मेरठ में मेडिकल कॉलेज से मंगलवार को चोरी हुआ नवजात सकुशल अपने माता-पिता के पास पहुंच गया पर आरोपी गुरुवार शाम तक भी पुलिस के हाथ नहीं आया। पुलिस का दावा है कि दीपक की मकान मालकिन की कोई संतान नहीं थी। उसके कहने पर ही दीपक ने बच्चा चोरी करने की योजना बनाई। इसके लिए बाकायदा रकम भी तय हुई।
कलेजा चीर देगी ये घटना: नौ महीने कोख में पाला, जन्म देते ही हुआ चोरी, नवजात मिला तो छलके दंपती के आंसू
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वहीं पुलिस ने शालू, दीपक की मां रुक्मिणी, पिता अवधेश शर्मा को हिरासत में लिया है। इंस्पेक्टर मेडिकल बच्चू सिंह ने बताया कि उच्च अधिकारियों को पूरे मामले से अवगत करा दिया गया है। अधिकारियों के निर्देश पर सचिन, शालू और मां-बाप को आरोपी बनाया जाएगा।
आरोपी के खिलाफ दर्ज हैं चोरी के मुकदमे
मेडिकल पुलिस ने आरोपी दीपक का आपराधिक इतिहास भी खंगालना शुरू कर दिया है। दीपक के खिलाफ बाइक चोरी समेत कई गंभीर मामले दर्ज हैं।
शादी की एलबम से किया मिलान
दीपक की पहचान कराने के लिए पुलिस ने मेडिकल से बच्चे को गोद में लेकर जाते कैद हुई सीसीटीवी फुटेज का मिलान उसके एक रिश्तेदार के घर में रखी शादी की एलबम से किया।
मेडिकल से काली नदी तक खंगाले सीसीटीवी
मेडिकल पुलिस ने बच्चे की तलाश के लिए मेडिकल कॉलेज से एक ओर काली नदी और दूसरी ओर हापुड़ अड्डे तक पचास से ज्यादा सीसीटीवी फुटेज पुलिस ने खंगाली। दीपक मेडिकल से नौचंदी की तरफ बच्चे को लेकर जाते हुए दिखाई दिया है।