महाकुंभ के तहत घनी आबादी वाले पुराने शहर में सड़क चौड़ीकरण के लिए दर्जनों भवनों को तोड़कर छोड़े जाने से मुसीबत खड़ी हो गई है। इससे लोगों में गुस्सा बढ़ता जा रहा है। चाहे रसूख की वजह हो या कोई और। यानी कहीं रहमदिली तो कहीं बेरहमी सामने आई है। चौड़ीकरण की जद में आए कई भवनों के सामने ध्वस्तीकरण के नाम पर खानापूरी कर छोड़ दिया गया है, तो कहीं चबूतरों, बरामदों और दीवारें तोड़कर छोड़ दी गईं हैं।
Prayagraj : संगमनगरी में यह कैसा चौड़ीकरण, किसी पर दरियादिली तो कहीं बेरहम
कीडगंज में शिव चरणलाल रोड, मान सरोवर से सुलाकी चौराहा, केपी कक्कड़ रोड, मान सरोवर से चंद्रलोक चौराहा, हिंदी साहित्य सम्मेलन मार्ग यानी चंद्रलोक से राम भवन चौराहे के बीच के निवासियों ने पीडीए उपाध्यक्ष को पत्र देकर चौड़ीकरण में तोड़फोड़ की कार्रवाई में भेदभाव की शिकायत की है। यहां के निवासियों का कहना है कि उनकी गुहार नहीं सुनी जा रही है।
मलबे को सड़क पर छोड़ दे रहे ठेकेदार
अशोक कुमार जायसवाल, वीरेंद्र कुमार, दिलीप अग्रवाल और साधना केसरवानी बताती हैं कि पीडीए के ठेकेदार बेतरतीब ढंग से चौड़ीकरण और सौंदर्यीकरण के नाम पर तोड़फोड़ और खोदाई कर छोड़ दे रहे हैं। जगह-जगह गड्ढे खोदकर नाली बनवाने के लिए छोड़ दिया गया है। मलबा सड़कों पर पड़ा है। इस इलाके के कारोबारी पंकज रस्तोगी और नवल किशोर अग्रवाल चौड़ीकरण की बात आते ही अपनी पीड़ा बयां करने लगते हैं। वह बताते हैं कि शिव चरण लाल रोड, केपी कक्कड़ मार्ग और सम्मेलन मार्ग के भवन घनी आबादी का हिस्सा हैं। इन भवनों का निर्माण 1973 के पूर्व इंप्रूवमेट ट्रस्ट की ओर से बनाई गई तत्कालीन महायोजना के प्रवाधानों के तहत कराया गया है।
कई सड़कों को चौड़ीकरण योजना से किया बाहर
हाल के दिनों में पीडीए की ओर से यहां के भवन स्वामियों को नोटिस देकर सड़क चौड़ीकरण के लिए बरामदों के ध्वस्तीकरण के लिए दबाव बनाया जा रहा है। जबकि कुंभ मेला मार्ग के रूप में चिह्नित जीटी रोड से कोठापार्चा मार्ग, सुलाका चौराहा से बांसमंडी के बीच चौड़ीकरण न करके सिर्फ नाली निर्माण कराया जा रहा है। इससे पहले इन सड़कों पर लाल निशान लगाकर भवनों को तोड़ने का नोटिस जारी किया गया था।
इसी तरह आनंद जायसवाल, सुरेश प्रसाद, प्रदीप केसरवानी, माधुरी सिंह और कृष्ण मुरारी अग्रवाल का कहना है कि इस तरह के बरामदे घंटाघर से मानसरोवर चौराहा, हीवेट रोड से स्टेशन तक, जानसेनगंज चौराहे से साउथ मलाका सब्जी मंडी तक और घंटाघर से जानसेनगंज चौराहे तक देखे जा सकते हैं। महाकुंभ के तहत पीडीए ने 41 सड़कों के चौड़ीकरण और सौंदर्यीकरण की योजना बनाई है। इसमें पुराने शहर के जोन तीन में 554 भवन चौड़ीकरण की जद में हैं।
पीडीए चौड़ीकरण योजना में किसी के साथ भेदभाव नहीं कर सकता। पुराने शहर में अगर कहीं इस तरह की शिकायत है तो इसकी जांच कराई जाएगी। एलाइनमेंट के अनुसार ही चौड़ीकरण का काम कराया जाएगा। - अरविंद चौहान, उपाध्यक्ष, प्रयागराज विकास प्राधिकरण।
प्रयागराज विकास प्राधिकरण द्वारा चौड़ीकरण के लिए चिह्नित मार्ग
- कोठापार्चा से कीडगंड होते हुए बैरहना तक
- नैनी रेलवे स्टेशन-अरैल घाट मार्ग
- खरकौनी चौराहा-अरैल रोड
- एडीए मोड़ नैनी-एडीए कॉलोनी
- एडीए कॉलोनी-अरैल घाट
- कटका तिराहा-झूंसी बस स्टैंड
- झूंसी बस स्टैंड-गंगा नदी तट
- झूंसी में लोटस अस्पताल-कटका रोड
- संगम वाटिका-रसूलाबाद घाट मार्ग
- इविंग क्रिश्चियन कॉलेज-नूरुल्लाह रोड
- फाफामऊ शांतिपुरम सेक्टर-ए-बेला कछार
- आईईआरटी-सादियाबाद-सलोरी-सब्जी मंडी-तेलियरगंज चौराहा
- सलोरी में गंगेश्वर महादेव मंदिर के आसपास
- गोविंदपुर सब्जी मंडी-कोटेश्वर महादेव मंदिर शिवकुटी
- सलोरी में अन्नपूर्णा-फैमिली मार्ट-शुक्ला मार्केट
- आईईआरटी पुलिया-गंगा घाट
- छतनाग रोड-छतनाग घाट
- एंमजी मार्ग-एसआरएन अस्पताल
- नया यमुना पुल-बंधा रोड