UP: ऑनलाइन गेम ने बनाया कर्जदार फिर ठग, किराए पर ट्रैक्टर लेकर बेच देते थे; किसानों को ठगने वाले दो अरेस्ट
Azamgarh News: जिले के महराजगंज थाना क्षेत्र में पुलिस ने किसानों से ट्रैक्टर ट्रॉलियां किराये पर लेकर बेचने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया। दो आरोपियों को गिरफ्तार कर तीन ट्रॉलियां बरामद की गईं। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि ऑनलाइन गेम के कर्ज के कारण वे किसानों से ₹15 हजार प्रतिमाह किराये पर ट्रॉली लेकर घरेलू मजबूरी का बहाना बनाकर बेच देते थे।
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UP Crime: ऑनलाइन गेम खेलने के दौरान हुए भारी कर्ज को चुकाने के लिए किसानों की ट्रैक्टर ट्रॉलियां किराये पर लेकर बेचने वाले गिरोह का महराजगंज थाना पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनकी निशानदेही पर बेची गई तीन ट्रैक्टर ट्रॉलियां भी बरामद कर ली हैं। मामले में फरार अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है।
पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) चिराग जैन एवं क्षेत्राधिकारी सगड़ी के पर्यवेक्षण में यह कार्रवाई की गई। एसपी ग्रामीण चिराग जैन ने बताया कि नौबरार देवारा जदीद किता प्रथम गांव के चार किसानों ने शिकायत दर्ज कराई थी कि सुनील यादव ने उनकी ट्रैक्टर ट्रॉलियां किराये पर लीं, लेकिन तय समय पर वापस नहीं कीं। बाद में पता चला कि उसने अपने साथियों उपेंद्र यादव, अंकुल यादव और गोलू उर्फ संगम मौर्य के साथ मिलकर ट्रॉलियां बेच दीं। विरोध करने पर आरोपियों ने किसानों को जान से मारने की धमकी भी दी।
पीड़ित किसानों की तहरीर पर महराजगंज थाने में चार अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए गए। विवेचना के दौरान पुलिस ने गोवर्धन ढाला के पास से सुनील यादव और उपेंद्र यादव को गिरफ्तार कर लिया। दोनों की निशानदेही पर थाना रौनापार क्षेत्र के नैनीजोर और प्रतापपुर गांव से बेची गई तीन ट्रैक्टर ट्रॉलियां बरामद कर ली गईं।
पूछताछ में आरोपियों ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन एविटर गेम खेलने के कारण उन पर भारी कर्ज हो गया था। कर्ज उतारने के लिए वे किसानों से 15 हजार रुपये प्रतिमाह किराये पर ट्रैक्टर ट्रॉली लेते थे। इसके बाद घरेलू परेशानियों का बहाना बनाकर ट्रॉली को दूसरे लोगों के हाथ बेच देते और बिक्री से मिले पैसों से अपना कर्ज चुकाते थे।
पुलिस ने गिरफ्तार दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। वहीं, गिरोह के फरार सदस्यों अंकुल यादव और गोलू उर्फ संगम मौर्य की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े अन्य तथ्यों की भी गहनता से जांच की जा रही है।