीन घंटे बाद प्रदर्शनकारी शव को अर्थी पर रखकर राज्यमंत्री के चांदमारी स्थित आवास की ओर बढ़ने लगे। कुछ दूरी पर ही डीएम सत्यप्रकाश और एसपी मोहम्मद मुश्ताक मौके पर पहुंच गए। अधिकारियों ने दोनों मृतकों के परिजनों को पांच-पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता और मामले में कठोर कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ और परिजन अंतिम संस्कार के लिए राजी हो गए
परिजनों का आरोप बेहतर इलाज नहीं मिलने हुई मौत
मृतक शिवेंद्र के पिता राजेंद्र सिंह ने आरोप लगाया कि अनुज का पहले निजी अस्पताल में इलाज कराया गया, बाद में झांसी मेडिकल कॉलेज में 14 दिन तक भर्ती रहा। मंत्री के हस्तक्षेप से सरकारी अस्पताल में शिफ्ट कराया गया, लेकिन समुचित इलाज न मिलने से उसकी मौत हो गई। तीसरे घायल शंकर नन्ना की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है।
छावनी बना जाखलौन-ललितपुर मार्ग
प्रदर्शनकारियों के राज्यमंत्री के आवास की ओर बढ़ने की सूचना पर दंगा नियंत्रण उपकरणों से लैस पुलिस बल तैनात कर दिया गया। सड़क के दोनों ओर पुलिसकर्मियों की कतारें लगाईं गईं। डीएम-एसपी के साथ एडीएम, एएसपी और एसडीएम सदर सहित अन्य अधिकारी मौके पर मौजूद रहे।
मंत्री पुत्र को पहले ही मिल चुकी है जमानत
परिजनों की शिकायत पर 27 जनवरी को मंत्री पुत्र नरेश पंथ के खिलाफ दुर्घटना में मौत का मुकदमा दर्ज किया गया था। आरोपी ने तीन फरवरी को कोर्ट से जमानत ले ली थी।
धरना-प्रदर्शन के दौरान अनुज की मां हुई बेहोश
धरना-प्रदर्शन में अनुज की मां भी शामिल हुई, जो बेहोश हो गई। उनको पानी पिलाकर होश में लाया गया।
ये हैं परिजनों की प्रमुख मांगें
-दोनों मृतकों के परिजनों को 50-50 लाख रुपये मुआवजा
-घायल शंकर नन्ना के इलाज के लिए 30 लाख रुपये की सहायता
-पीड़ित परिवारों को सरकारी नौकरी
-मंत्री पुत्र की गिरफ्तारी और धाराओं में बढ़ोतरी
वर्जन
जाखलौन में 26 जनवरी की रात हुई दुर्घटना में घायल हुए युवक की रविवार की रात मौत हो गई। उसके परिजनों धरना प्रदर्शन किया है। डीएम के आश्वासन पर उसके परिजन शव का अंतिम संस्कार करने पर राजी हो गए हैं। इस मामले में पुलिस पहले ही आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर चुकी है। - मोहम्मद मुश्ताक, एसपी
Trending Videos
डीएम-एसपी ने आर्थिक मदद और कार्रवाई का दिया भरोसा
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर-जाखलौन। राज्यमंत्री मनोहर लाल पंथ के पुत्र नरेश की कार की टक्कर से घायल अनुज यादव की झांसी मेडिकल कॉलेज में उपचार के दौरान 13 दिन बाद रविवार रात मौत हो गई। सोमवार सुबह आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने ललितपुर-जाखलौन मार्ग पर शव रखकर जाम लगा दिया। घंटों समझाने के बावजूद प्रदर्शनकारी अपनी मांगों पर अड़े रहे। दोपहर बाद डीएम और एसपी के मौके पर पहुंचकर आर्थिक सहायता और कठोर कार्रवाई का आश्वासन देने के बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ।
