{"_id":"69c44a2c717eb611f8018ed4","slug":"former-block-chief-lalit-kaushik-and-three-others-convicted-under-the-gangster-act-moradabad-news-c-15-1-mbd1027-862078-2026-03-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Moradabad News: गैंगस्टर एक्ट में पूर्व ब्लॉक प्रमुख ललित कौशिक समेत तीन दोषी करार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Moradabad News: गैंगस्टर एक्ट में पूर्व ब्लॉक प्रमुख ललित कौशिक समेत तीन दोषी करार
विज्ञापन
विज्ञापन
मुरादाबाद। एडीजे-पांच/ स्पेशल न्यायाधीश (गैंगस्टर एक्ट) रेशमा की अदालत ने बुधवार को गैंगस्टर एक्ट के मामले में मूंढापांडे के पूर्व ब्लॉक प्रमुख एवं हिस्ट्रीशीटर ललित कौशिक समेत तीन को दोषी करार दिया है। अदालत इस मामले में बृहस्पतिवार को सजा सुनाएगी।
सिविल लाइंस के रामगंगा विहार में 12 जनवरी 2022 को स्पोर्ट्स सामान के कारोबारी कुशांक गुप्ता की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने दीन दयाल नगर निवासी पूर्व ब्लॉक प्रमुख ललित कौशिक, पाकबड़ा के गिंदौड़ा निवासी केशव सरन शर्मा और भोजपुर के हुमायूंपुर निवासी खुशवंत उर्फ भीम को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने दावा किया था कि ललित कौशिक ने सुपारी देकर आरोपी शूटर भीम और केशव से कुशांक गुप्ता की हत्या कराई थी।
इसके बाद पुलिस ने सिविल लाइंस थाने में तीनों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट में रिपोर्ट दर्ज की थी। बुधवार को इस मामले में सुनवाई हुई। मुख्य आरोपी ललित कौशिक को बलरामपुर जेल और खुशवंत सिंह उर्फ भीम को मुरादाबाद जेल से तलब किया गया है। केशव जमानत पर चल रहा था, वह भी कोर्ट में हाजिर हुआ।
अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद तीनों आरोपी ललित कौशिक, केशव और खुशवंत उर्फ भीम को गैंगस्टर एक्ट में दोषी करार दिया है। अदालत के आदेश पर तीनों को न्यायिक अभिरक्षा में मुरादाबाद जेल भेज दिया गया है। बृहस्पतिवार को तीनों को दोबारा में पेश किया जाएगा। अदालत इस मामले में बृहस्पतिवार को सजा सुनाएगी।
--
सुनवाई के दौरान रही कड़ी सुरक्षा
गैंगस्टर के मामले में बुधवार को एडीजे पांच की अदालत में सुनवाई चली। ललित कौशिक को कड़ी सुरक्षा में बलरामपुर जेल से लाया गया। इस दौरान कचहरी और न्यायालय परिसर में सीओ सिविल लाइंस कुलदीप गुप्ता और थाना प्रभारी मनीष सक्सेना फोर्स के साथ मौजूद रहे।
भट्ठा मजदूर के अपहरण में हो चुकी है दस साल की सजा
गैंगस्टर के मामले में दोषी ठहराए गए ललित कौशिक को अदालत ने भट्ठा मजदूर के अपहरण के मामले में 23 फरवरी 2024 को एडीजे पांच ज्ञानेंद्र सिंह यादव की अदालत ने ललित कौशिक को दस साल की कैद और 56 हजार जुर्माने की सजा सुनाई थी। मूंढपांडे निवासी ओमप्रकाश ने 25 मार्च 2023 को मूंढापांडे थाने में ललित कौशिक के खिलाफ अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
-- -
अवैध मैगजीन मामले में मिली थी सात साल की सजा
सिविल लाइंस थाने में इंस्पेक्टर रविंद्र प्रताप सिंह ने ललित कौशिक के खिलाफ 26 मार्च 23 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसमें बताया कि आरोपी के घर की तलाशी के दौरान आठ लाख रुपये और अवैध मैगजीन मिली थी। इस मामले में भी अदालत ने ललित कौशिक को सात साल की कैद और पचास हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी।
Trending Videos
सिविल लाइंस के रामगंगा विहार में 12 जनवरी 2022 को स्पोर्ट्स सामान के कारोबारी कुशांक गुप्ता की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने दीन दयाल नगर निवासी पूर्व ब्लॉक प्रमुख ललित कौशिक, पाकबड़ा के गिंदौड़ा निवासी केशव सरन शर्मा और भोजपुर के हुमायूंपुर निवासी खुशवंत उर्फ भीम को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने दावा किया था कि ललित कौशिक ने सुपारी देकर आरोपी शूटर भीम और केशव से कुशांक गुप्ता की हत्या कराई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
इसके बाद पुलिस ने सिविल लाइंस थाने में तीनों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट में रिपोर्ट दर्ज की थी। बुधवार को इस मामले में सुनवाई हुई। मुख्य आरोपी ललित कौशिक को बलरामपुर जेल और खुशवंत सिंह उर्फ भीम को मुरादाबाद जेल से तलब किया गया है। केशव जमानत पर चल रहा था, वह भी कोर्ट में हाजिर हुआ।
अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद तीनों आरोपी ललित कौशिक, केशव और खुशवंत उर्फ भीम को गैंगस्टर एक्ट में दोषी करार दिया है। अदालत के आदेश पर तीनों को न्यायिक अभिरक्षा में मुरादाबाद जेल भेज दिया गया है। बृहस्पतिवार को तीनों को दोबारा में पेश किया जाएगा। अदालत इस मामले में बृहस्पतिवार को सजा सुनाएगी।
सुनवाई के दौरान रही कड़ी सुरक्षा
गैंगस्टर के मामले में बुधवार को एडीजे पांच की अदालत में सुनवाई चली। ललित कौशिक को कड़ी सुरक्षा में बलरामपुर जेल से लाया गया। इस दौरान कचहरी और न्यायालय परिसर में सीओ सिविल लाइंस कुलदीप गुप्ता और थाना प्रभारी मनीष सक्सेना फोर्स के साथ मौजूद रहे।
भट्ठा मजदूर के अपहरण में हो चुकी है दस साल की सजा
गैंगस्टर के मामले में दोषी ठहराए गए ललित कौशिक को अदालत ने भट्ठा मजदूर के अपहरण के मामले में 23 फरवरी 2024 को एडीजे पांच ज्ञानेंद्र सिंह यादव की अदालत ने ललित कौशिक को दस साल की कैद और 56 हजार जुर्माने की सजा सुनाई थी। मूंढपांडे निवासी ओमप्रकाश ने 25 मार्च 2023 को मूंढापांडे थाने में ललित कौशिक के खिलाफ अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
अवैध मैगजीन मामले में मिली थी सात साल की सजा
सिविल लाइंस थाने में इंस्पेक्टर रविंद्र प्रताप सिंह ने ललित कौशिक के खिलाफ 26 मार्च 23 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसमें बताया कि आरोपी के घर की तलाशी के दौरान आठ लाख रुपये और अवैध मैगजीन मिली थी। इस मामले में भी अदालत ने ललित कौशिक को सात साल की कैद और पचास हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी।