पांच दिन में खतरे के निशान से 1.36 मीटर ऊपर जाने के बाद गंगा-यमुना का जलस्तर बृहस्पतिवार को खिसकने लगा। देर शाम गंगा दो सेमी और यमुना एक सेमी प्रति घंटा की रफ्तार से घटने लगीं। इससे कछार के ऊपरी हिस्से में बाढ़ से बढ़ने वाली बर्बादी पर फिलहाल विराम लग गया है। इस दिन बांधों से इन नदियों में पानी नहीं छोड़ा गया और फिलहाल पीछे से पानी का दबाव टूट गया है। कहा जा रहा है कि अगर फिर पहाड़ों पर भारी बारिश नहीं हुई, तो अगले 48 घंटे में बाढ़ का दायरा तेजी से सिमटने लगेगा। लेकिन, कछार में जिंदगी पटरी पर लौटने में अभी वक्त लगेगा।
{"_id":"6114afcf3f463628f4445746","slug":"prayagraj-ganga-yamuna-slows-down-for-now-hopes-for-relief","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"प्रयागराज : पांच दिन के रौद्र रूप के बाद शांत हुईं गंगा-यमुना, खिसकने लगी बाढ़, डिप्टी सीएम केशव ने किया हवाई दौरा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रयागराज : पांच दिन के रौद्र रूप के बाद शांत हुईं गंगा-यमुना, खिसकने लगी बाढ़, डिप्टी सीएम केशव ने किया हवाई दौरा
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Thu, 12 Aug 2021 10:33 PM IST
सार
- संगमनगरी में गंगा-यमुना का जलस्तर घटने से राहत की जगी उम्मीद,जिंदगी पटरी पर लौटने में लगेगा वक्त
- गंगा में दो और यमुना के जलस्तर में एक सेमी प्रति घंटा की रफ्तार से गिरावट
विज्ञापन
prayagraj news : गंगा के जलस्तर में वृद्धि के कारण छोटा बघाड़ा क्षेत्र में घर के एक तल डूब गए है।
- फोटो : prayagraj
Trending Videos
prayagraj news : प्रयागराज में बाढ़ की विभिषिका।
- फोटो : prayagraj
बृहस्पतिवार को गंगा 86.09मीटर और यमुना 85.85 मीटर पर जाने के बाद स्थिर हो गईं। लेकिन, इसके बाद कुछ घंटों के अंतराल पर एक बार फिर उतार-चढ़ाव शुरू हो गया। सुबह छह से आठ बजे के बीच फाफामऊ और छतनाग में गंगा आधा सेमी प्रति घंटा की रफ्तार से घटने लगी, लेकिन यमुना का जलस्तर फिर बढ़ने लगा। करीब तीन घंटे तक यह क्रम चलने के बाद गंगा-यमुना दोनों घटने लगी। इससे कई जगह शहर की सड़कों की ओर बढ़ा गंगा पानी नीचे की ओर खिसकने लगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
prayagraj news : राजापुर क्षेत्र में बाढ़ का पानी घुस जाने से मकान के एक तल डूब गए है। इस दौरान पानी में फसी स्कूटर को निकालते का प्रयास करते लोग।
- फोटो : prayagraj
जलस्तर घटने से अब तक पिछले पांच दिनों से जलमग्न कछार की 40 से से अधिक कॉलोनियों और बस्तियों में राहत की उम्मीद जग गई। फिलहाल इस बाढ़ से बड़ी संख्या में लोग बेघर हो गए हैं। सिंचाई बाढ़ खंड के एक्सईएन ब्रजेश कुमार सिंह के मुताबिक यमुना में अब जल दबाव टूटने लगा है। बांधों से अभी कोई बड़ी जलराशि गंगा-यमुना में नहीं छोड़ी गई है। यही हाल रहा तो जल्द ही तेजी से बाढ़ का पानी घटने लगेगा।
रात आठ बजे गंगा-यमुना का जलस्तर
खतरे का निशान: 74. 73
गंगा:
फाफामऊ- 85.85 मीटर
छतनाग- 85.03 मीटर
यमुना
नैनी- 85.78
रात आठ बजे गंगा-यमुना का जलस्तर
खतरे का निशान: 74. 73
गंगा:
फाफामऊ- 85.85 मीटर
छतनाग- 85.03 मीटर
यमुना
नैनी- 85.78
prayagraj news : प्रयागराज में बाढ़ की विभिषिका।
- फोटो : prayagraj
डिप्टी सीएम के पुत्र योगेश ने भी की बाढ़ पीड़ितों की मदद
