नीट री-एग्जाम: वाराणसी के आर्यन ने हासिल की ऑल इंडिया सातवीं रैंक, पहले प्रयास में मिली सफलता; दी सलाह
NEET Re-Exam: आर्यन की इस उपलब्धि पर उनके परिजनों, शिक्षकों और शुभचिंतकों ने खुशी जताते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। उनकी सफलता ने वाराणसी के विद्यार्थियों के लिए एक नई प्रेरणा प्रस्तुत की है।
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Varanasi News: वाराणसी के होनहार छात्र आर्यन दुबे ने नीट री-एग्जाम में शानदार प्रदर्शन करते हुए ऑल इंडिया सातवीं रैंक हासिल की है। पहले ही प्रयास में मिली इस सफलता से परिवार, स्कूल और शहर में खुशी का माहौल है। आर्यन ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय नियमित अध्ययन, अनुशासन और परिवार के सहयोग को दिया है।
आर्यन दुबे ने डीपीएस बनारस से 12वीं की पढ़ाई पूरी की। मेडिकल प्रवेश परीक्षा की तैयारी के लिए उन्होंने दुर्गाकुंड स्थित एक निजी कोचिंग संस्थान में लगातार दो वर्षों तक अध्ययन किया। उन्होंने बताया कि उन्होंने नौवीं कक्षा में ही डॉक्टर बनने का लक्ष्य तय कर लिया था। इसके बाद उसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए पढ़ाई की योजना बनाई और नियमित मेहनत जारी रखी।
आर्यन के पिता भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी-बीएचयू) में कार्यरत हैं, जबकि उनकी माता गृहिणी हैं। परिवार में उनकी एक छोटी बहन भी है, जो वर्तमान में कक्षा 11 की छात्रा है और मेडिकल प्रवेश परीक्षा की तैयारी कर रही है।
आर्यन ने बताया कि उनके दादा मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) रह चुके हैं और वही उनके सबसे बड़े प्रेरणास्रोत रहे। बचपन से ही दादा के कार्यों और समाज सेवा से प्रेरित होकर उन्होंने डॉक्टर बनने का सपना देखा। इसी प्रेरणा ने उन्हें कठिन मेहनत करने के लिए लगातार उत्साहित किया।
आर्यन का कहना है कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और निरंतर मेहनत के साथ समय का सही प्रबंधन किया जाए तो किसी भी परीक्षा में बेहतर परिणाम हासिल किए जा सकते हैं। उन्होंने नीट की तैयारी कर रहे छात्रों को सलाह दी कि वे नियमित पढ़ाई करें, बार-बार अभ्यास करें और आत्मविश्वास बनाए रखें।