{"_id":"5ba914cc867a557ec232d9f1","slug":"samajwadi-secular-morcha-is-in-active-mode-in-purvanchal-trouble-for-samajwadi-party","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"पूर्वांचल में समाजवादी पार्टी दो फाड़, सेक्यूलर मोर्चा सक्रिय, राजनीतिक गलियारे में चर्चा तेज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पूर्वांचल में समाजवादी पार्टी दो फाड़, सेक्यूलर मोर्चा सक्रिय, राजनीतिक गलियारे में चर्चा तेज
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,वाराणसी
Updated Tue, 25 Sep 2018 12:14 PM IST
विज्ञापन
अखिलेश यादव व शिवपाल यादव।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पूर्व कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव का समाजवादी सेक्यूलर मोर्चा वाराणसी सहित पूर्वांचल में सक्रिय होने लगा है। इससे पूर्वांचल में सपा दो फाड़ हो गई है। लखनऊ के देवेंद्र सिंह को वाराणसी का जिला प्रभारी नियुक्त कर संगठन विस्तार के साफ संकेत दिए गए हैं। उधर, पूर्व दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री रीबू श्रीवास्तव ने सपा छोड़ने की घोषणा की है। साथ ही कई नेताओं के संपर्क में होने का दावा भी किया है। आगे की स्लाइड्स में देखें....
शिवपास और मुलायम सिंह
ऐसे हालात में सपा अपने कुनबे को बिखरने से बचाने में जुट गई है। पिछले दिनों सेक्यूलर मोर्चा के संयोजक शिवपाल सिंह यादव वाराणसी आए थे और अपने समर्थकों से मुलाकात कर सेक्यूलर मोर्चा की संभावनाओं पर चर्चा की थी। सोमवार को प्रदेश के कई जिलों सहित वाराणसी के प्रभारी घोषणा के बाद सेक्यूलर मोर्चा के समर्थक सक्रिय हो गए हैं।
शिवपाल और रामगोपाल यादव
- फोटो : अमर उजाला
राजनीतिक गलियारे में चर्चा है कि पूर्वांचल के कई कद्दावर नेता और अखिलेश सरकार के मंत्री भी पूर्व कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव के संपर्क में हैं। सेक्यूलर मोर्चा के सक्रिय होने से सपा में बिखराव तय है। ऐसे में सपा भी अपने लोगों को साथ रखने की पूरी कोशिश में जुटी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
रीबू श्रीवास्तव
- फोटो : अमर उजाला
पिछले विधानसभा चुनाव में कैंट सीट से सपा ने रीबू श्रीवास्तवका नाम रखा था, लेकिन कांग्रेस से गठजोड़ के बाद उनके जगह से कांग्रेस प्रत्याशी अनिल श्रीवास्तव को प्रत्याशी घोथि किया गया। उस वक्त रीबू ने अपना विरोध भी दर्ज कराया था। इस बात की चर्चा राजनितिक गलियारे में बहुत दिन तक चली थी।
विज्ञापन
रीबू श्रीवास्तव
- फोटो : अमर उजाला
बाद में विधान सभा चुनाव में समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के गठबंधन की करारी हर हुई थी, जिसको लेकर समाजवादी पार्टी दो धड़ों में बंट गई। इसमे पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और शिवपाल यादव के समर्थको के बीच खुल्लमखुल्ला जुबानी जंग चलने लगी।