रूस-यूक्रेन युद्ध की तबाही का मंजर देख रही पूरी दुनिया के लिए ताजनगरी में शुक्रवार को निकलने वाली श्रीजगन्नाथ रथ यात्रा मिसाल बनने जा रही है। भगवान की भक्ति में रूस और यूक्रेन साथ-साथ दिखेंगे। यूक्रेन की देवरूपा देवदासी और रूस की जया राधे किशोरी श्रीजगन्नाथ रथ यात्रा में रस्सी खींचकर प्रभु के रथ को आगे बढ़ाने में अपना सहयोग देंगी। बता दें कि श्रीहरि की दोनों भक्त भजनों और कीर्तन के दौरान इतनी भावुक हो जाती हैं कि प्रभु भक्ति में लीन होकर रोने लगती हैं, तो कभी श्रीहरि का स्मरण कर नाचने लगती हैं। इन दोनों देशों की श्रद्धालुओं का मानना है कि शांति से ही किसी समस्या का हल निकाला जा सकता है। युद्ध किसी भी समस्या का समाधान नहीं है। श्री जगन्नाथ रथयात्रा शुक्रवार को निकाली जाएगी।
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Agra: भगवान जगन्नाथ की भक्ति में रूस और यूक्रेन साथ, दोनों देशों की भक्त एक साथ खीचेंगी रथ
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Fri, 01 Jul 2022 11:06 AM IST
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jagannath rath yatra
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देवरूपा देवदासी
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श्रीहरि कृपा से होगा युद्ध का अंत : देवरूपा देवदासी
यूक्रेन की देवरूपा देवदासी दो साल से प्रभु श्रीहरि की भक्ति में लीन हैं। उनका कहना है कि दो भाई रूस-यूक्रेन गलत लड़ रहे हैं। उन्हें इसका दुख है। श्रीहरि की कृपा से ही इस विध्वंसकारी युद्ध का अंत होगा।
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जया राधे रानी
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दोनों देश समझे श्रीहरि का दर्शन : जया राधे रानी
रूस की रहने वाली जया राधे किशोरी का कहना है कि दोनों देश अगर श्रीहरि का दर्शन समझ लें, तो समस्या का जल्द समाधान हो जाएगा। रथ खींचने के दौरान हम दोनों शांति की प्रार्थना श्रीजगन्नाथ महाराज से करेंगे।
इस्कॉन मंदिर
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इस्कॉन मंदिर में किया गया नयन उत्सव का आयोजन
आराध्य के दर्शन के लिए आतुर भक्तों की कतार लगी थी। इस्कॉन मंदिर के पट खुले तो होड़ मच गई। श्री जगन्नाथ के दर्शन हुए तो भावविह्वल भक्तों की आंखें भाव से छलक आईं। मौका नयन उत्सव का था। श्रीहरि व मोगरे के पुष्पों से सजी उनकी बहन सुभद्रा व भाई बलराम ने दर्शन दिए। जयकारों से मंदिर प्रांगण गुंजायमान हो उठा। इस्कॉन मंदिर के बाहर बृहस्पतिवार को सुबह से श्रद्धालुओं की भीड़ जुटना शुरू हो गई थी। मंदिर के पट दोपहर 12 बजे खुले।
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इस्कॉन मंदिर में भक्तों की भीड़
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