शहर में बुधवार को पेट्रोल-डीजल खत्म होने का हल्ला मचा और पेट्रोल पंप पर देर शाम अचानक लंबी लाइन लग गई। इस बीच कुछ पेट्रोल पंप बंद भी हो गए। लोगों को लगा कि यह ईरान-इस्राइल युद्ध कर असर है और हालात ज्यादा बिगड़ सकते हैं। देर रात तक लोग पेट्रोल-डीजल के लिए पंप के बाहर कतार में लगे रहे।
Prayagraj : शहर में पेट्रोल-डीजल खत्म होने का हल्ला, पंप पर लगी लंबी लाइन, कई पेट्रोल पंप बंद
Prayagraj Today News : शहर में बुधवार को पेट्रोल-डीजल खत्म होने का हल्ला मचा और पेट्रोल पंप पर देर शाम अचानक लंबी लाइन लग गई। इस बीच कुछ पेट्रोल पंप बंद भी हो गए। लोगों को लगा कि यह ईरान-इस्राइल युद्ध कर असर है और हालात ज्यादा बिगड़ सकते हैं। पूरी रात लोग पेट्रोल पंपों पर डंटे रहे। बृहस्पतिवार को भी दोपहर बाद तक लंबी कतार लगी रही। कई संचालकों ने पेट्रोल पंप बंद कर दिया है।
सुलेमसराय में लंबी लाइन से लगा जाम
रात 9:30 बजे के आसपास सुलेमसराय पेट्रोल पंप पर लोगों की लंबी लाइन लग गई। सिविल लाइंस, कटरा, जॉर्जटाउन में रहने वाले लोग अपने वाहनों में पेट्रोल भरवाने के लिए सुलेमसराय तक पहुंच गए। पंप के बाहर लगी लंबी लाइन सड़क तक पहुंच गई और वहां जाम लग गया। वहीं, रात 10:15 बजे के आसपास चौफटका व मुंडेरा चुंगी का पट्रोल पंप भी समय से पहले बंद हो गया।
अफवाहों से रहें दूर, पंप में ही 57 लाख लीटर पेट्रोल-डीजल
आपूर्ति विभाग ने लोगों से अपील की है कि किसी भी तरह की अफवाह से दूर रहें। पेट्रोल पंप में ही आठ से 10 दिन का स्टॉक है। इसके अलावा टैंकरों में भी पांच से छह दिन और प्लांट में दो माह का स्टाॅक है। पेट्रोल व डीजल की कोई कमी नहीं है, इसलिए हड़बड़ाने की जरूरत नहीं है।
जिला पूर्ति अधिकारी सुनील सिंह ने बताया कि प्रयागराज के पेट्रोल पंप में 57 लाख लीटर पेट्रोल व डीजल का स्टॉक है, जबकि पेट्रोल व डीजल की रोज की खपत तकरीबन आठ लाख लीटर है। ऐसे में कमी होने का सवाल ही नहीं उठता है। बुधवार को आईओसीएल के 148 पेट्रोल पंप में 10 लाख लीटर पेट्रोल व 14 लाख लीटर डीजल उपलब्ध था।
वहीं, एचपीसीएल के 114 पंप में नौ लाख लीटर पेट्रोल व 10 लाख लीटर डीजल और बीपीसीएल के 106 पंप में सात लाख लीटर पेट्रोल व सात लाख लीटर डीजल की उपलब्धता थी। केवल पेट्रोल पंप में ही आठ से 10 दिन का स्टॉक है। इसके अलावा प्लांट से तेल लेकर निकल चुके टैंकरों में भी पांच से छह दिन का स्टॉक है और प्लांट में दो माह का स्टॉक है।
सभी पेट्रोलियम कपंनियों के सेल्स अधिकारियों से बात की गई है और उन्होंने पर्याप्त स्टॉक होने की बात कही है। चार-पांच पेट्रोल पंप इसलिए बंद हो गए, क्योंकि वे समय से औपचारिकताएं पूरी नहीं कर सके। औपचारिकताएं पूरी होते ही उन्हें पेट्रोल व डीजल उपलब्ध करा दिया जाएगा। हालात पूरी तरह से सामान्य हैं और लोगों को हड़बड़ाने की जरूरत नहीं है।
लोगों से अपील है कि अफवाहों पर बिल्कुल ध्यान न दें। जिले में पेट्रोल व डीजल की पर्याप्त उपलब्धता है। कहीं भी किसी तरह की कोई कमी नहीं है। - मनीष कुमार वर्मा, जिलाधिकारी
पेट्रोल पंप पर व्यवस्था संभालती दिखी पुलिस
शहर के विभिन्न पेट्रोल पंप पर बढ़ती भीड़ और लंबी कतारों के बीच बुधवार को पुलिस ने मोर्चा संभाला। कई स्थानों पर हालात ऐसे बन गए कि लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ा। स्थिति बिगड़ती देख स्थानीय थाना पुलिस मौके पर पहुंची और लाइन व्यवस्था को सुचारु किया।
बुधवार शाम से ही सिविल लाइंस, पत्रिका चौराहा, हाईकोर्ट, सुलेमसराय, धूमनगंज, धोबीघाट समेत अन्य जगहों पर पेट्रोल के लिए वाहनों की लंबी कतार लग गई। हालात बिगड़ते देख स्थानीय थानों के पुलिसकर्मियों ने पंप पर पहुंचकर वाहनों की कतारों को व्यवस्थित ढंग से लगवाया। कई जगहों पर बैरिकेडिंग कर एक-एक कर वाहनों को आगे बढ़ाया गया। डीसीपी मनीष शांडिल्य ने बताया कि कई जगहों पर अव्यवस्था होने पर थाना पुलिस को लगाया गया था, ताकि लोगों को किसी तरह की दिक्कत न हो।
कई पेट्रोल पंप हुए बंद
ईंधन का स्टाक खत्म होने के बाद सिविल लाइंस, मुंडेरा, झूंसी और नैनी में कई पेट्रोल पंप को बंद कर दिया गया। एकाएक पेट्रोल-डीजल की बिक्री से पूरा टैंक खाली हो गया। लोगों की बढ़ती भीड़ और विवाद की स्थिति उत्पन्न होने के कारण संचालक पंप बंद करके चले गए हैं।