जाखलौन थाना क्षेत्र के ग्राम बरखेरा में 26 जनवरी की रात बाइक पर बैठते समय तेज रफ्तार कार ने तीन लोगों को टक्कर मार दी थी। हादसे में शिवेंद्र यादव (18) की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि उसका चचेरा भाई अनुज यादव (20) और शंकर नन्ना (45) गंभीर रूप से घायल हो गए थे। घायलों को झांसी मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था, जहां रविवार रात अनुज की मौत हो गई। अनुज की मौत की खबर मिलते ही सोमवार सुबह सैकड़ों ग्रामीणों ने बरखेरा के पास सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर बिजली का खंभा रखकर मार्ग अवरुद्ध कर दिया, जिससे आवागमन ठप हो गया। परिजन मंत्री पर प्रभाव का इस्तेमाल करने का आरोप लगाते रहे। सूचना पर भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा। सीओ सदर सुनील कुमार ने कई घंटे समझाने का प्रयास किया, लेकिन बात नहीं बनी।
विज्ञापन
विज्ञापन
करीब तीन घंटे बाद प्रदर्शनकारी शव को अर्थी पर रखकर राज्यमंत्री के चांदमारी स्थित आवास की ओर बढ़ने लगे। कुछ दूरी पर ही डीएम सत्यप्रकाश और एसपी मोहम्मद मुश्ताक मौके पर पहुंच गए। अधिकारियों ने दोनों मृतकों के परिजनों को पांच-पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता और मामले में कठोर कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ और परिजन अंतिम संस्कार के लिए राजी हो गए
परिजनों का आरोप बेहतर इलाज नहीं मिलने हुई मौत
मृतक शिवेंद्र के पिता राजेंद्र सिंह ने आरोप लगाया कि अनुज का पहले निजी अस्पताल में इलाज कराया गया, बाद में झांसी मेडिकल कॉलेज में 14 दिन तक भर्ती रहा। मंत्री के हस्तक्षेप से सरकारी अस्पताल में शिफ्ट कराया गया, लेकिन समुचित इलाज न मिलने से उसकी मौत हो गई। तीसरे घायल शंकर नन्ना की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है।
छावनी बना जाखलौन-ललितपुर मार्ग
प्रदर्शनकारियों के राज्यमंत्री के आवास की ओर बढ़ने की सूचना पर दंगा नियंत्रण उपकरणों से लैस पुलिस बल तैनात कर दिया गया। सड़क के दोनों ओर पुलिसकर्मियों की कतारें लगाईं गईं। डीएम-एसपी के साथ एडीएम, एएसपी और एसडीएम सदर सहित अन्य अधिकारी मौके पर मौजूद रहे।
मंत्री पुत्र को पहले ही मिल चुकी है जमानत
परिजनों की शिकायत पर 27 जनवरी को मंत्री पुत्र नरेश पंथ के खिलाफ दुर्घटना में मौत का मुकदमा दर्ज किया गया था। आरोपी ने तीन फरवरी को कोर्ट से जमानत ले ली थी।
धरना-प्रदर्शन के दौरान अनुज की मां हुई बेहोश
धरना-प्रदर्शन में अनुज की मां भी शामिल हुई, जो बेहोश हो गई। उनको पानी पिलाकर होश में लाया गया।
ये हैं परिजनों की प्रमुख मांगें
-दोनों मृतकों के परिजनों को 50-50 लाख रुपये मुआवजा
-घायल शंकर नन्ना के इलाज के लिए 30 लाख रुपये की सहायता
-पीड़ित परिवारों को सरकारी नौकरी
-मंत्री पुत्र की गिरफ्तारी और धाराओं में बढ़ोतरी
वर्जन
जाखलौन में 26 जनवरी की रात हुई दुर्घटना में घायल हुए युवक की रविवार की रात मौत हो गई। उसके परिजनों धरना प्रदर्शन किया है। डीएम के आश्वासन पर उसके परिजन शव का अंतिम संस्कार करने पर राजी हो गए हैं। इस मामले में पुलिस पहले ही आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर चुकी है। - मोहम्मद मुश्ताक, एसपी
