फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   Water crisis deepens in Cantonment area in Agra

Agra: छावनी क्षेत्र में जलसंकट, शिकायत के बाद भी नहीं समाधान; बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे 40 हजार लोग

Sun, 19 Jul 2026 02:41 PM IST
Arun Parashar संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा Published by: Arun Parashar Updated Sun, 19 Jul 2026 02:41 PM IST
सार

आगरा के छावनी क्षेत्र में जलसंकट खड़ा हो गया है। 43 हजार लोग पानी की किल्लत से जूझ रहे हैं। लोगों का कहना है कि शिकायतों के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। 

विज्ञापन
Water crisis deepens in Cantonment area in Agra
टैंकर पर पानी भरने के लिए लगी भीड़। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

आगरा के छावनी क्षेत्र में पानी की किल्लत बनी हुई है। पिछले महीने तीन जर्जर टंकियां ध्वस्त किए जाने के बाद 43 हजार लोग पानी की किल्लत से जूझ रहे हैं। हालत यह है कि नलों से कब पानी आएगा, इसका कोई निश्चित समय नहीं है। कई बार महज 10 मिनट के लिए आपूर्ति होती है और कई दिन पानी का दबाव इतना कम रहता है कि एक बाल्टी भरने में घंटों लग जाते हैं। लगातार शिकायतों के बावजूद छावनी परिषद समस्या का स्थायी समाधान नहीं कर सकी है। मजबूरी में लोगों को पानी खरीदकर घर चलाना पड़ रहा है।
विज्ञापन


तीन टंकियां हटने के बाद वार्ड-1 के नई बस्ती, चार रहट, बालूगंज और वाल्मीकि बस्ती सहित तीन वार्डों में जलापूर्ति छोटे-छोटे अंडरग्राउंड टैंकों के सहारे की जा रही है। ये टैंक भी जर्जर हैं और लगातार रिसाव होने से पर्याप्त पानी की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सुबह बच्चे स्कूल और कामकाजी लोग कार्यालय निकल जाते हैं, उसके बाद पानी छोड़ा जाता है। ऐसे में अधिकांश परिवारों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पाता।
विज्ञापन


वार्ड-1 की नई बस्ती निवासी रफीक ने मुख्य अधिशासी अधिकारी को शिकायत पत्र देकर नियमित जलापूर्ति, गंगाजल आपूर्ति बहाल करने और नई पानी की टंकी के निर्माण की मांग की है। चार रहट, बालूगंज निवासी पूर्व पार्षद पुत्र परमजीत ने बताया कि बमुश्किल 20 से 35 लीटर पानी मिल पाता है। तभी आपूर्ति बंद हो जाती है। स्नेहा बघेल ने बताया कि पानी की टंकी तोड़े जाने के बाद से रोजाना केवल 20 से 25 लीटर पानी ही मिल रहा है। सदर क्षेत्र के वार्ड-3 के पार्षद प्रेमचंद्र गुप्ता ने कहा कि जलापूर्ति तो 11 बजे के बाद ही होती है। पानी आने का कोई समय निर्धारित नहीं है। वहीं क्षेत्रीय निवासी रिंकी सिंह का कहना है कि पानी का प्रेशर इतना कम रहता है कि एक बाल्टी भरने में काफी समय लग जाते है। क्षेत्रीय निवासी मुकेश ने बताया कि पानी की आपूर्ति बहुत कम हो रही है। पानी मोल खरीदना पड़ रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


 

छावनी परिषद को जलकल विभाग से प्रतिदिन 6 एमएलडी पानी मिलता है, जिसमें चार एमएलडी नौलक्खा पंपिंग स्टेशन और दो एमएलडी छीपीटोला से आपूर्ति होती है। इसके एवज में परिषद हर महीने जलकल विभाग को 25 लाख रुपये का भुगतान करता है। इसके बावजूद प्रभावित क्षेत्रों में पानी की किल्लत है। परिषद के पास आपूर्ति के लिए केवल एक टैंकर है, जिससे पूरे क्षेत्र की जरूरतें पूरी करना संभव नहीं हो पा रहा।

हमारे क्षेत्र नई बस्ती बालूगंज में पानी की बहुत बड़ी समस्या है। ऑफिस जाने से पहले पानी की बोतल खरीदनी पड़ रही हैं। उसके बाद नहाने और खाना बना पा रहे हैं। हमने स्थानीय पूर्व पार्षद से शिकायत की है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही। -पिंकी, नई बस्ती बालूगंज

ये समस्या ऊपर से है। वाटरवर्क्स से पानी की आपूर्ति बाधित होती है तो जलापूर्ति प्रभावित होती है। हम पानी के लिए वाटरवर्क्स की आपूर्ति पर निर्भर हैं। समस्या को जल्द दूर कराया जाएगा। लोगों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होने दी जाएगी। -दीपक मोहन, सीईओ, छावनी परिषद आगरा
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed