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Muzaffarnagar News: शिवालयों में कांवड़ियों का डेरा, श्रद्धालुओं ने किया जलाभिषेक
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(फोटो समाचार)
खतौली/बुढ़ाना/जानसठ/मीरापुर। देहात क्षेत्र में शिवरात्रि पर शिवालयों में श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया। सुबह से ही मंदिरों में भक्तों की भीड़ लगी रही। इस दौरान विभिन्न स्थानों पर धार्मिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया।
जानसठ के प्राचीन सिद्धपीठ श्री ज्ञानेश्वर महादेव मंदिर में कांवड़ियों और श्रद्धालुओं ने भगवान आशुतोष का जलाभिषेक किया। सालारपुर, भलेड़ी, तिसंग, नयागांव, मेहलकी, खलवाड़ा, गढ़ी और वाजिदपुर कवाली जैसे गांवों में भी भक्तों की भीड़ देखी गई। बुढ़ाना के हरनंदेश्वर धाम मंदिर, चांदनी वाला मंदिर, योगपुरा मंदिर, ब्लॉक तथा तहसील परिसर स्थित शिव मंदिरों में भी जलाभिषेक हुआ।
फुगाना क्षेत्र के खरड़ में जूड़ के पंचमुखी शिवलिंग मंदिर में भी श्रद्धालुओं की भीड़ रही। प्रधान विकास मलिक और मंदिर के पुजारी महंत मदन गिरि ने बताया कि यह महाभारत कालीन शिव मंदिर श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र है। गांव संभलहेड़ा स्थित प्राचीन पंचमुखी महादेव मंदिर पर मंगलवार सुबह चार बजे से ही जलाभिषेक शुरू हो गया था। यह सिलसिला दिनभर जारी रहा। शिवरात्रि का यह पर्व पूरे क्षेत्र में श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया गया।
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खतौली के झारखंड महादेव मंदिर, थानेश्वर मंदिर, रेलवे मार्ग शिव मंदिर और जीटी मार्ग शिव मंदिर पर भी भक्तों का तांता लगा रहा। इन मंदिरों में सुबह से ही लंबी कतारें देखी गईं। मोरना के ककराला स्थित प्राचीन जुड़ेश्वर महादेव मंदिर में श्रद्धालुओं ने अपनी खुशहाली की कामना की। आचार्य अचल शास्त्री, सुमन शास्त्री और अजय कृष्ण शास्त्री ने बताया कि सावन का महीना भगवान शिव की आराधना का सबसे पवित्र समय माना जाता है।
सिसौली के होली चौक स्थित शिव मंदिर, चिरौली के सिद्ध पीठ शिव मंदिर, कपूरगढ़ के आनंद कुटी सिद्ध पीठ मंदिर, भौराकलां के बाजार शिव मंदिर व अखाड़ा शिव मंदिर सहित क्षेत्र के कई शिवालयों में विशेष पूजा-अर्चना की गई। श्रद्धालुओं ने भगवान भोलेनाथ का पंचामृत, दूध, दही, शहद और गंगाजल से अभिषेक कर पूजा की। इन अनुष्ठानों में बड़ी संख्या में भक्त शामिल हुए। उन्होंने सुख-समृद्धि की प्रार्थना की।
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सेवा दल की कांवड़ का किया अभिनंदन
जानसठ। श्री ज्ञानेश्वर सेवा दल के सदस्य हरिद्वार से विशाल कांवड़ रथ के माध्यम से गंगाजल लाए हैं। वे शिवरात्रि पर भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे।
सोमवार रात कस्बे और क्षेत्र के लोगों की भीड़ कांवड़ को देखने उमड़ पड़ी। सिद्धपीठ श्री ज्ञानेश्वर महादेव मंदिर कमेटी ने भी सेवादल कांवड़ियों को सम्मानित किया। इस अवसर पर पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष प्रवेंद्र भड़ाना, भूमि विकास बैंक के अध्यक्ष बृजेश रस्तोगी और सेवा दल के प्रवक्ता निशांत कांबोज उपस्थित रहे। सेवा दल के अध्यक्ष सतीश गुर्जर और महासचिव विशाल सैनी भी मौजूद थे। सभासद राजू भैया वाल्मीकि और राजेश सैनी भी कार्यक्रम में शामिल हुए। विवेक कुमार, दीपेश गुप्ता अधिवक्ता और विमल पोसवाल अधिवक्ता भी उपस्थित थे। संदीप प्रजापति अधिवक्ता भी इस दौरान मौजूद रहे।