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के बड़े बेटे योगेश मौर्य ने एनडीआरएफ जवानों के साथ बाढ़ पीड़ित परिवारों को राहत सामग्री का वितरण किया। उन्होंने बोतल बंद पानी, ब्रेड, फल, बिस्कुट आदि का वितरण बघाड़ा, सलोरी आदि क्षेत्र में किया। इस दौरान उन्होंने लोगों को अपना नंबर भी दिया। कहा कि वह मदद के 24 घंटे तैयार हैं। बाद में योगेश द्वारा की जाने वाली मदद का सोशल मीडिया में लोगों ने वीडियो भी शेयर किया।
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के बड़े बेटे योगेश मौर्य ने एनडीआरएफ जवानों के साथ बाढ़ पीड़ित परिवारों को राहत सामग्री का वितरण किया। उन्होंने बोतल बंद पानी, ब्रेड, फल, बिस्कुट आदि का वितरण बघाड़ा, सलोरी आदि क्षेत्र में किया। इस दौरान उन्होंने लोगों को अपना नंबर भी दिया। कहा कि वह मदद के 24 घंटे तैयार हैं। बाद में योगेश द्वारा की जाने वाली मदद का सोशल मीडिया में लोगों ने वीडियो भी शेयर किया।
विज्ञापन
prayagraj news : गंगा के जलस्तर में वृद्घि के कारण धूमनगंज स्थित एसटीपी परिसर में पानी भर गया है।
- फोटो : prayagraj
प्रशासन की राहत सामग्री ऊंट के मुंह में जीरा: सपा
प्रयागराज। सपा ने बाढ़ पीड़ितों के लिए प्रशासन की ओर से किए जा रहे प्रयासाें को नाकाफी बताया है। बृहस्पतिवार को हुई बैठक में जिलाध्यक्ष योगेश चंद्र यादव ने कहा कि प्रशासन की राहत सामग्री ऊंट के मुंह में जीरा के बराबर है। जिलाध्यक्ष ने कहा कि हजारों परिवार बाढ़ में घिरे हुए हैं। प्रशासन नाव तक उपलब्ध नहीं करा पा रहा। वहीं उप मुख्यमंत्री हवाई निरीक्षण कर रहे हैं। उन्होंने बाढ़ पीड़ितों के लिए सभी आवश्यक वस्तुएं उपलब्ध कराने की मांग की। प्रवक्ता दान बहादुर मधुर ने प्रशासन पर अनदेखी का आरोप लगाया। बैठक में रामानंद भारती, नरेंद्र सिंह, रामप्रताप यादव, बेला सिंह आदि मौजूद रहे।
सपा नेताओं ने बाढ़ पीड़ितों को भोजन तथा अन्य आवश्यक वस्तुओं का वितरण भी किया। इलाहाबाद विश्वविद्यालय छात्रसंघ के पूर्व उपाध्यक्ष अदील हमजा, अंगद प्रधान, अतुल, धर्मेंद्र आदि ने फाफामऊ क्षेत्र में भोजन के पैकेट वितरित किए। पूर्व सांसद नागेंद्र सिंह पटेल, महानगर अध्यक्ष सै.इफ्तेखार हुसैन, पूर्व विधायक परवेज अहमद, डॉ.ऋचा सिंह, सै.मो.अस्करी, रवींद्र यादव, ओपी यादव, महेंद्र निषाद आदि ने सलोरी, राजापुर, करेली समेत बाढ़ में घिरे अनेक मोहल्लों में भोजन, बोतल बंद पानी, बिस्किट, फल, दूध का वितरण किया।
प्रयागराज। सपा ने बाढ़ पीड़ितों के लिए प्रशासन की ओर से किए जा रहे प्रयासाें को नाकाफी बताया है। बृहस्पतिवार को हुई बैठक में जिलाध्यक्ष योगेश चंद्र यादव ने कहा कि प्रशासन की राहत सामग्री ऊंट के मुंह में जीरा के बराबर है। जिलाध्यक्ष ने कहा कि हजारों परिवार बाढ़ में घिरे हुए हैं। प्रशासन नाव तक उपलब्ध नहीं करा पा रहा। वहीं उप मुख्यमंत्री हवाई निरीक्षण कर रहे हैं। उन्होंने बाढ़ पीड़ितों के लिए सभी आवश्यक वस्तुएं उपलब्ध कराने की मांग की। प्रवक्ता दान बहादुर मधुर ने प्रशासन पर अनदेखी का आरोप लगाया। बैठक में रामानंद भारती, नरेंद्र सिंह, रामप्रताप यादव, बेला सिंह आदि मौजूद रहे।
सपा नेताओं ने बाढ़ पीड़ितों को भोजन तथा अन्य आवश्यक वस्तुओं का वितरण भी किया। इलाहाबाद विश्वविद्यालय छात्रसंघ के पूर्व उपाध्यक्ष अदील हमजा, अंगद प्रधान, अतुल, धर्मेंद्र आदि ने फाफामऊ क्षेत्र में भोजन के पैकेट वितरित किए। पूर्व सांसद नागेंद्र सिंह पटेल, महानगर अध्यक्ष सै.इफ्तेखार हुसैन, पूर्व विधायक परवेज अहमद, डॉ.ऋचा सिंह, सै.मो.अस्करी, रवींद्र यादव, ओपी यादव, महेंद्र निषाद आदि ने सलोरी, राजापुर, करेली समेत बाढ़ में घिरे अनेक मोहल्लों में भोजन, बोतल बंद पानी, बिस्किट, फल, दूध का वितरण किया।