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खतौली/बुढ़ाना/जानसठ/मीरापुर। देहात क्षेत्र में शिवरात्रि पर शिवालयों में श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया। सुबह से ही मंदिरों में भक्तों की भीड़ लगी रही। इस दौरान विभिन्न स्थानों पर धार्मिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया।
जानसठ के प्राचीन सिद्धपीठ श्री ज्ञानेश्वर महादेव मंदिर में कांवड़ियों और श्रद्धालुओं ने भगवान आशुतोष का जलाभिषेक किया। सालारपुर, भलेड़ी, तिसंग, नयागांव, मेहलकी, खलवाड़ा, गढ़ी और वाजिदपुर कवाली जैसे गांवों में भी भक्तों की भीड़ देखी गई। बुढ़ाना के हरनंदेश्वर धाम मंदिर, चांदनी वाला मंदिर, योगपुरा मंदिर, ब्लॉक तथा तहसील परिसर स्थित शिव मंदिरों में भी जलाभिषेक हुआ।
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फुगाना क्षेत्र के खरड़ में जूड़ के पंचमुखी शिवलिंग मंदिर में भी श्रद्धालुओं की भीड़ रही। प्रधान विकास मलिक और मंदिर के पुजारी महंत मदन गिरि ने बताया कि यह महाभारत कालीन शिव मंदिर श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र है। गांव संभलहेड़ा स्थित प्राचीन पंचमुखी महादेव मंदिर पर मंगलवार सुबह चार बजे से ही जलाभिषेक शुरू हो गया था। यह सिलसिला दिनभर जारी रहा। शिवरात्रि का यह पर्व पूरे क्षेत्र में श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया गया।
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खतौली के झारखंड महादेव मंदिर, थानेश्वर मंदिर, रेलवे मार्ग शिव मंदिर और जीटी मार्ग शिव मंदिर पर भी भक्तों का तांता लगा रहा। इन मंदिरों में सुबह से ही लंबी कतारें देखी गईं। मोरना के ककराला स्थित प्राचीन जुड़ेश्वर महादेव मंदिर में श्रद्धालुओं ने अपनी खुशहाली की कामना की। आचार्य अचल शास्त्री, सुमन शास्त्री और अजय कृष्ण शास्त्री ने बताया कि सावन का महीना भगवान शिव की आराधना का सबसे पवित्र समय माना जाता है।
सिसौली के होली चौक स्थित शिव मंदिर, चिरौली के सिद्ध पीठ शिव मंदिर, कपूरगढ़ के आनंद कुटी सिद्ध पीठ मंदिर, भौराकलां के बाजार शिव मंदिर व अखाड़ा शिव मंदिर सहित क्षेत्र के कई शिवालयों में विशेष पूजा-अर्चना की गई। श्रद्धालुओं ने भगवान भोलेनाथ का पंचामृत, दूध, दही, शहद और गंगाजल से अभिषेक कर पूजा की। इन अनुष्ठानों में बड़ी संख्या में भक्त शामिल हुए। उन्होंने सुख-समृद्धि की प्रार्थना की।
सेवा दल की कांवड़ का किया अभिनंदन
जानसठ। श्री ज्ञानेश्वर सेवा दल के सदस्य हरिद्वार से विशाल कांवड़ रथ के माध्यम से गंगाजल लाए हैं। वे शिवरात्रि पर भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे।
सोमवार रात कस्बे और क्षेत्र के लोगों की भीड़ कांवड़ को देखने उमड़ पड़ी। सिद्धपीठ श्री ज्ञानेश्वर महादेव मंदिर कमेटी ने भी सेवादल कांवड़ियों को सम्मानित किया। इस अवसर पर पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष प्रवेंद्र भड़ाना, भूमि विकास बैंक के अध्यक्ष बृजेश रस्तोगी और सेवा दल के प्रवक्ता निशांत कांबोज उपस्थित रहे। सेवा दल के अध्यक्ष सतीश गुर्जर और महासचिव विशाल सैनी भी मौजूद थे। सभासद राजू भैया वाल्मीकि और राजेश सैनी भी कार्यक्रम में शामिल हुए। विवेक कुमार, दीपेश गुप्ता अधिवक्ता और विमल पोसवाल अधिवक्ता भी उपस्थित थे। संदीप प्रजापति अधिवक्ता भी इस दौरान मौजूद रहे।